नए परमिट की निजी बस की इंट्री से भड़के रोडवेजकर्मी, दो घंटे तक किया चक्का जाम

Rohtak Bureau Updated Sun, 04 Jun 2017 07:23 PM IST
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अमर उजाला ब्यूरो
फतेहाबाद।
रविवार की सुबह नरवाना से आई एक निजी बस द्वारा नए परमिट के तहत बस अड्डे में इंट्री करना और सवारियां बिठाने पर रोडवेज कर्मचारी भड़क गए। उन्होंने रोडवेज बसों के चक्के जाम कर दिए और बस स्टैंड के गेट पर धरना शुरू कर दिया। लगभग दो घंटे तक रोडवेज के चक्के जाम रहे। इस दौरान रोडवेज कर्मचारियों ने सरकार और रोडवेज विभाग के खिलाफ नारेबाजी भी शुरू कर दी। अचानक बसों के चक्का जाम होने से यात्रियों को खासी परेशानी का सामना करना पड़ा। बाद में सिरसा जीएम रामकुमार ने फतेहाबाद पहुंचकर हड़ताली कर्मचारियों से बात की और उन्हें भरोसा दिलाया कि सोमवार को इन निजी बसों के कागजात जांचे जाएंगे। इसके बाद ही रोडवेज कर्मचारियों का गुस्सा शांत हुआ और उन्होंने हड़ताल खत्म की।
इस दौरान सुरक्षा के मद्देनजर सिटी एसएचओ सोमबीर ढाका सारा समय बस अड्डा परिसर में ही रुके रहे। वे रोडवेज कर्मचारियों की जीएम के साथ हुई बैठक में भी मौजूद रहे। धरनारत कर्मचारियों ने किसी भी निजी बस को अड्डे के अंदर आने से नहीं रोका। दरअसल निजी बस चालकों का दावा था कि उनके पास हाईकोर्ट के आदेश हैं जिसमें कहा गया है कि वे नए परमिट के तहत बसें चला सकते हैं।

भयंकर गर्मी में यात्री हुए परेशान, महिलाओं और बच्चों को पेश आई दिक्कतें
रविवार को वैसे भी गर्मी ने अपने पिछले सारे रिकॉर्ड तोड़ रखे थे, उस पर रोडवेज कर्मचारियों की हड़ताल ने आग में घी का काम किया। एकाएक हुई हड़ताल से बस स्टैंड परिसर और बाहर खड़े यात्रियों के लिए सामने भयंकर परेशानी खड़ी हो गई जिसके चलते यात्री कई बार रोडवेज कर्मचारियों को भी कोसते दिखे। सबसे ज्यादा दिक्कतों का सामना महिलाओं और उनके साथ छोटे बच्चों को करना पड़ा। कई बार ऐसा हुआ कि महिलाएं भीषण गर्मी के चलते अपने बच्चों को लेकर एक बस से दूसरी बस की ओर दौड़ती दिखी। दोपहर 12 बजे के करीब हड़ताल खत्म होने से यात्रियों ने राहत की सांस ली।

निजी बस चालकों ने दो घंटे में बटोरी चांदी
अचानक रोडवेज कर्मचारियों द्वारा हड़ताल की घोषणा से आसपास खड़े निजी बस संचालकों की बांछें खिल उठी और उन्होंने धड़ाधड़ सवारियां उठानी शुरू कर दी। सबसे प्रभावित रूट दिल्ली-हिसार और सिरसा रूट रहा। इन रूटों पर अधिकतर सरकारी बसें चलती हैं लेकिन रविवार को हड़ताल होने के चलते लगभग ढाई तीन घंटे तक एक भी बस बस अड्डे से बाहर नहीं निकली। जिसके चलते हिसार-दिल्ली और फतेहाबाद-सिरसा रूट पर भी प्राइवेट बसें ही चली।

अब सोमवार को फिर चक्का जाम की आशंका
रोडवेज यूनियनों द्वारा पहले से ही सोमवार को एक दिन के लिए चक्का जाम करने का ऐलान किया हुआ है। दरअसल चंडीगढ़ में रोडवेज यूनियन प्रतिनिधियों की सरकार के साथ बातचीत तय है। अगर ये बातचीत सिरे चढ़ी तो सोमवार को होने वाली हडताल नहीं होगी लेकिन अगर बात सिरे नहीं चढ़ी तो रविवार रात 12 बजे से ही रोडवेज बसों के चक्के रूक जाएंगे। ऐसे में अगर सोमवार को भी चक्का जाम होता है तो सवारियों को परेशानी आनी तय है।

रोडवेज कर्मचारियों को कहा गया है कि मैं खुद सोमवार को निजी बसों के कागजात जांचूंगा ताकि पता चले कि उनके पास आखिर कौन सा परमिट है। बिना जांचे कै से कह सकते हैं कि उनके पास परमिट हैं। कर्मचारी इस बात से संतुष्ट थे और उन्होंने हड़ताल समाप्त कर दी थी।’
रामकुमार, रोडवेज जीएम ।

नए परमिट की निजी बस की इंट्री से भड़के रोडवेजकर्मी, दो घंटे तक जाम
यात्रियों को हुई परेशानी, हड़ताल खुलवाने के लिए सिरसा से पहुंचे रोडवेज जीएम
जीएम ने दिया निजी बसों के कागजात जांचने के आश्वासन पर शांत हुए रोडवेजकर्मी



04एफटीबीपी24 : रोडवेज कर्मचारियों की हड़ताल के चलते बस अड्डे परिसर के अंदर सिर पर सामान लेकर जाती एक बच्ची ।
04एफटीबीपी25 : अड्डा परिसर में गेट पर धरना देते रोडवेज कर्मचारी और उन्हें संबोधित करते सूरजभान चोपड़ा।
04एफटीबीपी26 : हड़ताल के चलते निजी बसों में जाते यात्री ।
04एफटीबीपी27 : रोडवेज नेताओं के साथ बैठक करते जीएम रामकुमार व सिटी एसएचओ सोमबीर ढाका ।

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