{"_id":"139-38244","slug":"Faridabad-38244-139","type":"story","status":"publish","title_hn":"आईएमटी किसान आंदोलन:किसान आंदोलन से हिली सरकार","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
आईएमटी किसान आंदोलन:किसान आंदोलन से हिली सरकार
Faridabad
Updated Thu, 11 Jul 2013 05:30 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
फरीदाबाद। आईएमटी में जमीन देने वाले किसानों को अब पुनर्वास नीति के तहत घर बनाने के लिए पहले से सस्ती जमीन मिलेगी। पांच जून से चल रहे किसानों के धरना-प्रदर्शन को देखते हुए सरकार ने 2010 की नीति से मकान के लिए जमीन देने का फैसला किया है। इसके लिखित आदेश जिला प्रशासन के पास आ चुके हैं। एक-दो दिन में आदेश की प्रति किसानों को देकर उनसे प्रशासन धरना खत्म करने की अपील करेगा। जिला उपायुक्त बलराज सिंह मोर ने इस बात की पुष्टि की है। दूसरी ओर किसान संघर्ष समिति के अनुसार उनको अभी तक इस तरह की कोई लिखित सूचना नहीं मिली है। अब तक राज्य सरकार किसानों को 12200 रुपये प्रति वर्ग गज की दर से जमीन देने की बात कह रही थी, जबकि इस फैसले के बाद से उन्हें 5950 रुपये प्रति वर्ग गज की दर से ही प्लॉट मिलने की संभावना है। इससे पहले किसानों ने यूपी के किसानों के साथ बड़ा आंदोलन खड़ा करने की घोषणा कर रखी थी, जिसमें आईएमटी की जमीन पर फिर से कब्जा करना मुख्य तौर पर शामिल था। किसान संघर्ष समिति के अध्यक्ष राम निवास नागर का कहना है कि यदि सरकार इस मांग को मान गई है तो संघर्ष समिति आंदोलन खत्म करने पर विचार करेगी। वरना उन्होंने लगातार आंदोलन किए जाने की चेतावनी दी है।
विज्ञापन