फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Delhi NCR ›   Faridabad News ›   कागजों तक सिमटी कूड़ा निस्तारण योजना

कागजों तक सिमटी कूड़ा निस्तारण योजना

Mon, 05 Nov 2012 12:00 PM IST
Faridabad
Faridabad Updated Mon, 05 Nov 2012 12:00 PM IST
विज्ञापन
फरीदाबाद। नगर निगम हर माह साफ-सफाई के नाम पर लगभग डेढ़ करोड़ रुपये खर्च करता है। घर से कूड़ा उठवाने का दावा करता है, लेकिन यह सब कागजों तक ही सीमित है। जिससे इसकी कूड़ा निस्तारण योजना पर सवालिया निशान लग रहे हैं।
विज्ञापन

हम आपको किसी कॉलोनी नहीं बल्कि सेक्टर का नजारा दिखा रहे हैं। एक तो सफाई कर्मचारी कई-कई दिन कूड़ा उठाने आते नहीं। यदि आते हैं तो सेक्टर से उठाकर उसके बाहर खाली जगह पर डाल देते हैं। ऐसे में गंदगी से किसी को निजात नहीं मिलती। यकीन करने के लिए सेक्टर-आठ सीही पुल से लेकर सेक्टर-9 बड़ौली पुल तक बाइपास रोड पर एकत्र कूड़े को निगम अधिकारी देख सकते हैं।
विज्ञापन

महिला मंडल स्कूल ब्लॉक सेक्टर-आठ एवं ग्रिवेंश कमेटी के सदस्य तिलक राज शर्मा इस मामले को नगर निगम अधिकारियों एवं जन प्रतिनिधियों के सामने कई बार उठा चुके हैं लेकिन जिम्मेदार लोग एक कान से सुनकर दूसरे से निकाल देते हैं। शर्मा ने मेयर अशोक अरोड़ा को पत्र लिखकर बताया है कि कर्मचारी घरों एवं सड़कों का कूड़ा बाइपास पर डाल देते हैं, जिससे सेक्टर में बीमारियों का खतरा पैदा हो गया है।
विज्ञापन
विज्ञापन

नगर निगम इन लोगों को हिदायत दे कि कर्मचारी कूड़ा कचरा आबादी से दूर फेंकें। इसकी प्रति निगमायुक्त डी. सुरेश को भी भेजी गई है। महिला मंडल स्कूल ब्लॉक की प्रधान विद्यारानी खरबंदा का कहना है कि कूड़ा उठाने वाले कर्मचारी तीन-तीन दिन पर आते हैं। जिससे घरों में कूड़ा सड़ता रहता है। नगर निगम के स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. बृजेश खारी ने कहा कि रोजाना लगभग तीन सौ टन कूड़ा हम बंधवाड़ी भिजवा रहे हैं फिर यहां कैसे कूड़ा रह सकता है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed