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Charkhi Dadri News: शहर की बाहरी कॉलोनियों में भूमिगत जलस्तर ऊपर आने से सीवर व्यवस्था ठप
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दादरी के वार्ड-19 की गली में भरा पानी। संवाद
चरखी दादरी। शहर की बाहरी कॉलोनियों में भूमिगत जलस्तर ऊपर आने से सीवर व्यवस्था गंभीर प्रभावित हो रही है। कई गलियों में पानी भर जाने से लोगों को आवागमन में कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है।
शहर के मुख्य सीवरेज ट्रीटमेंट प्लांट का भंडारण टैंक भी पानी से लबालब भरा हुआ है। अधिकारी और कर्मचारी 24 घंटे प्लांट की सतर्क निगरानी कर रहे हैं, ताकि पानी का उठान बाधित न हो। शहर के विभिन्न इलाकों में सीवर मैनहोल भी ऊपर तक भर चुके हैं। बाहरी कॉलोनियों में जलस्तर बढ़ने के कारण सीवर लाइनें सही ढंग से काम नहीं कर पा रही हैं, जिससे मैनहोल बैक कर रहे हैं।
जनस्वास्थ्य विभाग का विशेष ध्यान सदर पुलिस थाना के पीछे स्थित डूंगरवाला जोहड़ पर है, जो बारिश के पानी के भंडारण के लिए बनाया गया है। जोहड़ को जैसे-तैसे खाली किया जा रहा है, क्योंकि यदि यह भर गया तो पूरे बाजार के जलमग्न होने का खतरा है, जो अधिकारियों के लिए बड़ी चिंता का विषय बना हुआ है।
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तीन मोटरें चलाकर हो रहा पानी उठान
इस समय डूंगरवाला जोहड़ 45 प्रतिशत खाली है। तीन मोटरों के जरिये लगातार पानी का उठान किया जा रहा है। जोहड़ से उठान कर पाइप लाइन के जरिये पहले समसपुर के समीप स्थित सीवरेज ट्रीटमेंट प्लांट तक पहुंचाया जाता है और उसके बाद यह पानी ड्रेन-8 में डाला जाता है।
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अब तक हो चुकी 495 एमएम बारिश
इस मानसून सीजन में अब तक जिले के अंदर करीब 495 एमएम बारिश हो चुकी है। विशेषज्ञों की मानें तो बारिश का आंकड़ा सही है। वहीं, लगातार बारिश होने पर जोहड़ भर जाने पर सीवर लाइनें बैक मार जाती हैं जिससे पानी बाजारों में भर जाता है।
इन कॉलोनियों में बनी समस्या
स समय शहर की कई कॉलोनियों से पानी की निकासी नहीं हो रही है। दिल्ली रोड ओवरब्रिज के आसपास, ढाणी रोड, प्रेमनगर कॉलोनी, एमसी कॉलोनी के बाहरी क्षेत्र में सीवर लाइनें बैक मार रही हैं। गलियों में पानी भरा हुआ है और स्थानीय लोग व राहगीर परेशान हैं।
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डूंगरवाला जोहड़ पर पांच मोटरें पानी के उठान के लिए लगा रखी हैं और इनमें तीन लगातार चलाई जाती हैं। जोहड़ का पानी खाली किया जा रहा है। पानी का उठान कर सीवर प्लांट तक पहुंचा दिया गया है। - मुकेश कुमार, एसडीओ, जनस्वास्थ्य विभाग।
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शहर के मुख्य सीवरेज ट्रीटमेंट प्लांट का भंडारण टैंक भी पानी से लबालब भरा हुआ है। अधिकारी और कर्मचारी 24 घंटे प्लांट की सतर्क निगरानी कर रहे हैं, ताकि पानी का उठान बाधित न हो। शहर के विभिन्न इलाकों में सीवर मैनहोल भी ऊपर तक भर चुके हैं। बाहरी कॉलोनियों में जलस्तर बढ़ने के कारण सीवर लाइनें सही ढंग से काम नहीं कर पा रही हैं, जिससे मैनहोल बैक कर रहे हैं।
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जनस्वास्थ्य विभाग का विशेष ध्यान सदर पुलिस थाना के पीछे स्थित डूंगरवाला जोहड़ पर है, जो बारिश के पानी के भंडारण के लिए बनाया गया है। जोहड़ को जैसे-तैसे खाली किया जा रहा है, क्योंकि यदि यह भर गया तो पूरे बाजार के जलमग्न होने का खतरा है, जो अधिकारियों के लिए बड़ी चिंता का विषय बना हुआ है।
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तीन मोटरें चलाकर हो रहा पानी उठान
इस समय डूंगरवाला जोहड़ 45 प्रतिशत खाली है। तीन मोटरों के जरिये लगातार पानी का उठान किया जा रहा है। जोहड़ से उठान कर पाइप लाइन के जरिये पहले समसपुर के समीप स्थित सीवरेज ट्रीटमेंट प्लांट तक पहुंचाया जाता है और उसके बाद यह पानी ड्रेन-8 में डाला जाता है।
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अब तक हो चुकी 495 एमएम बारिश
इस मानसून सीजन में अब तक जिले के अंदर करीब 495 एमएम बारिश हो चुकी है। विशेषज्ञों की मानें तो बारिश का आंकड़ा सही है। वहीं, लगातार बारिश होने पर जोहड़ भर जाने पर सीवर लाइनें बैक मार जाती हैं जिससे पानी बाजारों में भर जाता है।
इन कॉलोनियों में बनी समस्या
स समय शहर की कई कॉलोनियों से पानी की निकासी नहीं हो रही है। दिल्ली रोड ओवरब्रिज के आसपास, ढाणी रोड, प्रेमनगर कॉलोनी, एमसी कॉलोनी के बाहरी क्षेत्र में सीवर लाइनें बैक मार रही हैं। गलियों में पानी भरा हुआ है और स्थानीय लोग व राहगीर परेशान हैं।
डूंगरवाला जोहड़ पर पांच मोटरें पानी के उठान के लिए लगा रखी हैं और इनमें तीन लगातार चलाई जाती हैं। जोहड़ का पानी खाली किया जा रहा है। पानी का उठान कर सीवर प्लांट तक पहुंचा दिया गया है। - मुकेश कुमार, एसडीओ, जनस्वास्थ्य विभाग।