{"_id":"69d15b98b3fe82182d0973f4","slug":"the-procurement-process-was-disrupted-due-to-power-outage-in-the-new-grain-market-throughout-the-day-charkhi-dadri-news-c-126-1-cdr1009-153527-2026-04-05","type":"story","status":"publish","title_hn":"Charkhi Dadri News: नई अनाज मंडी में दिनभर बिजली आपूर्ति ठप रहने से बाधित हुई खरीद प्रक्रिया","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Charkhi Dadri News: नई अनाज मंडी में दिनभर बिजली आपूर्ति ठप रहने से बाधित हुई खरीद प्रक्रिया
Sun, 05 Apr 2026 12:12 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, चरखी दादरी
संवाद न्यूज एजेंसी, चरखी दादरी
Updated Sun, 05 Apr 2026 12:12 AM IST
विज्ञापन
रात को बायोमेट्रिक प्रक्रिया करवाने के लिए खड़े किसान।
चरखी दादरी। दादरी की नई अनाज मंडी में शनिवार को पूरे दिन बिजली गुल रहने के कारण फसल खरीद प्रक्रिया बुरी तरह प्रभावित हुई। दिनभर बिजली न होने के कारण किसानों व कर्मचारियों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ा। सुबह से ही बिजली आपूर्ति ठप रहने के कारण दोपहर को पावर बैकअप व्यवस्था भी जवाब दे गई और उसके बाद मंडी में व्यवस्थाएं चरमरा गईं। इस कारण किसानों को अपनी फसल बेचने के लिए काफी लंबा इंतजार करना पड़ा।
जानकारी के अनुसार सुबह बिजली आपूर्ति ठप होने के बाद दोपहर तक मंडी में पाॅवर बैकअप सिस्टम किसी तरह व्यवस्था को संभालता रहा लेकिन इसके बाद बैकअप भी जवाब दे गया। ऐसे में कर्मचारियों को मजबूरी में मोबाइल फोन के माध्यम से गेट पास जारी करने पड़े। हालांकि, बायोमेट्रिक सिस्टम पूरी तरह ठप हो गया, इस कारण किसानों की फसल की एंट्री और खरीद प्रक्रिया बाधित रही।
भूखे-प्यासे मंडी में डटे किसान
बायोमेट्रिक सिस्टम के बंद होने से किसानों को अपनी बारी आने के बावजूद इंतजार करना पड़ा। बायोमेट्रिक हाजिरी लगाए बिना ट्रैक्टरों को बाहर नहीं जाने दिया गया। कई किसान सुबह से ही मंडी में अपनी उपज लेकर पहुंचे थे लेकिन बिजली संकट के कारण उन्हें देर रात तक वहीं रुकना पड़ा। हालात ऐसे रहे कि कई किसान भूखे-प्यासे मंडी में बैठे रहे और बिजली आने का इंतजार करते नजर आए।
विज्ञापन
बायोमेट्रिक न होने से मंडी में फंसे ट्रैक्टर
शाम तक भी स्थिति सामान्य नहीं हो सकी। कर्मचारियों की ओर से अस्थायी रूप से मोबाइल से गेट पास काटकर काम चलाया गया, लेकिन बायोमेट्रिक सत्यापन के बिना खरीद प्रक्रिया पूरी तरह आगे नहीं बढ़ पाई। इससे मंडी में अव्यवस्था का माहौल बना रहा।
रात आठ बजे बहाल हुई बिजली आपूर्ति
बताया जा रहा है कि बिजली आपूर्ति लाइनों की मरम्मत के चलते अनाज मंडी क्षेत्र में बत्ती गुल रही। रात करीब 8 बजे बिजली आपूर्ति बहाल हो सकी। इसके बाद बायोमेट्रिक सिस्टम दोबारा शुरू हुआ और खरीद प्रक्रिया को गति मिली। हालांकि, देरी के चलते खरीद कार्य देर रात तक जारी रहा।
मंडी में डटे सचिव ने करवाई खरीद
इस दौरान मार्केट कमेटी सचिव विजय कुमार भी मंडी में डटे रहे और देर रात तक किसानों के बीच रहकर खरीद प्रक्रिया को सुचारु रूप से पूरा करवाने में जुटे रहे। उन्होंने कर्मचारियों को आवश्यक निर्देश दिए और किसानों की समस्याओं को भी सुना।
170 किसान सरसों की फसल लेकर पहुंचे
चरखी दादरी की नई अनाज मंडी में शनिवार को 170 किसान सरसों की फसल लेकर पहुंचे और उनसे 4525 क्विंटल की आवक हुई और झोझूकलां में 3 किसान 92 क्विंटल सरसों लेकर आए। वहीं गेहूं की खरीद के लिए 279 किसान 12385 क्विंटल गेहूं लेकर पहुंचे। इसमें बाढड़ा की मंडी में 61 किसान 2482 क्विंटल, झोझूकलां में 17 किसान 707 क्विंटल, बौंद कला में 45 किसान 1759 क्विंटल, छपार में 34 किसान 1547 और दादरी के नई अनाज मंडी में 122 किसान 5890 क्विंटल गेहूं लेकर सरकारी खरीद के लिए मंडी में पहुंचे।
मंडी में सुबह से ही बिजली आपूर्ति बाधित रही, इस कारण दोपहर को पाॅवर बैकअप खत्म हो गया था। रात को आठ बजे बिजली आपूर्ति बहाल हुई, जिसके बाद खरीद प्रक्रिया को सुचारु किया गया है।
- विजय कुमार, सचिव, मार्केट कमेटी, दादरी।
गांव घसौला से लेकर एक किलोमीटर की दूरी में चार फीडर हैं। जहां पर लाइनों की मरम्मत की गई थी। इस कारण बिजली आपूर्ति बाधित हुई थी।
- गौरव कुमार, एसडीओ, बिजली निगम, दादरी।
विज्ञापन
जानकारी के अनुसार सुबह बिजली आपूर्ति ठप होने के बाद दोपहर तक मंडी में पाॅवर बैकअप सिस्टम किसी तरह व्यवस्था को संभालता रहा लेकिन इसके बाद बैकअप भी जवाब दे गया। ऐसे में कर्मचारियों को मजबूरी में मोबाइल फोन के माध्यम से गेट पास जारी करने पड़े। हालांकि, बायोमेट्रिक सिस्टम पूरी तरह ठप हो गया, इस कारण किसानों की फसल की एंट्री और खरीद प्रक्रिया बाधित रही।
विज्ञापन
भूखे-प्यासे मंडी में डटे किसान
बायोमेट्रिक सिस्टम के बंद होने से किसानों को अपनी बारी आने के बावजूद इंतजार करना पड़ा। बायोमेट्रिक हाजिरी लगाए बिना ट्रैक्टरों को बाहर नहीं जाने दिया गया। कई किसान सुबह से ही मंडी में अपनी उपज लेकर पहुंचे थे लेकिन बिजली संकट के कारण उन्हें देर रात तक वहीं रुकना पड़ा। हालात ऐसे रहे कि कई किसान भूखे-प्यासे मंडी में बैठे रहे और बिजली आने का इंतजार करते नजर आए।
विज्ञापन
बायोमेट्रिक न होने से मंडी में फंसे ट्रैक्टर
शाम तक भी स्थिति सामान्य नहीं हो सकी। कर्मचारियों की ओर से अस्थायी रूप से मोबाइल से गेट पास काटकर काम चलाया गया, लेकिन बायोमेट्रिक सत्यापन के बिना खरीद प्रक्रिया पूरी तरह आगे नहीं बढ़ पाई। इससे मंडी में अव्यवस्था का माहौल बना रहा।
रात आठ बजे बहाल हुई बिजली आपूर्ति
बताया जा रहा है कि बिजली आपूर्ति लाइनों की मरम्मत के चलते अनाज मंडी क्षेत्र में बत्ती गुल रही। रात करीब 8 बजे बिजली आपूर्ति बहाल हो सकी। इसके बाद बायोमेट्रिक सिस्टम दोबारा शुरू हुआ और खरीद प्रक्रिया को गति मिली। हालांकि, देरी के चलते खरीद कार्य देर रात तक जारी रहा।
मंडी में डटे सचिव ने करवाई खरीद
इस दौरान मार्केट कमेटी सचिव विजय कुमार भी मंडी में डटे रहे और देर रात तक किसानों के बीच रहकर खरीद प्रक्रिया को सुचारु रूप से पूरा करवाने में जुटे रहे। उन्होंने कर्मचारियों को आवश्यक निर्देश दिए और किसानों की समस्याओं को भी सुना।
170 किसान सरसों की फसल लेकर पहुंचे
चरखी दादरी की नई अनाज मंडी में शनिवार को 170 किसान सरसों की फसल लेकर पहुंचे और उनसे 4525 क्विंटल की आवक हुई और झोझूकलां में 3 किसान 92 क्विंटल सरसों लेकर आए। वहीं गेहूं की खरीद के लिए 279 किसान 12385 क्विंटल गेहूं लेकर पहुंचे। इसमें बाढड़ा की मंडी में 61 किसान 2482 क्विंटल, झोझूकलां में 17 किसान 707 क्विंटल, बौंद कला में 45 किसान 1759 क्विंटल, छपार में 34 किसान 1547 और दादरी के नई अनाज मंडी में 122 किसान 5890 क्विंटल गेहूं लेकर सरकारी खरीद के लिए मंडी में पहुंचे।
मंडी में सुबह से ही बिजली आपूर्ति बाधित रही, इस कारण दोपहर को पाॅवर बैकअप खत्म हो गया था। रात को आठ बजे बिजली आपूर्ति बहाल हुई, जिसके बाद खरीद प्रक्रिया को सुचारु किया गया है।
- विजय कुमार, सचिव, मार्केट कमेटी, दादरी।
गांव घसौला से लेकर एक किलोमीटर की दूरी में चार फीडर हैं। जहां पर लाइनों की मरम्मत की गई थी। इस कारण बिजली आपूर्ति बाधित हुई थी।
- गौरव कुमार, एसडीओ, बिजली निगम, दादरी।