{"_id":"675f2e7e6be349b5aa002504","slug":"teachers-reached-varansi-charkhi-dadri-news-c-126-1-cdr1001-128039-2024-12-16","type":"story","status":"publish","title_hn":"Charkhi Dadri News: एफएलएन कार्यप्रणाली जानने के लिए वाराणसी पहुंचा शिक्षकों का दल","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Charkhi Dadri News: एफएलएन कार्यप्रणाली जानने के लिए वाराणसी पहुंचा शिक्षकों का दल
Mon, 16 Dec 2024 01:01 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, चरखी दादरी
संवाद न्यूज एजेंसी, चरखी दादरी
Updated Mon, 16 Dec 2024 01:01 AM IST
विज्ञापन
शैक्षणिक भ्रमण के तहत वाराणसी पहुंचा दादरी जिले के शिक्षकों का दल। स्रोत: शिक्षा विभाग
शिक्षा:
- भ्रमण के तहत उत्तर प्रदेश के विभिन्न राजकीय स्कूलों में पहुंचे दादरी जिले के शिक्षक, शिक्षण तकनीकों का किया अवलोकन
संवाद न्यूज एजेंसी
चरखी दादरी। निपुण हरियाणा के क्षेत्र में नई तकनीकों और नवाचारों को समझने के उद्देश्य से हरियाणा स्कूल शिक्षा परियोजना की ओर से शिक्षकों को शैक्षणिक भ्रमण कराया गया। इसके तहत वाराणसी पहुंचे जिले के शिक्षकों ने एफएलएन की कार्यप्रणाली को नजदीक से जाना।
एफएलएन के जिला समन्वयक संदीप कुमार ने बताया कि आयोजन में 4 जेबीटी और मेंटर्स ने भाग लिया। भ्रमण का मुख्य उद्देश्य राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 के तहत प्राथमिक स्तर पर बच्चों में बुनियादी साक्षरता और संख्या ज्ञान (एफएलएन) को मजबूत करने की दिशा में किए जा रहे प्रयासों को समझना रहा।
एफएलएन कार्यक्रम का उद्देश्य तीसरी कक्षा तक के बच्चों को पढ़ने, लिखने और बुनियादी गणित की समझ विकसित करना है। इस समय प्राथमिक शिक्षा का एक महत्वपूर्ण पहलू है।
विज्ञापन
इस शैक्षिक यात्रा में चरखी दादरी के एफएलएन जिला समन्वयक संदीप कुमार, जिला उल्लास समन्वयक हरपाल आर्य, सुदेश कुमारी जेबीटीऔर एबीआरसी पवन कुमार शामिल हुए।
इन सभी ने वाराणसी के विभिन्न सरकारी विद्यालयों में जाकर एफएलएन की कार्यप्रणाली और शिक्षण तकनीकों का गहन अवलोकन किया। वाराणसी के स्कूलों में अध्यापकों ने एफएलएन के तहत अपनाई जा रही शिक्षण पद्धतियों को देखा। टीम की ओर से वहां के शिक्षकों से बातचीत कर यह समझा कि एफएलएन को प्रभावी ढंग से लागू करने के लिए स्थानीय संसाधनों का उपयोग कैसे किया जाता है और बच्चों की शैक्षिक जरूरतों को ध्यान में रखते हुए शिक्षण प्रक्रिया में क्या सुधार किए जा सकते हैं।
- दादरी के स्कूलों के लिए बनाई जाएगी योजना
शैक्षिक भ्रमण के अनुभवों को दादरी के स्कूलों में लागू करने की योजना बनाई जा रही है। जिला समन्वयक संदीप कुमार ने कहा, यह भ्रमण हमारे लिए अत्यंत उपयोगी रहा। हमने वाराणसी के शिक्षकों से एफएलएन के प्रभावी एवं नए पहलू सीखे हैं। इन अनुभवों को अपने जिले के स्कूलों में अपनाकर बच्चों की शैक्षिक गुणवत्ता में सुधार करेंगे।
जिला उल्लास समन्वयक हरपाल आर्य ने बताया कि एफएलएन के तहत प्राप्त अनुभवों को जिला स्तर पर प्रशिक्षण कार्यक्रमों के माध्यम से अन्य अध्यापकों के साथ साझा किया जाएगा।
- शिक्षा विभाग की सराहनीय पहल : डीईईओ
जिला मौलिक शिक्षा अधिकारी नवीन नारा ने बताया कि हरियाणा शिक्षा विभाग की यह बहुत सराहनीय पहल है। इस प्रकार के शैक्षणिक भ्रमण से जहां शिक्षकों को प्रदेश से बाहर दूसरे प्रदेशों की शिक्षा प्रणाली और शिक्षण प्रणाली को नजदीक से अवसर मिला है तो वहीं दूसरी ओर वहां की संस्कृति को जानने का मौका भी मिला है।
फोटो 12
शैक्षणिक भ्रमण के तहत वाराणसी पहुंचा दादरी जिले के शिक्षकों का दल। स्रोत: शिक्षा विभाग
फोटो 13
उत्तर-प्रदेश के राजकीय स्कूल मे विद्यार्थियों की पुस्तकें देखते दादरी जिला के शिक्षक। स्रोत: शिक्षा विभाग
विज्ञापन
- भ्रमण के तहत उत्तर प्रदेश के विभिन्न राजकीय स्कूलों में पहुंचे दादरी जिले के शिक्षक, शिक्षण तकनीकों का किया अवलोकन
संवाद न्यूज एजेंसी
चरखी दादरी। निपुण हरियाणा के क्षेत्र में नई तकनीकों और नवाचारों को समझने के उद्देश्य से हरियाणा स्कूल शिक्षा परियोजना की ओर से शिक्षकों को शैक्षणिक भ्रमण कराया गया। इसके तहत वाराणसी पहुंचे जिले के शिक्षकों ने एफएलएन की कार्यप्रणाली को नजदीक से जाना।
एफएलएन के जिला समन्वयक संदीप कुमार ने बताया कि आयोजन में 4 जेबीटी और मेंटर्स ने भाग लिया। भ्रमण का मुख्य उद्देश्य राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 के तहत प्राथमिक स्तर पर बच्चों में बुनियादी साक्षरता और संख्या ज्ञान (एफएलएन) को मजबूत करने की दिशा में किए जा रहे प्रयासों को समझना रहा।
विज्ञापन
एफएलएन कार्यक्रम का उद्देश्य तीसरी कक्षा तक के बच्चों को पढ़ने, लिखने और बुनियादी गणित की समझ विकसित करना है। इस समय प्राथमिक शिक्षा का एक महत्वपूर्ण पहलू है।
विज्ञापन
इस शैक्षिक यात्रा में चरखी दादरी के एफएलएन जिला समन्वयक संदीप कुमार, जिला उल्लास समन्वयक हरपाल आर्य, सुदेश कुमारी जेबीटीऔर एबीआरसी पवन कुमार शामिल हुए।
इन सभी ने वाराणसी के विभिन्न सरकारी विद्यालयों में जाकर एफएलएन की कार्यप्रणाली और शिक्षण तकनीकों का गहन अवलोकन किया। वाराणसी के स्कूलों में अध्यापकों ने एफएलएन के तहत अपनाई जा रही शिक्षण पद्धतियों को देखा। टीम की ओर से वहां के शिक्षकों से बातचीत कर यह समझा कि एफएलएन को प्रभावी ढंग से लागू करने के लिए स्थानीय संसाधनों का उपयोग कैसे किया जाता है और बच्चों की शैक्षिक जरूरतों को ध्यान में रखते हुए शिक्षण प्रक्रिया में क्या सुधार किए जा सकते हैं।
- दादरी के स्कूलों के लिए बनाई जाएगी योजना
शैक्षिक भ्रमण के अनुभवों को दादरी के स्कूलों में लागू करने की योजना बनाई जा रही है। जिला समन्वयक संदीप कुमार ने कहा, यह भ्रमण हमारे लिए अत्यंत उपयोगी रहा। हमने वाराणसी के शिक्षकों से एफएलएन के प्रभावी एवं नए पहलू सीखे हैं। इन अनुभवों को अपने जिले के स्कूलों में अपनाकर बच्चों की शैक्षिक गुणवत्ता में सुधार करेंगे।
जिला उल्लास समन्वयक हरपाल आर्य ने बताया कि एफएलएन के तहत प्राप्त अनुभवों को जिला स्तर पर प्रशिक्षण कार्यक्रमों के माध्यम से अन्य अध्यापकों के साथ साझा किया जाएगा।
- शिक्षा विभाग की सराहनीय पहल : डीईईओ
जिला मौलिक शिक्षा अधिकारी नवीन नारा ने बताया कि हरियाणा शिक्षा विभाग की यह बहुत सराहनीय पहल है। इस प्रकार के शैक्षणिक भ्रमण से जहां शिक्षकों को प्रदेश से बाहर दूसरे प्रदेशों की शिक्षा प्रणाली और शिक्षण प्रणाली को नजदीक से अवसर मिला है तो वहीं दूसरी ओर वहां की संस्कृति को जानने का मौका भी मिला है।
फोटो 12
शैक्षणिक भ्रमण के तहत वाराणसी पहुंचा दादरी जिले के शिक्षकों का दल। स्रोत: शिक्षा विभाग
फोटो 13
उत्तर-प्रदेश के राजकीय स्कूल मे विद्यार्थियों की पुस्तकें देखते दादरी जिला के शिक्षक। स्रोत: शिक्षा विभाग