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Charkhi Dadri News: दिल्ली-महेंद्रगढ़ मार्ग पर प्रदर्शन और जाम की चेतावनी
Sat, 29 Nov 2025 10:24 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, चरखी दादरी
संवाद न्यूज एजेंसी, चरखी दादरी
Updated Sat, 29 Nov 2025 10:24 PM IST
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चरखी दादरी।
प्रिंस हत्याकांड में पुलिस की कार्रवाई से असुतंष्ट परिजनों और सामाजिक संगठनों के प्रतिनिधियों की बैठक शनिवार को कबीर नगर धर्मशाला में हुई। वक्ताओं और परिजनों ने रविवार शाम तक आरोपियों को गिरफ्तारी न होने पर सोमवार को दिल्ली-महेंद्रगढ़ मार्ग पर प्रदर्शन और जाम की चेतावनी दी है।
बैठक में प्रिंस के पिता जयसिंह ने आरोप लगाया कि पुलिस प्रशासन न तो उनकी बात सुन रहा है और न ही निष्पक्ष कार्रवाई कर रहा है। उन्हें गुमराह किया जा रहा है। 8 नवंबर को प्रिंस 7-8 लोगों ने हमला किया था, मेडिकल में एक सप्ताह तक प्रिंस के भर्ती रहने तक पुलिस ने किसी भी अपराधी को गिरफ्तार नहीं किया। 15 नवंबर को प्रिंस की मृत्यु हो गई तो खानापूर्ति के लिए दो अपराधियों को गिरफ्तार किया गया है। इससे पुलिस की कार्यशैली पर गंभीर सवाल खड़े होते हैं और परिवार में भय बना हुआ है। बेटे की मौत के बाद परिवार गहरे सदमे में है और स्थानीय लोग भी न्याय के लिए लगातार संघर्ष कर रहे हैं। प्रशासन की उपेक्षा ने उनकी पीड़ा को और बढ़ा दिया है।
बैठक में पार्षद कौशल्या देवी, समाज सेवी रिम्पी फोगाट, बलराज खरेरा, राजेश, प्रकाश आदि उपस्थित रहे।
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प्रिंस हत्याकांड में पुलिस की कार्रवाई से असुतंष्ट परिजनों और सामाजिक संगठनों के प्रतिनिधियों की बैठक शनिवार को कबीर नगर धर्मशाला में हुई। वक्ताओं और परिजनों ने रविवार शाम तक आरोपियों को गिरफ्तारी न होने पर सोमवार को दिल्ली-महेंद्रगढ़ मार्ग पर प्रदर्शन और जाम की चेतावनी दी है।
बैठक में प्रिंस के पिता जयसिंह ने आरोप लगाया कि पुलिस प्रशासन न तो उनकी बात सुन रहा है और न ही निष्पक्ष कार्रवाई कर रहा है। उन्हें गुमराह किया जा रहा है। 8 नवंबर को प्रिंस 7-8 लोगों ने हमला किया था, मेडिकल में एक सप्ताह तक प्रिंस के भर्ती रहने तक पुलिस ने किसी भी अपराधी को गिरफ्तार नहीं किया। 15 नवंबर को प्रिंस की मृत्यु हो गई तो खानापूर्ति के लिए दो अपराधियों को गिरफ्तार किया गया है। इससे पुलिस की कार्यशैली पर गंभीर सवाल खड़े होते हैं और परिवार में भय बना हुआ है। बेटे की मौत के बाद परिवार गहरे सदमे में है और स्थानीय लोग भी न्याय के लिए लगातार संघर्ष कर रहे हैं। प्रशासन की उपेक्षा ने उनकी पीड़ा को और बढ़ा दिया है।
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बैठक में पार्षद कौशल्या देवी, समाज सेवी रिम्पी फोगाट, बलराज खरेरा, राजेश, प्रकाश आदि उपस्थित रहे।