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Charkhi Dadri News: नहरी पानी की चोरी के एवज में किसानों की तरफ एक करोड़ रुपये जुर्माना के रूप में बकाया
Tue, 26 May 2026 11:26 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, चरखी दादरी
संवाद न्यूज एजेंसी, चरखी दादरी
Updated Tue, 26 May 2026 11:26 PM IST
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दादरी जिले में गुजरती हुई नहर।
- फोटो : 1
चरखी दादरी। जिले में नहरी पानी की चोरी के एवज में तावान यानी जुर्माना की एक करोड़ की राशि किसानों की तरफ बकाया पड़ी है। राजस्व विभाग के लिए यह सिरदर्द बना हुआ है। गांव स्तर पर नंबरदारों को किसानों की सूची व जुर्माना राशि का विवरण भेजकर तावान की वसूली की जाती है। सिंचाई विभाग अधिकारियों ने नहरों पर छापा मारकर पानी चोरी के मामले पकड़े थे। एक्सईएन कार्यालय में सुनवाई पूरी होने के बाद जुर्माना की राशि तय की जाती है। अब राजस्व विभाग राशि वसूली के संबंध में नंबरदारों से रिपोर्ट मांगने जा रहा है।
राज्य सरकार ने प्रदेश में नहरी पानी की सिंचाई के एवज में आबियाना वसूलना तो पूरी तरह से बंद कर दिया है। आबियाना नहरों में लगे सरकारी मोगों से सिंचाई करने पर वसूला जाता था। दो साल पहले सरकार ने आबियाना लगाना ही बंद कर दिया है। इससे किसानों को काफी राहत मिली है। सरकार ने नहरों में सरकारी मोगे लगा रखे हैं। नहरों में पानी छोड़ने पर किसान मोगे से फसलों की सिंचाई करते हैं। सरकार ने अधिकतर गांवों में नहरों से खेतों तक पक्के नाले भी बना रखे हैं ताकि किसानों को सिंचाई करने में असुविधा न हो और पर्याप्त मात्रा में खेतों को पानी मिल सके।
दूसरी ओर तावान जो नहरी पानी की चोरी करने पर लगाया जाता है। काफी गांवों में किसान नहरों पर इंजन, साइफन व पंप आदि लगाकर पानी का उठान कर लेते हैं जिससे पानी की चोरी होती है और अंतिम छोर तक पानी नहीं पहुंच पाता है। जब नहरों में पानी छोड़ा जाता है तो सिंचाई विभाग के अधिकारी पुलिस मदद से नहरों पर छापा मारकर पानी की चोरी रोकने का प्रयास करते हैं फिर भी काफी संख्या में किसान मौका देखकर देर-सवेर पानी की चोरी कर लेते हैं। ऐसे किसानों को छापा कार्रवाई के दौरान चिह्नित कर लिया जाता है। बाद में इनको नोटिस भेजा जाता है। कार्यकारी अभियंता कार्यालय में किसान की सुनवाई होती है। सुनवाई के बाद तावान यानी जुर्माना लगाया जाता है।
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सिंचाई विभाग जुर्माना की राशि तय कर राजस्व विभाग को वसूली के लिए भेज देता है। राजस्व विभाग वसूली के लिए गांवों में नंबरदारों की मदद लेता है। नंबरदारों किसानों से वसूली करते हैं। इस समय जिले भर में करीब एक करोड़ की वसूली बकाया पड़ी है। फसल सीजन 2024-25 में दादरी डिविजन में 1296 किसानों पर 6,23,072 रुपये तावान लगाया है। दादरी डिविजन में काफी नहरी क्षेत्र भिवानी, रोहतक व झज्जर जिले का भी पड़ता है।
वर्सन :
= नंबरदार प्रशासन का हर कदम पर सहयोग कर रहे हैं। राजस्व विभाग की तरफ से जो निर्देश आते हैं उनका समय रहते पालन किया जाता है। राजस्व वसूली में नंबरदार पूरा सहयोग कर रहे हैं।-- नंबरदार राजेश पैतावास खुर्द, जिला प्रधान, नंबरदार एसोसिएशन दादरी।
= जल्द ही नंबरदारों से वसूली के संबंध में रिपोर्ट ली जाएगी। विभाग वसूली के लिए लगातार प्रयासरत है। किसानों को निर्धारित समय पर तावान राशि जमा करवानी चाहिए। किसान नहरी पानी की चोरी न करें।-- तहसीलदार सनी दलाल, दादरी।
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राज्य सरकार ने प्रदेश में नहरी पानी की सिंचाई के एवज में आबियाना वसूलना तो पूरी तरह से बंद कर दिया है। आबियाना नहरों में लगे सरकारी मोगों से सिंचाई करने पर वसूला जाता था। दो साल पहले सरकार ने आबियाना लगाना ही बंद कर दिया है। इससे किसानों को काफी राहत मिली है। सरकार ने नहरों में सरकारी मोगे लगा रखे हैं। नहरों में पानी छोड़ने पर किसान मोगे से फसलों की सिंचाई करते हैं। सरकार ने अधिकतर गांवों में नहरों से खेतों तक पक्के नाले भी बना रखे हैं ताकि किसानों को सिंचाई करने में असुविधा न हो और पर्याप्त मात्रा में खेतों को पानी मिल सके।
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दूसरी ओर तावान जो नहरी पानी की चोरी करने पर लगाया जाता है। काफी गांवों में किसान नहरों पर इंजन, साइफन व पंप आदि लगाकर पानी का उठान कर लेते हैं जिससे पानी की चोरी होती है और अंतिम छोर तक पानी नहीं पहुंच पाता है। जब नहरों में पानी छोड़ा जाता है तो सिंचाई विभाग के अधिकारी पुलिस मदद से नहरों पर छापा मारकर पानी की चोरी रोकने का प्रयास करते हैं फिर भी काफी संख्या में किसान मौका देखकर देर-सवेर पानी की चोरी कर लेते हैं। ऐसे किसानों को छापा कार्रवाई के दौरान चिह्नित कर लिया जाता है। बाद में इनको नोटिस भेजा जाता है। कार्यकारी अभियंता कार्यालय में किसान की सुनवाई होती है। सुनवाई के बाद तावान यानी जुर्माना लगाया जाता है।
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सिंचाई विभाग जुर्माना की राशि तय कर राजस्व विभाग को वसूली के लिए भेज देता है। राजस्व विभाग वसूली के लिए गांवों में नंबरदारों की मदद लेता है। नंबरदारों किसानों से वसूली करते हैं। इस समय जिले भर में करीब एक करोड़ की वसूली बकाया पड़ी है। फसल सीजन 2024-25 में दादरी डिविजन में 1296 किसानों पर 6,23,072 रुपये तावान लगाया है। दादरी डिविजन में काफी नहरी क्षेत्र भिवानी, रोहतक व झज्जर जिले का भी पड़ता है।
वर्सन :
= नंबरदार प्रशासन का हर कदम पर सहयोग कर रहे हैं। राजस्व विभाग की तरफ से जो निर्देश आते हैं उनका समय रहते पालन किया जाता है। राजस्व वसूली में नंबरदार पूरा सहयोग कर रहे हैं।
= जल्द ही नंबरदारों से वसूली के संबंध में रिपोर्ट ली जाएगी। विभाग वसूली के लिए लगातार प्रयासरत है। किसानों को निर्धारित समय पर तावान राशि जमा करवानी चाहिए। किसान नहरी पानी की चोरी न करें।