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Charkhi Dadri News: लाइसेंस की वैधता समाप्त होने पर भी मुख्यमंत्री उड़नदस्ते को चलता मिला ईंट-भट्ठा
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ईंट-भट्ठा पर कार्रवाई करती संयुक्त टीम।
बौंदकलां/झोझूकलां (चरखी दादरी)। मुख्यमंत्री उड़नदस्ते ने शुक्रवार को खनन, प्रदूषण और खाद्य पूर्ति एवं नियंत्रक विभाग के अधिकारियों को साथ लेकर चार ईंट-भट्ठों पर दबिश दी। इस दौरान एक भट्ठा लाइसेंस की वैधता खत्म होने के बावजूद चलता मिला जबकि बंद मिले तीन भट्ठों के मालिक टीम के समक्ष लाइसेंस ही नहीं दिखा पाए। हालांकि प्रारंभिक जांच में सामने आया कि ये भट्ठे एक जून को ही बंद किए गए हैं।
दोपहर बाद करीब साढ़े तीन बजे संयुक्त टीम ने चेकिंग शुरू की। सबसे पहले टीम रणकोली स्थित सरस्वती ईंट-भट्ठा पर पहुंची। भट्ठा चालू मिला और यहां ईंट बनाने में प्रयोग की जाने वाली 200 मीट्रिक टन साधारण मिट्टी मिली। इसके अलावा यहां 2 कनाल जमीन से दो फुट गहराई मिट्टी का उठान पाया गया। भट्ठा मुंशी से टीम ने जब लाइसेंस मांगा तो वो 31 मार्च 2023 तक ही वैध मिला। हालांकि प्रदूषण विभाग की एनओसी दुरुस्त पाई गई। खनन विभाग की ओर से अब भट्ठा संचालक को नोटिस देकर नियमानुसार कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।
रणकोली के बाद टीम ने रानीला स्थित रवि ईंट-भट्ठा की चेकिंग की। भट्ठा मालिक मौके पर हाजिर मिला और भट्ठा बंद पाया गया। हालांकि टीम की जांच में सामने आया कि गत एक जून से ही ईंट-भट्ठा बंद किया गया है। यहां तैयार ईंटें भी मिलीं। दूसरी ओर भट्ठा संचालक लाइसेंस नहीं दिखा पाया। हालांकि उसके पास खनन विभाग व प्रदूषण विभाग की एनओसी ही दुरुस्त पाई गई। इसके बाद टीम सांवड़ स्थित सरस्वती ईंट-भट्ठा पर पहुंची। जांच में सामने आया कि ये भट्ठा भी गत एक जून से बंद हुआ है। यहां भी तैयार की हुई ईंटें मिलीं। टीम के समक्ष मालिक लाइसेंस पेश नहीं कर पाया।
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चिड़िया में भी पहुंची टीम
मुख्यमंत्री उड़नदस्ते ने गुप्तचर विभाग के निरीक्षक और खाद्य पूर्ति एवं नियंत्रक विभाग से निरीक्षक कृष्ण कुमार व दीपक कुमार को साथ लेकर चिड़िया स्थित बाबा तूरजगिरी ईंट-भट्ठा पर भी दबिश दी गई। चेकिंग के दौरान भट्ठा मालिक लाइसेंस पेश नहीं कर पाया।
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दोपहर बाद करीब साढ़े तीन बजे संयुक्त टीम ने चेकिंग शुरू की। सबसे पहले टीम रणकोली स्थित सरस्वती ईंट-भट्ठा पर पहुंची। भट्ठा चालू मिला और यहां ईंट बनाने में प्रयोग की जाने वाली 200 मीट्रिक टन साधारण मिट्टी मिली। इसके अलावा यहां 2 कनाल जमीन से दो फुट गहराई मिट्टी का उठान पाया गया। भट्ठा मुंशी से टीम ने जब लाइसेंस मांगा तो वो 31 मार्च 2023 तक ही वैध मिला। हालांकि प्रदूषण विभाग की एनओसी दुरुस्त पाई गई। खनन विभाग की ओर से अब भट्ठा संचालक को नोटिस देकर नियमानुसार कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।
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रणकोली के बाद टीम ने रानीला स्थित रवि ईंट-भट्ठा की चेकिंग की। भट्ठा मालिक मौके पर हाजिर मिला और भट्ठा बंद पाया गया। हालांकि टीम की जांच में सामने आया कि गत एक जून से ही ईंट-भट्ठा बंद किया गया है। यहां तैयार ईंटें भी मिलीं। दूसरी ओर भट्ठा संचालक लाइसेंस नहीं दिखा पाया। हालांकि उसके पास खनन विभाग व प्रदूषण विभाग की एनओसी ही दुरुस्त पाई गई। इसके बाद टीम सांवड़ स्थित सरस्वती ईंट-भट्ठा पर पहुंची। जांच में सामने आया कि ये भट्ठा भी गत एक जून से बंद हुआ है। यहां भी तैयार की हुई ईंटें मिलीं। टीम के समक्ष मालिक लाइसेंस पेश नहीं कर पाया।
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चिड़िया में भी पहुंची टीम
मुख्यमंत्री उड़नदस्ते ने गुप्तचर विभाग के निरीक्षक और खाद्य पूर्ति एवं नियंत्रक विभाग से निरीक्षक कृष्ण कुमार व दीपक कुमार को साथ लेकर चिड़िया स्थित बाबा तूरजगिरी ईंट-भट्ठा पर भी दबिश दी गई। चेकिंग के दौरान भट्ठा मालिक लाइसेंस पेश नहीं कर पाया।