{"_id":"64fa1360f27d7611b40a8afd","slug":"due-to-holiday-police-could-not-get-account-information-from-the-bank-sent-the-youth-back-charkhidadri-news-c-126-1-cdr1001-6044-2023-09-07","type":"story","status":"publish","title_hn":"Charkhi Dadri News: छुट्टी होने के कारण पुलिस को बैंक से नहीं मिल पाई खाते की जानकारी, युवक को भेजा वापस","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Charkhi Dadri News: छुट्टी होने के कारण पुलिस को बैंक से नहीं मिल पाई खाते की जानकारी, युवक को भेजा वापस
Thu, 07 Sep 2023 11:46 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, चरखी दादरी
संवाद न्यूज एजेंसी, चरखी दादरी
Updated Thu, 07 Sep 2023 11:46 PM IST
विज्ञापन
गांव बेरला के ग्रामीणों से बातचीत करते थाना प्रभारी कप्तान सिंह।
चरखी दादरी/बाढड़ा। 200 करोड़ खाते में आने का दावा करने वाला बेरला निवासी विक्रम वीरवार सुबह बाढड़ा थाने में पहुंचा। उसे पूछताछ के लिए थाना प्रभारी ने बुलाया था। दूसरी ओर श्रीकृष्ण जन्माष्टमी के अवकाश के चलते बैंक बंद रहे और पुलिस को उसके खाते में जमा नकदी की जानकारी नहीं मिल पाई और इसके चलते विक्रम को वापस भेजा गया।
बता दें कि यूपी निवासी एक स्वर्णकार से 60 हजार की ठगी हुई थी। इस मामले में फरवरी 2023 में जालौन जिले के कोंच थाने में केस दर्ज हुआ था। इस ठगी में जो खाता प्रयोग हुआ था वो बेरला निवासी विक्रम के दस्तावेजों पर खुलवाया गया था। इसी सिलसिले में दो सितंबर को पूछताछ के लिए यूपी पुलिस बेरला आई थी। पूछताछ के बाद पुलिस लौट गई थी।
पुलिस की दबिश के बाद विक्रम का चचेरा भाई प्रदीप विक्रम के नाम से खुलवाए गए खाता की जानकारी जुटाने पिलानी स्थित यस बैंक शाखा पहुंचा। वहां उसे पता चला कि विक्रम के खाते में 200 करोड़ से अधिक की धनराशि है, लेकिन खाता पुलिस ने फ्रीज करवाया हुआ है।
विज्ञापन
इसके बाद से विक्रम और उसके परिजन एक कॅरिअर पैकेजिंग कंपनी पर दस्तावेजों का दुरुपयोग कर खाता खुलवाने का आरोप लगाकर मामले की जांच की मांग कर रहा है। विक्रम के दूसरे चचेरे भाई संदीप ने दो सितंबर को ही स्टेट और नेशनल साइबर क्राइम पोर्टल पर शिकायत करने के साथ हरियाणा और यूपी के सीएम व डीजीपी समेत यस बैंक को ट्वीट किया था। साइबर क्राइम पोर्टल पर दर्ज करवाई गई शिकायत बाढड़ा थाना पुलिस के पास पहुंच चुकी है और इसी सिलसिले में जांच के लिए विक्रम को थाने बुलाया गया था।
- बैंक शाखा से ही खुलेगा राज
अब इस मामले से बाढड़ा थाना पुलिस भी जुड़ चुकी है और थाना प्रभारी की ओर से इसका जवाब भी भिजवाया जाना है। ऐसे में अब बाढड़ा थाना पुलिस भी मामले की तह तक जाने का प्रयास करेगी। इसमें बैंक शाखा से ही मदद मिलेगी।
-बाढड़ा थाना पुलिस को ढूंढने चाहिए इन सवालों के जवाब
ये मामला पूरा सुर्खियां बना हुआ है। जिसके संज्ञान में ये मामला आया है उनमें से हर कोई सच्चाई पता करना चाहता है। ऐसे में सबसे पहले बाढड़ा थाना पुलिस को जल्द से जल्द बैंक से पता करना चाहिए कि विक्रम के खाते में कितनी धनराशि है। अगर 200 करोड़ की बात सही है तो इतनी बड़ी धनराशि किसने और क्यों डाली। हो सकता है इस मामले के जरिये किसी बड़ी साजिश का पता चले।
बेरला निवासी विक्रम के पास दो सितंबर को यूपी पुलिस आई थी। उसे पूछताछ के लिए वीरवार को थाने में बुलाया था। लेकिन बैंक की छुट्टी होने के कारण उसके खाते की डिटेल नहीं मिली, जिसके कारण आगे की जांच नहीं हो सकी। बैंक खाता डिटेल मिलने के बाद ही स्थिति स्पष्ट हो पाएगी।
कप्तान सिंह, प्रभारी, बाढड़ा थाना
विज्ञापन
बता दें कि यूपी निवासी एक स्वर्णकार से 60 हजार की ठगी हुई थी। इस मामले में फरवरी 2023 में जालौन जिले के कोंच थाने में केस दर्ज हुआ था। इस ठगी में जो खाता प्रयोग हुआ था वो बेरला निवासी विक्रम के दस्तावेजों पर खुलवाया गया था। इसी सिलसिले में दो सितंबर को पूछताछ के लिए यूपी पुलिस बेरला आई थी। पूछताछ के बाद पुलिस लौट गई थी।
विज्ञापन
पुलिस की दबिश के बाद विक्रम का चचेरा भाई प्रदीप विक्रम के नाम से खुलवाए गए खाता की जानकारी जुटाने पिलानी स्थित यस बैंक शाखा पहुंचा। वहां उसे पता चला कि विक्रम के खाते में 200 करोड़ से अधिक की धनराशि है, लेकिन खाता पुलिस ने फ्रीज करवाया हुआ है।
विज्ञापन
इसके बाद से विक्रम और उसके परिजन एक कॅरिअर पैकेजिंग कंपनी पर दस्तावेजों का दुरुपयोग कर खाता खुलवाने का आरोप लगाकर मामले की जांच की मांग कर रहा है। विक्रम के दूसरे चचेरे भाई संदीप ने दो सितंबर को ही स्टेट और नेशनल साइबर क्राइम पोर्टल पर शिकायत करने के साथ हरियाणा और यूपी के सीएम व डीजीपी समेत यस बैंक को ट्वीट किया था। साइबर क्राइम पोर्टल पर दर्ज करवाई गई शिकायत बाढड़ा थाना पुलिस के पास पहुंच चुकी है और इसी सिलसिले में जांच के लिए विक्रम को थाने बुलाया गया था।
- बैंक शाखा से ही खुलेगा राज
अब इस मामले से बाढड़ा थाना पुलिस भी जुड़ चुकी है और थाना प्रभारी की ओर से इसका जवाब भी भिजवाया जाना है। ऐसे में अब बाढड़ा थाना पुलिस भी मामले की तह तक जाने का प्रयास करेगी। इसमें बैंक शाखा से ही मदद मिलेगी।
-बाढड़ा थाना पुलिस को ढूंढने चाहिए इन सवालों के जवाब
ये मामला पूरा सुर्खियां बना हुआ है। जिसके संज्ञान में ये मामला आया है उनमें से हर कोई सच्चाई पता करना चाहता है। ऐसे में सबसे पहले बाढड़ा थाना पुलिस को जल्द से जल्द बैंक से पता करना चाहिए कि विक्रम के खाते में कितनी धनराशि है। अगर 200 करोड़ की बात सही है तो इतनी बड़ी धनराशि किसने और क्यों डाली। हो सकता है इस मामले के जरिये किसी बड़ी साजिश का पता चले।
बेरला निवासी विक्रम के पास दो सितंबर को यूपी पुलिस आई थी। उसे पूछताछ के लिए वीरवार को थाने में बुलाया था। लेकिन बैंक की छुट्टी होने के कारण उसके खाते की डिटेल नहीं मिली, जिसके कारण आगे की जांच नहीं हो सकी। बैंक खाता डिटेल मिलने के बाद ही स्थिति स्पष्ट हो पाएगी।
कप्तान सिंह, प्रभारी, बाढड़ा थाना