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Charkhi Dadri News: बैंक खाता की जानकारी न करें साझा, बदलते रहें पिन
Wed, 12 Feb 2025 10:08 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, चरखी दादरी
संवाद न्यूज एजेंसी, चरखी दादरी
Updated Wed, 12 Feb 2025 10:08 PM IST
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फोटो 09
लघु सचिवालय में आयोजित साइबर जागरूकता कार्यक्रम में मौजूद अधिकारी। स्रोत : विभाग
जिला पुलिस की ओर से दादरी लघु सचिवालय में आयोजित किया गया साइबर जागरूकता कार्यक्रम
संवाद न्यूज एजेंसी
चरखी दादरी। एसपी अर्श वर्मा के निर्देशानुसार जिला पुलिस की ओर से साइबर जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। लघु सचिवालय में आयोजित कार्यक्रम में पीएसआई अंकित व एएसआई प्रीतम ने कर्मचारियों को साइबर अपराध से बचाव के बारे में विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने अपराध को अंजाम देने के तरीकों व अपराधियों की चालाकियों के बारे में भी बताया।
कार्यक्रम में साइबर फ्रॉड, ओटीपी फ्रॉड, फर्जी लिंक भेज कर किए जाने वाले फ्रॉड, शेयर मार्केट में मुनाफा कमाने का लालच देकर किए जाने वाले ठगी की जानकारी दी गई। इनसे बचने के उपाय भी बताए।
पीएसआई अंकित ने कहा कि जागरूकता व सतर्कता ही साइबर ठगों का शिकार होने से बचने का सबसे आसान जरिया है। अगर हम सावधान रहें तो अपराधियों के झांसे में आने से बच सकते हैं।
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एएसआई प्रीतम ने बताया कि अपने बैंक खाते से संबंधित जानकारी किसी को न दें। एटीएम पिन को हमेशा बदलते रहें। ऐसा पिन न रखें, जिसका आसानी से अनुमान लगाया जा सके। किसी भी तरह के ऑफर और लालच में नहीं आएं। किसी भी लिंक को खोलकर न देखें।
- ये पैंतरे अपनाकर साइबर अपराधी करते हैं ठगी
-डिजिटल अरेस्ट/पुलिस का डर बनाकर
-खुद को मित्र अथवा कोई परिचित बताकर
-क्रेडिट कार्ड लिमिट बढ़ाने या जॉब का ऑफर
-न्यूड वीडियो कॉल रिकॉर्डिंग
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लघु सचिवालय में आयोजित साइबर जागरूकता कार्यक्रम में मौजूद अधिकारी। स्रोत : विभाग
जिला पुलिस की ओर से दादरी लघु सचिवालय में आयोजित किया गया साइबर जागरूकता कार्यक्रम
संवाद न्यूज एजेंसी
चरखी दादरी। एसपी अर्श वर्मा के निर्देशानुसार जिला पुलिस की ओर से साइबर जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। लघु सचिवालय में आयोजित कार्यक्रम में पीएसआई अंकित व एएसआई प्रीतम ने कर्मचारियों को साइबर अपराध से बचाव के बारे में विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने अपराध को अंजाम देने के तरीकों व अपराधियों की चालाकियों के बारे में भी बताया।
कार्यक्रम में साइबर फ्रॉड, ओटीपी फ्रॉड, फर्जी लिंक भेज कर किए जाने वाले फ्रॉड, शेयर मार्केट में मुनाफा कमाने का लालच देकर किए जाने वाले ठगी की जानकारी दी गई। इनसे बचने के उपाय भी बताए।
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पीएसआई अंकित ने कहा कि जागरूकता व सतर्कता ही साइबर ठगों का शिकार होने से बचने का सबसे आसान जरिया है। अगर हम सावधान रहें तो अपराधियों के झांसे में आने से बच सकते हैं।
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एएसआई प्रीतम ने बताया कि अपने बैंक खाते से संबंधित जानकारी किसी को न दें। एटीएम पिन को हमेशा बदलते रहें। ऐसा पिन न रखें, जिसका आसानी से अनुमान लगाया जा सके। किसी भी तरह के ऑफर और लालच में नहीं आएं। किसी भी लिंक को खोलकर न देखें।
- ये पैंतरे अपनाकर साइबर अपराधी करते हैं ठगी
-डिजिटल अरेस्ट/पुलिस का डर बनाकर
-खुद को मित्र अथवा कोई परिचित बताकर
-क्रेडिट कार्ड लिमिट बढ़ाने या जॉब का ऑफर
-न्यूड वीडियो कॉल रिकॉर्डिंग