{"_id":"636a8c791ed1cd3c3151ac56","slug":"the-roof-of-the-house-under-construction-collapsed-mason-and-laborer-injured-bhiwani-news-hsr64662329","type":"story","status":"publish","title_hn":"निर्माणाधीन मकान की गिरी छत, राजमिस्त्री व मजदूर घायल","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
निर्माणाधीन मकान की गिरी छत, राजमिस्त्री व मजदूर घायल
विज्ञापन
भिवानी। आंबेडकर कॉलोनी की गली नंबर पांच में दीवार खिसकने से निर्माणाधीन मकान की छत गिर गई, जिसके कारण काम कर रहे राजमिस्त्री व मजदूर गंभीर रूप से घायल हो गए। घायलों को उपचार के लिए नागरिक अस्पताल के आपातकालीन विभाग में लाया गया। मामला मंगलवार दोपहर करीब तीन बजे का है।
आंबेडकर कॉलोनी निवासी सतीश ने बताया कि उसने छह माह पहले घर पर एक कमरा बनाया था। जिसमें तीन दिन पहले ही लिपाई और छत पक्की करवाने का काम शुरू किया है। मंगलवार दोपहर को मिस्त्री ने उसे लोहे की एंगल बदलवाने के लिए भेज गया, जबकि गांव ढाणा लाडनपुर निवासी राजमिस्त्री 45 वर्षीय बलराज और 50 वर्षीय मजदूर रामकुमार लिपाई कर रहे थे। सतीश ने बताया कि उसकी बहन मनीषा और मां भतेरी बाहर आंगन में बैठी थी। अचानक की दीवार खिसक गई और बलराज व रामकुमार पर छत गिर गई। आसपास के लोगों ने उन्हें बाहर निकाला और उपचार के लिए निजी वाहन में आपातकालीन विभाग लेकर पहुंचे। जहां उपचाराधीन बलराज ने बताया कि उन्होंने दीवार में दरार आते ही बाहर निकलने की कोशिश की थी, मगर वे निकल नहीं पाए और छत के नीचे दब गए। हादसे में बलराज के हाथ, पांव और सिर में चोट आई है। जबकि रामकुमार के सिर, चेहरे और पांव में गंभीर चोट आई हैं। घायलों को नागरिक अस्पताल में दाखिल करवाया है। वहीं नागरिक अस्पताल में मंगलवार को छुट्टी होने के कारण एक्सरे की सुविधा नहीं होने की वजह से घायलों को निजी लैब में एक्स-रे करवाना पड़ा।
वहीं प्रत्यक्षदर्शियों का कहना है कि मकान में लिपाई के लिए ज्यादा पानी का छिड़काव कर दिया था और नीचे की दीवार मिट्टी में बनी हुई थी। अधिक पानी की वजह से दीवार से मिट्टी बाहर निकल गई और दीवार खिसकने के कारण हादसा हो गया।
विज्ञापन
विज्ञापन
आंबेडकर कॉलोनी निवासी सतीश ने बताया कि उसने छह माह पहले घर पर एक कमरा बनाया था। जिसमें तीन दिन पहले ही लिपाई और छत पक्की करवाने का काम शुरू किया है। मंगलवार दोपहर को मिस्त्री ने उसे लोहे की एंगल बदलवाने के लिए भेज गया, जबकि गांव ढाणा लाडनपुर निवासी राजमिस्त्री 45 वर्षीय बलराज और 50 वर्षीय मजदूर रामकुमार लिपाई कर रहे थे। सतीश ने बताया कि उसकी बहन मनीषा और मां भतेरी बाहर आंगन में बैठी थी। अचानक की दीवार खिसक गई और बलराज व रामकुमार पर छत गिर गई। आसपास के लोगों ने उन्हें बाहर निकाला और उपचार के लिए निजी वाहन में आपातकालीन विभाग लेकर पहुंचे। जहां उपचाराधीन बलराज ने बताया कि उन्होंने दीवार में दरार आते ही बाहर निकलने की कोशिश की थी, मगर वे निकल नहीं पाए और छत के नीचे दब गए। हादसे में बलराज के हाथ, पांव और सिर में चोट आई है। जबकि रामकुमार के सिर, चेहरे और पांव में गंभीर चोट आई हैं। घायलों को नागरिक अस्पताल में दाखिल करवाया है। वहीं नागरिक अस्पताल में मंगलवार को छुट्टी होने के कारण एक्सरे की सुविधा नहीं होने की वजह से घायलों को निजी लैब में एक्स-रे करवाना पड़ा।
विज्ञापन
वहीं प्रत्यक्षदर्शियों का कहना है कि मकान में लिपाई के लिए ज्यादा पानी का छिड़काव कर दिया था और नीचे की दीवार मिट्टी में बनी हुई थी। अधिक पानी की वजह से दीवार से मिट्टी बाहर निकल गई और दीवार खिसकने के कारण हादसा हो गया।
विज्ञापन