{"_id":"618584d7f1c6374e532def54","slug":"saved-18-lives-by-giving-blood-and-platelets-on-diwali-night-bhiwani-news-hsr616155074","type":"story","status":"publish","title_hn":"दिवाली की रात रक्त और प्लेटलेट्स देकर 18 लोगों की जान बचाई","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
दिवाली की रात रक्त और प्लेटलेट्स देकर 18 लोगों की जान बचाई
विज्ञापन
रक्तदान करता रक्तदाता।
- फोटो : Bhiwani
भिवानी। पूरा जिला वीरवार को दिवाली का जश्न मना रहा था, मगर शहर की दो संस्थाएं रक्त और प्लेटलेट्स की कमी से जूझ रहे लोगों की जान बचाने में जुटी थीं। संस्था के सदस्यों ने अलग-अलग अस्पतालों में भर्ती 18 लोगों को रक्त और प्लेटलेट्स उपलब्ध कराईं। रक्तदाताओं को अस्पतालों तक पहुंचाने के लिए भी संस्था के सदस्यों को काफी मशक्कत करनी पड़ी।
रक्त दें-वक्त दें और आर्यवर्त ब्लड कमांडो दो संस्थाएं शहर में लोगों को रक्त उपलब्ध कराने का कार्य करती हैं। रक्त दें वक्त दें संस्था के वरिष्ठ सदस्य राजेश डुडेजा और मनीष वर्मा ने बताया कि उनकी संस्था भिवानी के बाहर भी पूरे प्रदेश में रक्त उपलब्ध करवाती है। उन्होंने कहा कि फिलहाल डेंगू के मामले बहुत ज्यादा बढ़ने के कारण लोगों को रक्त और प्लेटलेट्स की बड़े पैमाने जरूरत पड़ रही है। गुरुवार को दिवाली के दिन भिवानी के जेबी गुप्ता, कदम, अंचल और अन्य अस्पतालों सहित हिसार के कुछ अस्पतालों में भर्ती 18 लोगों को रक्त और प्लेटलेट्स की जरूरत पड़ी। हालांकि यह चुनौतीपूर्ण काम था, मगर आर्यवर्त ब्लड कमांडो के सहयोग से सभी लोगों को जरूरत के अनुसार रक्त और प्लेटलेट्स उपलब्ध कराई गई।
जागरूकता की कमी से आ रही परेशानी
राजेश डुडेजा ने कहा कि इलाज की सुविधा होने के बाद भी कई बार लोगों के जीवन की डोर सिर्फ इसलिए टूट जाती है कि उन्हें समय पर रक्त नहीं मिलता। आज भी लोग गलत धारणाओं के कारण रक्तदान करने में हिचकते हैं, जबकि रक्तदान करने से कई गंभीर बीमारियों से बचाव होता है। वहीं कई लोग ऐसे हैं जो हर तीन महीने के बाद रक्तदान करना अपने जीवन का हिस्सा मान चुके हैं।
विज्ञापन
इन लोगों ने किया रक्तदान
रक्तवीर मनीष वर्मा ने बताया कि ईश्वर सिंह, बिजेंद्र, अनिल वर्मा, विशाल, रंजीत, राहुल, सावन, मुकेश कुमार, वैभव, विनय कुमार, विकास अत्री, सुरेंद्र सैनी ने रक्तदान किया। इसके अलावा मोंटी बराला, मुकेश कुमार, पंकज कुमार, राजकुमार, शुभम, रोहित कुमार ने ब्लड बैंक में पहुंचकर प्लेटलेट्स दान की।
विज्ञापन
रक्त दें-वक्त दें और आर्यवर्त ब्लड कमांडो दो संस्थाएं शहर में लोगों को रक्त उपलब्ध कराने का कार्य करती हैं। रक्त दें वक्त दें संस्था के वरिष्ठ सदस्य राजेश डुडेजा और मनीष वर्मा ने बताया कि उनकी संस्था भिवानी के बाहर भी पूरे प्रदेश में रक्त उपलब्ध करवाती है। उन्होंने कहा कि फिलहाल डेंगू के मामले बहुत ज्यादा बढ़ने के कारण लोगों को रक्त और प्लेटलेट्स की बड़े पैमाने जरूरत पड़ रही है। गुरुवार को दिवाली के दिन भिवानी के जेबी गुप्ता, कदम, अंचल और अन्य अस्पतालों सहित हिसार के कुछ अस्पतालों में भर्ती 18 लोगों को रक्त और प्लेटलेट्स की जरूरत पड़ी। हालांकि यह चुनौतीपूर्ण काम था, मगर आर्यवर्त ब्लड कमांडो के सहयोग से सभी लोगों को जरूरत के अनुसार रक्त और प्लेटलेट्स उपलब्ध कराई गई।
विज्ञापन
जागरूकता की कमी से आ रही परेशानी
राजेश डुडेजा ने कहा कि इलाज की सुविधा होने के बाद भी कई बार लोगों के जीवन की डोर सिर्फ इसलिए टूट जाती है कि उन्हें समय पर रक्त नहीं मिलता। आज भी लोग गलत धारणाओं के कारण रक्तदान करने में हिचकते हैं, जबकि रक्तदान करने से कई गंभीर बीमारियों से बचाव होता है। वहीं कई लोग ऐसे हैं जो हर तीन महीने के बाद रक्तदान करना अपने जीवन का हिस्सा मान चुके हैं।
विज्ञापन
इन लोगों ने किया रक्तदान
रक्तवीर मनीष वर्मा ने बताया कि ईश्वर सिंह, बिजेंद्र, अनिल वर्मा, विशाल, रंजीत, राहुल, सावन, मुकेश कुमार, वैभव, विनय कुमार, विकास अत्री, सुरेंद्र सैनी ने रक्तदान किया। इसके अलावा मोंटी बराला, मुकेश कुमार, पंकज कुमार, राजकुमार, शुभम, रोहित कुमार ने ब्लड बैंक में पहुंचकर प्लेटलेट्स दान की।