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Bhiwani News: रोहतक रेंज के पुलिस महानिरीक्षक ने भिवानी के पुलिस अधिकारियों के साथ की समीक्षा बैठक
Wed, 30 Apr 2025 11:10 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, भिवानी
संवाद न्यूज एजेंसी, भिवानी
Updated Wed, 30 Apr 2025 11:10 PM IST
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जिला पुलिस लाइन में पुलिस अधिकारियों की बैठक लेते रोहतक रेंज के पुलिस महानिरीक्षक पूरन कुमार।
भिवानी। रोहतक रेंज के पुलिस महानिरीक्षक वाई पूरन कुमार बुधवार को भिवानी की पुलिस लाइन में पहुंचे। पुलिस लाइन के प्रशासनिक भवन में पुलिस अधिकारियों और कर्मचारियों के साथ समीक्षा बैठक की। बैठक में अपराध, कानून एवं व्यवस्था व अन्य मुद्दों से संबंधित विषयों की समीक्षा की गई।
इस अवसर पर बैठक में आईजीपी वाई पूरन कुमार ने पुलिस अधिकारियों को आवश्यक दिशा निर्देश देते हुए आम जन की समस्याओं का हर संभव निदान करने की बात कही। इस दौरान पुलिस अधीक्षक भिवानी मनबीर सिंह सहित जिलेभर के पुलिस अधिकारी व सभी थाना एवं ब्रांचों के इंचार्ज मौजूद रहे।
बैठक में सर्वप्रथम पुलिस अधीक्षक भिवानी ने जिला की भौगोलिक परिस्थितियों, थाना व चौकियों तथा मुख्य मार्गों के संबंध में पुलिस महानिरीक्षक को विस्तृत जानकारी देते हुए अवगत कराया। बैठक के दौरान अनेक विषयों तथा आपराधिक आंकड़ों की तुलनात्मक समीक्षा करते हुए पुलिस के उच्च अधिकारियों द्वारा विस्तृत विचार विमर्श किया गया।
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इनमें तुलनात्मक आपराधिक आंकड़ों के साथ-साथ स्थानीय एवं विशेष प्रावधानों के तहत आपराधिक गतिविधियों की रोकथाम करना, लंबित शिकायतों का जल्द से जल्द निपटारा, उद्घोषित अपराधी, बेल जंपर, मोस्ट वांटेड तथा आपराधिक गिरोह में शामिल दोषियों की धरपकड़ के लिए की गई कार्रवाई, अपराध की दृष्टि से संवेदनशील एरिया में पुलिस की मौजूदगी एवं निगरानी इत्यादि विषयों की समीक्षा करते हुए विस्तार पूर्वक चर्चा की गई।
पुलिस महानिरीक्षक वाई पूरन कुमार ने कहा कि पुलिस को अनुसंधान के दौरान नई तकनीकों का प्रयोग करना चाहिए। साक्ष्य एकत्रित करने के लिए आधुनिक तकनीकी साधनों का प्रयोग करे ताकि अदालत में ठोस व पुख्ता सबूत पेश किए जा सकें। इससे कि अपराधी को सख्त से सख्त सजा दिलाई जा सकें। अनुसंधान के दौरान मामले की हर पहलू से जांच करें।
इसके अतिरिक्त कानून व्यवस्था, यातायात व्यवस्था व अन्य सामान्य ड्यूटियों के दौरान भी आधुनिक तकनीकों का प्रयोग किया जा सकता है। नाकाबंदी के दौरान सख्त नाकाबंदी करके वाहनों की गहनता से जांच की जाएं। सभी पर्यवेक्षण अधिकारी, प्रबंधक थाना अपने अधीनस्थ अनुसंधानकर्तओं की बैठक लेकर उचित दिशा निर्देश दिए जाए।
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इस अवसर पर बैठक में आईजीपी वाई पूरन कुमार ने पुलिस अधिकारियों को आवश्यक दिशा निर्देश देते हुए आम जन की समस्याओं का हर संभव निदान करने की बात कही। इस दौरान पुलिस अधीक्षक भिवानी मनबीर सिंह सहित जिलेभर के पुलिस अधिकारी व सभी थाना एवं ब्रांचों के इंचार्ज मौजूद रहे।
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बैठक में सर्वप्रथम पुलिस अधीक्षक भिवानी ने जिला की भौगोलिक परिस्थितियों, थाना व चौकियों तथा मुख्य मार्गों के संबंध में पुलिस महानिरीक्षक को विस्तृत जानकारी देते हुए अवगत कराया। बैठक के दौरान अनेक विषयों तथा आपराधिक आंकड़ों की तुलनात्मक समीक्षा करते हुए पुलिस के उच्च अधिकारियों द्वारा विस्तृत विचार विमर्श किया गया।
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इनमें तुलनात्मक आपराधिक आंकड़ों के साथ-साथ स्थानीय एवं विशेष प्रावधानों के तहत आपराधिक गतिविधियों की रोकथाम करना, लंबित शिकायतों का जल्द से जल्द निपटारा, उद्घोषित अपराधी, बेल जंपर, मोस्ट वांटेड तथा आपराधिक गिरोह में शामिल दोषियों की धरपकड़ के लिए की गई कार्रवाई, अपराध की दृष्टि से संवेदनशील एरिया में पुलिस की मौजूदगी एवं निगरानी इत्यादि विषयों की समीक्षा करते हुए विस्तार पूर्वक चर्चा की गई।
पुलिस महानिरीक्षक वाई पूरन कुमार ने कहा कि पुलिस को अनुसंधान के दौरान नई तकनीकों का प्रयोग करना चाहिए। साक्ष्य एकत्रित करने के लिए आधुनिक तकनीकी साधनों का प्रयोग करे ताकि अदालत में ठोस व पुख्ता सबूत पेश किए जा सकें। इससे कि अपराधी को सख्त से सख्त सजा दिलाई जा सकें। अनुसंधान के दौरान मामले की हर पहलू से जांच करें।
इसके अतिरिक्त कानून व्यवस्था, यातायात व्यवस्था व अन्य सामान्य ड्यूटियों के दौरान भी आधुनिक तकनीकों का प्रयोग किया जा सकता है। नाकाबंदी के दौरान सख्त नाकाबंदी करके वाहनों की गहनता से जांच की जाएं। सभी पर्यवेक्षण अधिकारी, प्रबंधक थाना अपने अधीनस्थ अनुसंधानकर्तओं की बैठक लेकर उचित दिशा निर्देश दिए जाए।