हरियाणा: प्रदेश के पांच जिलों की 11 मंडियों में होगी चने की खरीद, बारिश के बाद अच्छी पैदावार की संभावना
भिवानी, हिसार में दो-दो, महेंद्रगढ़, सिरसा में तीन-तीन तो चरखी दादरी में एक मंडी खरीद के लिए निर्धारित की गई है।
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अच्छी बारिश के बाद हरियाणा में चने की बंपर पैदावार की उम्मीद भी बंधी है। सरकार ने भी इस बार पांच जिलों में चने की सरकारी खरीद के लिए 11 मंडियां भी निर्धारित कर दी हैं। इनमें भिवानी, हिसार में दो-दो, महेंद्रगढ़, सिरसा में तीन-तीन तो चरखी दादरी में एक मंडी खरीद के लिए निर्धारित की गई है। भिवानी में पिछले साल 20 हजार एकड़ में चने का उत्पादन हुआ था, लेकिन इस बार 35 हजार एकड़ में चने की बिजाई हुई है। जिसकी बारिश के बाद अच्छी पैदावार होने की संभावना है।
खाद्य नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता मामले विभाग ने भी रबी सीजन की चना फसल खरीद को लेकर अभी से मंडियों का भी आवंटन कर दिया है। जिनमें किसानों के चने की एमएसपी पर खरीद की जाएगी। जिले में रबी सीजन के दौरान दो लाख 75 हजार एकड़ में सरसों फसल में पीले फूल खिल चुके हैं, जबकि दो लाख 30 हजार एकड़ में किसानों का गेहूं अब लहलहाने लगा है।
इसी के साथ 35 हजार एकड़ में चना भी अब बारिश के बाद रेतीले क्षेत्र में हरियाली की चादर फैला रहा है। जबकि पिछले साल 20 हजार एकड़ में ही चना हुआ था, मगर समय पर बारिश नहीं होने से उत्पादन भी नहीं बढ़ा था। पिछले साल के मुकाबले इस बार 15 हजार एकड़ अधिक दायरे में चना बिजाई का रकबा भी बढ़ गया है। पिछले दिनों हुई बारिश ने चने की फसल में नया जीवन फूंक दिया। जिले में चना ज्यादातर राजस्थान की सीमा से सटे बहल, लोहारू और सिवानी क्षेत्र की रेतीली भूमि पर ही होता है।
इन मंडियों में होगी चने की खरीद
भिवानी, हिसार में दो-दो, महेंद्रगढ़, सिरसा में तीन-तीन तो चरखी दादरी में एक मंडी में चने की सरकारी खरीद होगी। भिवानी में भिवानी मुख्यालय और सिवानी मंडी शामिल है। चरखी दादरी शहर की मंडी में चना खरीद होगी। हिसार में हिसार मुख्यालय के अलावा आदमपुर मंडी में चना खरीदा जाएगा। महेंद्रगढ़ में महेंद्रगढ़, नारनौल और नांगल चौधरी मंडी में चना खरीद होगी। सिरसा जिले में डबवाली, ऐलनाबाद और सिरसा मंडी में चना खरीदा जाएगा।
इस बार जिले में चने का रकबा करीब 15 हजार एकड़ पिछले साल के मुकाबले बढ़ा है। बारिश भी अच्छी हुई है, जिसके बाद निश्चित तौर पर चने का उत्पादन भी बेहतर होगा। चने का करीब 4500 एमएसपी निर्धारित है। किसान 15 फरवरी तक अपनी फसलों का पोर्टल पर पंजीकरण करा सकते हैं। -डॉ. आत्माराम गोदारा, कृषि उपनिदेशक भिवानी।
चना खरीद के लिए मंडियों का निर्धारण किया गया है। इस संबंध में खरीद एजेंसियों को भी आवश्यक निर्देश दिए गए हैं। भिवानी और सिवानी मंडी को चनेग की खरीद के लिए निर्धारित किया गया है। जहां किसान अपना चना बेच सकेंगे। -मनीषा महरा, नोडल अधिकारी एवं जिला खाद्य एवं आपूर्ति नियंत्रक भिवानी।