चीट फंड घोटाले की तर्ज पर 24 महीनों तक फिक्स डिपाजिट कराकर 15 प्रतिशत ब्याज सहित राशि लौटाने का झांसा देकर रफूचक्कर हुई कंपनी के खिलाफ धोखाधड़ी का केस दर्ज किया है। मजदूर के 1.20 लाख रुपये ठगे गए। सिविल लाइन पुलिस ने गांव खानक निवासी पप्पू की शिकायत पर दी भिवानी देवसरिया को ऑपरेटिव प्रा. लि. कंपनी के खिलाफ धोखाधड़ी का मुकदमा दर्ज किया है। ये कंपनी कई लोगों को मोटा ब्याज दिलाने का झांसा देकर मोटी रकम ऐंठ कर रफूचक्कर हो चुकी है।
गांव खानक निवासी पप्पू ने पुलिस को दी शिकायत मेें बताया कि वह मजदूरी करता है। उसके पास एक लाख 20 हजार रुपये की नगदी थी। उसी के गांव का रामलाल ने उसे ज्यादा ब्याज दिलाने का लालच दिया और उसे दी भिवानी देवसरिया को ऑपरेटिव प्राइवेट लिमिटेड कंपनी के दफ्तर ले गया, जहां उसे बताया गया कि उसे 24 महीने की एफडी कराने पर 15 प्रतिशत ब्याज सहित उसकी रकम वापस लौटा दी जाएगी। जिसके बाद उसने 23 मार्च 2014 को एफडी करा दी थी। जिस पर उसे 23 मार्च 2016 को एक लाख 60 हजार 512 रुपये मिलने थे। ये पैसे लेने जब वह कंपनी के दफ्तर पहुंचा तो वहां पर कोई आफिस नहीं मिला। उसने मामले की शिकायत एसपी को दी। एसपी के निर्देश पर पहले मामले की जांच इक्नॉमिक सैल से कराई गई और फिर सिविल लाइन पुलिस थाने में इस संबंध में कंपनी के खिलाफ धोखाधड़ी का केस दर्ज हुआ।