{"_id":"619e8a4ba56f7f5e68627bb8","slug":"due-to-leakage-the-circular-road-was-repeatedly-submerged-now-the-support-of-the-block-bhiwani-news-hsr617724166","type":"story","status":"publish","title_hn":"ग्राउंड रिपोर्ट: सरकारी विभागों के आपसी तालमेल के अभाव में टूटा विश्वास तो धंसी व्यवस्था","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
ग्राउंड रिपोर्ट: सरकारी विभागों के आपसी तालमेल के अभाव में टूटा विश्वास तो धंसी व्यवस्था
विज्ञापन
भिवानी। सरकारी विभागों के आपसी तालमेल नहीं होने से जनता को खामियाजा भुगतना पड़ रहा है। शहर के सर्कुलर रोड पर 1400 मीटर लंबी सड़क का निर्माण डेढ़ करोड़ की लागत से चल रहा है, मगर पेयजल पाइप लाइन लीकेज के कारण सड़क तीन जगह से धंस चुकी है। तीन साल से पब्लिक हेल्थ विभाग के अधिकारी फॉल्ट की वजह तक नहीं जान पाए हैं। अब बीएंडआर विभाग धंसी हुई सड़क के हिस्से पर ब्लॉक लगाने की तैयारी में है। सर्कुलर रोड पर दो से तीन जगह ब्लॉक लगाए जाएंगे, जबकि बाकी हिस्से में तारकोल की लेयर डाली जाएगी।
वहीं, अब सवाल यह है कि नई बनी सड़क फिर से धंसी तो वाहन चालकों को करोड़ों का बजट खर्च के बाद भी हिचकोलो से निजात नहीं मिल पाएगी। संवाददाता की ग्राउंड रिपोर्ट में यह भी सामने आया कि विभागीय अधिकारी एक-दूसरे से मामले में जानकारी तो साझा करते रहे, मगर सड़क धंसने की असल वजह को अभी तक नहीं जान पाए। शहर के हांसी गेट से घंटाघर होते हुए देवसर चुंगी तक करीब 1400 मीटर तक नई सड़क बनाने के लिए डेढ़ करोड़ के बजट से काम चल रहा है। हालांकि ये सड़क करीब सात साल पहले बनाई गई थी लेकिन पाइप लाइन की लीकेज के कारण सड़क कई जगह से धंसकर टूट गई थी। धंसी हुई सड़क पर तारकोल की सड़क बनाना संभव नहीं हुआ।
डर : सड़क बनते ही कहीं लीकेज तलाशने के लिए फिर खुदाई न कर दें
बीएंडआर विभाग के अधिकारियों को डर है कि कहीं सड़क निर्माण का काम पूरा होते ही पब्लिक हेल्थ विभाग के अधिकारी लीकेज ठीक करने जगह-जगह फिर से खुदाई करने न बैठ जाएं। अगर ऐसा हुआ तो नई सड़क का ही बंटाधार हो जाएगा। पब्लिक हेल्थ विभाग के अधिकारी भी अपनी लाइनों की लीकेज की बात किसी भी सूरत में स्वीकार करने को तैयार नहीं हैं, उनका मानना है कि उनकी बड़ी सीवर लाइन बिलकुल ठीक है और सही तरीके से काम कर रही है, जबकि पानी की लाइन भी सर्दियों में प्रेशर नहीं झेल पा रही है और लीक हो रही हैं, जिसका खामियाजा नई सड़कों को भी भुगतना पड़ रहा है।
विज्ञापन
सर्कुलर रोड निर्माण का काम चल रहा है, जहां से सड़क धंसी हुई है या पानी की लाइन की लीकेज है वहां पर तारकोल की सड़क नहीं बनाई गई है, इन हिस्सों में ब्लॉक डाले जाएंगे, ताकि जरूरत पडने पर इन्हें हटाया जा सके और सड़क को भी नुकसान न पहुंचे। सर्कुलर रोड के नीचे गई जगह से सड़क सीवर व पानी की लाइन लीकेज की वजह से खराब हुई है।
- कृष्ण कुमार, कार्यकारी अभियंता, बीएंडआर
सरकुलर रोड पर कई जगह लीकेज की समस्या बनी हुई थी, जिसका फॉल्ट ढूंढकर समाधान किया जा चुका है। बड़ी सीवर लाइन भी चेक की गई है जो बिल्कुल सही है। अगर फिर से सड़क धंसती है तो फॉल्ट ढूंढने के लिए नए सिरे से प्रयास किए जाएंगे। नागरिक अस्पताल की पुरानी पेयजल लाइन में भी लीकेज मिला था, जिसे दूर कर दिया था। - सुनील रंगा, कार्यकारी अभियंता, पब्लिक हेल्थ विभाग सीवरेज शाखा
विज्ञापन
वहीं, अब सवाल यह है कि नई बनी सड़क फिर से धंसी तो वाहन चालकों को करोड़ों का बजट खर्च के बाद भी हिचकोलो से निजात नहीं मिल पाएगी। संवाददाता की ग्राउंड रिपोर्ट में यह भी सामने आया कि विभागीय अधिकारी एक-दूसरे से मामले में जानकारी तो साझा करते रहे, मगर सड़क धंसने की असल वजह को अभी तक नहीं जान पाए। शहर के हांसी गेट से घंटाघर होते हुए देवसर चुंगी तक करीब 1400 मीटर तक नई सड़क बनाने के लिए डेढ़ करोड़ के बजट से काम चल रहा है। हालांकि ये सड़क करीब सात साल पहले बनाई गई थी लेकिन पाइप लाइन की लीकेज के कारण सड़क कई जगह से धंसकर टूट गई थी। धंसी हुई सड़क पर तारकोल की सड़क बनाना संभव नहीं हुआ।
विज्ञापन
डर : सड़क बनते ही कहीं लीकेज तलाशने के लिए फिर खुदाई न कर दें
बीएंडआर विभाग के अधिकारियों को डर है कि कहीं सड़क निर्माण का काम पूरा होते ही पब्लिक हेल्थ विभाग के अधिकारी लीकेज ठीक करने जगह-जगह फिर से खुदाई करने न बैठ जाएं। अगर ऐसा हुआ तो नई सड़क का ही बंटाधार हो जाएगा। पब्लिक हेल्थ विभाग के अधिकारी भी अपनी लाइनों की लीकेज की बात किसी भी सूरत में स्वीकार करने को तैयार नहीं हैं, उनका मानना है कि उनकी बड़ी सीवर लाइन बिलकुल ठीक है और सही तरीके से काम कर रही है, जबकि पानी की लाइन भी सर्दियों में प्रेशर नहीं झेल पा रही है और लीक हो रही हैं, जिसका खामियाजा नई सड़कों को भी भुगतना पड़ रहा है।
विज्ञापन
सर्कुलर रोड निर्माण का काम चल रहा है, जहां से सड़क धंसी हुई है या पानी की लाइन की लीकेज है वहां पर तारकोल की सड़क नहीं बनाई गई है, इन हिस्सों में ब्लॉक डाले जाएंगे, ताकि जरूरत पडने पर इन्हें हटाया जा सके और सड़क को भी नुकसान न पहुंचे। सर्कुलर रोड के नीचे गई जगह से सड़क सीवर व पानी की लाइन लीकेज की वजह से खराब हुई है।
- कृष्ण कुमार, कार्यकारी अभियंता, बीएंडआर
सरकुलर रोड पर कई जगह लीकेज की समस्या बनी हुई थी, जिसका फॉल्ट ढूंढकर समाधान किया जा चुका है। बड़ी सीवर लाइन भी चेक की गई है जो बिल्कुल सही है। अगर फिर से सड़क धंसती है तो फॉल्ट ढूंढने के लिए नए सिरे से प्रयास किए जाएंगे। नागरिक अस्पताल की पुरानी पेयजल लाइन में भी लीकेज मिला था, जिसे दूर कर दिया था। - सुनील रंगा, कार्यकारी अभियंता, पब्लिक हेल्थ विभाग सीवरेज शाखा