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ओपीडी में हड्डी रोग विशेषज्ञ नहीं, 200 मरीज लौटे
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सामान्य अस्पताल में खाली पड़ा चिकित्सक कक्ष। संवाद
- फोटो : Bhiwani
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भिवानी। सामान्य अस्पताल में हड्डी रोग विशेषज्ञ न मिलने के कारण दिनभर मरीज परेशान रहे। करीब 200 मरीज उपचार के लिए पहुंचे मगर निराश ही घर लौटे। कुछ प्राइवेट अस्पताल की ओर गए। दरअसल एक हड्डी रोग विशेषज्ञ के ट्रांसफर के बाद अस्पताल की ओपीडी की सारी व्यवस्था बिगड़ गई है।
अस्पताल में हड्डी रोग विशेषज्ञ चिकित्सक सिर्फ तीन दिन ही चेकअप करते हैं। इसके लिए स्वास्थ्य विभाग द्वारा रोस्टर भी जारी कर दिया गया है। जिसमें तय समय तक हड्डी रोग विशेषज्ञ मरीजों को चेकअप करते है। सप्ताह के बाकी के तीन दिन चिकित्सक अस्पताल के ऑपरेशन थियेटर में ऑपरेशन करेंगे। तय दिन के अलावा अन्य दिनों में मरीज परेशान हैं। कुछ बिना इलाज के घर लौट रहे है तो कुछ प्राइवेट अस्पताल में जाने को मजबूर है।
वीरवार को जिला सामान्य अस्पताल की ओपीडी में करीब 200 मरीज चेकअप करवाने के लिए आए थे। मरीज सुबह नौ बजे स्लीप बनवा कर लाइन में लगे थे। दोपहर बारह बजे स्वास्थ्य विभाग के कर्मचारियों ने उन्हें सूचित किया कि आज चिकित्सक नहीं आएंगे।
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डॉ. मनीष श्योराण संभाल रहे ओपीडी और ओटी
जिला सामान्य अस्पताल में पिछले दिनों हड्डी रोग विशेषज्ञ डॉ. राजीव बेनीवाल और डॉ. मनीष श्योराण मरीजों का चेकअप करते थे। मगर पिछले दिनों डॉ. राजीव बेनीवाल का ट्रांसफर चरखी दादरी हो गया। जिसके बाद अस्पताल की ओपीडी और ऑपरेशन का कार्यभार डॉ. मनीष श्योराण के कंधों पर आ गया। डॉ. मनीष श्योराण सप्ताह में तीन दिन मंगलवार, वीरवार व शनिवार को ओपीडी में मरीजों का चेकअप कर रहे हैं और तीन दिन सोमवार, बुधवार व शुक्रवार को ऑपरेशन।
ये बोले मरीज:
मेरे पांव मेें फ्रैक्चर है। चिकित्सक से चेकअप के लिए आया था। दोपहर के बारह बजे हुए हैं अब तक चिकित्सक नहीं आए हैं। ऐसे में मेरे साथ साथ परिजन भी परेशान है। कल फिर आना पड़ेगा।
- विक्रम कुमार, मरीज।
सुबह नौ बजे परिजनों के साथ अस्पताल में चेकअप के लिए आई थी। मगर अभी चिकित्सक ओपीडी में नहीं आए हैं। अस्पताल में ड्यूटी पर तैनात स्वास्थ्य कर्मियों का कहना है कि आज चिकित्सक नहीं आएंगे, ऐसे में घर ही लौटना पड़ेगा।
- भरथो देवी, मरीज।
मेरे हाथ में चोट लगी है। चेकअप के लिए अस्पताल में आया था। पहले चेकअप स्लिप के लिए लंबी लाइन में लगना पड़ा। अब तीन घंटे के चिकित्सक का इंतजार कर रहे हैं। स्वास्थ्यकर्मियों से बार-बार पूछने के बाद भी चिकित्सक के बारे में नहीं बता रहे।
- रामानन्द, मरीज।
वर्जन-
पिछले दिनों एक चिकित्सक का तबादला हो गया था। जिसके बाद अस्पताल में एक ही हड्डी रोग विशेषज्ञ हैं। जोकि सप्ताह में तीन दिन ओपीडी और तीन दिन ऑपरेशन थियेटर में ड्यूटी दे रहे हैं। अस्पताल में मरीजों को निरंतर उचित उपचार मिल रहा है। इसके लिए स्वास्थ्य विभाग निरंतर प्रयास कर रहा है।
- डॉ. रघुबीर शांडिल्य, कार्यकारी, प्रधान चिकित्सा अधिकारी।
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अस्पताल में हड्डी रोग विशेषज्ञ चिकित्सक सिर्फ तीन दिन ही चेकअप करते हैं। इसके लिए स्वास्थ्य विभाग द्वारा रोस्टर भी जारी कर दिया गया है। जिसमें तय समय तक हड्डी रोग विशेषज्ञ मरीजों को चेकअप करते है। सप्ताह के बाकी के तीन दिन चिकित्सक अस्पताल के ऑपरेशन थियेटर में ऑपरेशन करेंगे। तय दिन के अलावा अन्य दिनों में मरीज परेशान हैं। कुछ बिना इलाज के घर लौट रहे है तो कुछ प्राइवेट अस्पताल में जाने को मजबूर है।
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वीरवार को जिला सामान्य अस्पताल की ओपीडी में करीब 200 मरीज चेकअप करवाने के लिए आए थे। मरीज सुबह नौ बजे स्लीप बनवा कर लाइन में लगे थे। दोपहर बारह बजे स्वास्थ्य विभाग के कर्मचारियों ने उन्हें सूचित किया कि आज चिकित्सक नहीं आएंगे।
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डॉ. मनीष श्योराण संभाल रहे ओपीडी और ओटी
जिला सामान्य अस्पताल में पिछले दिनों हड्डी रोग विशेषज्ञ डॉ. राजीव बेनीवाल और डॉ. मनीष श्योराण मरीजों का चेकअप करते थे। मगर पिछले दिनों डॉ. राजीव बेनीवाल का ट्रांसफर चरखी दादरी हो गया। जिसके बाद अस्पताल की ओपीडी और ऑपरेशन का कार्यभार डॉ. मनीष श्योराण के कंधों पर आ गया। डॉ. मनीष श्योराण सप्ताह में तीन दिन मंगलवार, वीरवार व शनिवार को ओपीडी में मरीजों का चेकअप कर रहे हैं और तीन दिन सोमवार, बुधवार व शुक्रवार को ऑपरेशन।
ये बोले मरीज:
मेरे पांव मेें फ्रैक्चर है। चिकित्सक से चेकअप के लिए आया था। दोपहर के बारह बजे हुए हैं अब तक चिकित्सक नहीं आए हैं। ऐसे में मेरे साथ साथ परिजन भी परेशान है। कल फिर आना पड़ेगा।
- विक्रम कुमार, मरीज।
सुबह नौ बजे परिजनों के साथ अस्पताल में चेकअप के लिए आई थी। मगर अभी चिकित्सक ओपीडी में नहीं आए हैं। अस्पताल में ड्यूटी पर तैनात स्वास्थ्य कर्मियों का कहना है कि आज चिकित्सक नहीं आएंगे, ऐसे में घर ही लौटना पड़ेगा।
- भरथो देवी, मरीज।
मेरे हाथ में चोट लगी है। चेकअप के लिए अस्पताल में आया था। पहले चेकअप स्लिप के लिए लंबी लाइन में लगना पड़ा। अब तीन घंटे के चिकित्सक का इंतजार कर रहे हैं। स्वास्थ्यकर्मियों से बार-बार पूछने के बाद भी चिकित्सक के बारे में नहीं बता रहे।
- रामानन्द, मरीज।
वर्जन-
पिछले दिनों एक चिकित्सक का तबादला हो गया था। जिसके बाद अस्पताल में एक ही हड्डी रोग विशेषज्ञ हैं। जोकि सप्ताह में तीन दिन ओपीडी और तीन दिन ऑपरेशन थियेटर में ड्यूटी दे रहे हैं। अस्पताल में मरीजों को निरंतर उचित उपचार मिल रहा है। इसके लिए स्वास्थ्य विभाग निरंतर प्रयास कर रहा है।
- डॉ. रघुबीर शांडिल्य, कार्यकारी, प्रधान चिकित्सा अधिकारी।