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बाल विवाह भारतीय समाज में कलंक : पवन
Thu, 23 Jan 2025 01:23 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, भिवानी
संवाद न्यूज एजेंसी, भिवानी
Updated Thu, 23 Jan 2025 01:23 AM IST
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वैश्य महाविद्यालय में आयोजित जागरूकता कार्यक्रम को संबोधित करते सीजेएम पवन कुमार।
भिवानी। सीजेएम-कम-सचिव पवन कुमार की अध्यक्षता में वैश्य महाविद्यालय की कानूनी साक्षरता सेल की ओर से जागरूकता कार्यक्रम करवाया गया। इस कार्यक्रम में जागरूकता का विषय बाल विवाह निषेध अधिनियम 2006 रखा गया। इस अवसर पर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट सह सचिव पवन कुमार व पैनल अधिवक्ता अनुराधा खनगवाल ने उपस्थित विद्यार्थियों को बाल विवाह निषेध अधिनियम की बारीकियां समझाईं।
पवन कुमार ने कि बाल विवाह भारतीय समाज में एक कलंक है। इस कलंक को जड़ से मिटाना है। विद्यार्थियों में ऊर्जा, लग्न व जोश भरपूर मात्रा में होता है। इस प्रकार के कार्यक्रम से विद्यार्थी स्वयं तो जागरूक होते ही है साथ में वे समाज और अपने आस पड़ोस के लोगों को जागरूक करने का भी महत्वपूर्ण कार्य कर सकते हैं।
कार्यक्रम की मुख्य वक्ता अधिवक्ता अनुराधा खनगवाल ने कहा कि बाल विवाह मानवाधिकारों का उल्लंघन है और यह लड़कियों के जीवन और स्वास्थ्य के लिए खतरा है। बाल विवाह को रोकने के लिए भारत में कानून है। बाल विवाह को रोकने के लिए सरकार और नागरिक समाज प्रयास कर रहे हैं।
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कार्यक्रम संयोजक प्रोफेसर रतन सिंह ने अवगत करवाया कि महाविद्यालय में विद्यार्थियों को कानूनी रूप से सक्षम बनाने के लिए कानूनी साक्षरता सेल का गठन किया गया है। यह सेल विद्यार्थियों को जागरूक करने के लिए समय समय पर अनेकों कार्यक्रम आयोजित करती है। महाविद्यालय की कार्यकारी प्राचार्य प्रोफेसर सविता जैन ने कहा कि समाज में सभी वर्गों के लिए कानून बने होते हैं लेकिन इन कानूनों की जानकारी के अभाव के कारण लोग इनका फायदा उठाने से वंचित रह जाते हैं। इस कार्यक्रम का मंच संचालन डॉ. हरिकेश पंघाल द्वारा किया गया। इस अवसर पर डॉ. अंजू राजन, डॉ. अनिल तंवर, डॉ. पूनम वर्मा, डॉ. श्रुति रानी उपस्थित थे।
हिट एंड रन मोटर दुर्घटना योजना पर गठित निगरानी समिति की हुई बैठक
भिवानी। हिट एंड रन मोटर दुर्घटना योजना 2022 पर गठित निगरानी समिति की ऑनलाइन बैठक हुई। बैठक में जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के सचिव एवं मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी पवन कुमार की अध्यक्षता व मार्गदर्शन में संबंधित विभिन्न विभागों के अधिकारियों ने भाग लिया।
सीजेएम पवन कुमार ने हिट एंड रन मोटर दुर्घटनाओं के मामलों की समीक्षा की। सीजेएम पवन कुमार ने सर्वोच्च न्यायालय के निर्देशों के अनुपालन में हिट एंड रन मोटर दुर्घटना योजना 2022 के अंतर्गत पीड़ितों को मुआवजे के बारे में जागरूकता पैदा करने और योजना के प्रभावी कार्यान्वयन की निगरानी के बेहतर तरीके तैयार करना मुख्य उद्देश्य बताए। मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी पवन कुमार ने बताया कि हिट-एंड-रन वाहन दुर्घटना के पीड़ितों के मुआवजे के लिए एक नई योजना को अधिसूचित किया है। इस अवसर पर एसडीएम भिवानी, तोशाम, सिवानी, लोहारू सहित पुलिस अधिकारी मौजूद रहे।
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पवन कुमार ने कि बाल विवाह भारतीय समाज में एक कलंक है। इस कलंक को जड़ से मिटाना है। विद्यार्थियों में ऊर्जा, लग्न व जोश भरपूर मात्रा में होता है। इस प्रकार के कार्यक्रम से विद्यार्थी स्वयं तो जागरूक होते ही है साथ में वे समाज और अपने आस पड़ोस के लोगों को जागरूक करने का भी महत्वपूर्ण कार्य कर सकते हैं।
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कार्यक्रम की मुख्य वक्ता अधिवक्ता अनुराधा खनगवाल ने कहा कि बाल विवाह मानवाधिकारों का उल्लंघन है और यह लड़कियों के जीवन और स्वास्थ्य के लिए खतरा है। बाल विवाह को रोकने के लिए भारत में कानून है। बाल विवाह को रोकने के लिए सरकार और नागरिक समाज प्रयास कर रहे हैं।
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कार्यक्रम संयोजक प्रोफेसर रतन सिंह ने अवगत करवाया कि महाविद्यालय में विद्यार्थियों को कानूनी रूप से सक्षम बनाने के लिए कानूनी साक्षरता सेल का गठन किया गया है। यह सेल विद्यार्थियों को जागरूक करने के लिए समय समय पर अनेकों कार्यक्रम आयोजित करती है। महाविद्यालय की कार्यकारी प्राचार्य प्रोफेसर सविता जैन ने कहा कि समाज में सभी वर्गों के लिए कानून बने होते हैं लेकिन इन कानूनों की जानकारी के अभाव के कारण लोग इनका फायदा उठाने से वंचित रह जाते हैं। इस कार्यक्रम का मंच संचालन डॉ. हरिकेश पंघाल द्वारा किया गया। इस अवसर पर डॉ. अंजू राजन, डॉ. अनिल तंवर, डॉ. पूनम वर्मा, डॉ. श्रुति रानी उपस्थित थे।
हिट एंड रन मोटर दुर्घटना योजना पर गठित निगरानी समिति की हुई बैठक
भिवानी। हिट एंड रन मोटर दुर्घटना योजना 2022 पर गठित निगरानी समिति की ऑनलाइन बैठक हुई। बैठक में जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के सचिव एवं मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी पवन कुमार की अध्यक्षता व मार्गदर्शन में संबंधित विभिन्न विभागों के अधिकारियों ने भाग लिया।
सीजेएम पवन कुमार ने हिट एंड रन मोटर दुर्घटनाओं के मामलों की समीक्षा की। सीजेएम पवन कुमार ने सर्वोच्च न्यायालय के निर्देशों के अनुपालन में हिट एंड रन मोटर दुर्घटना योजना 2022 के अंतर्गत पीड़ितों को मुआवजे के बारे में जागरूकता पैदा करने और योजना के प्रभावी कार्यान्वयन की निगरानी के बेहतर तरीके तैयार करना मुख्य उद्देश्य बताए। मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी पवन कुमार ने बताया कि हिट-एंड-रन वाहन दुर्घटना के पीड़ितों के मुआवजे के लिए एक नई योजना को अधिसूचित किया है। इस अवसर पर एसडीएम भिवानी, तोशाम, सिवानी, लोहारू सहित पुलिस अधिकारी मौजूद रहे।