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महिलाओं ने शराब के ठेके को लगाया ताला
ब्यूरो/अमर उजाला
Updated Tue, 17 May 2016 12:17 AM IST
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पानी सप्लाई में कटौती
- फोटो : Getty
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महिलाओं के उठाए सराहनीय कदम की गांव बलियाली के लोग तारीफ कर रहे है। पंचायत के चुनाव होते ही गांव की महिलाओं ने शराब के ठेके को गांव से बाहर निकलवाने की ठान ली थी। जिसके कारण सोमवार को गंाव बलियाली की सैंकड़ों महिलाओं ने गांव बलियाली मे शराब के ठेके पर ताला जड़ लिया और टेंट लगाकर धरने पर बैठ गई।
महिलाओं की मांग के आगे ठेकेदारों को झुकना पड़ा और ठेके को गांव से बाहर करवा दिया। महिलाओं को यह कामयाबी चार घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद हाथ लग पाई। अखिल भारतीय जनवादी महिला समिति की ब्लॉक प्रधान शीला रानी, प्रकाशी, पंच कमलेश रानी, पूनम, बिमला रानी, काली रानी आदि ने बताया पिछले पांच साल बलियाली में ओड़ बस्ती तथा प्राईवेट स्कूल के पास शराब को ठेका चल रहा था। जिसके चलते महिलाओं को खासकर परेशानी होती थी और शराबी गांव की महिलाओं पर फब्तियां कसते थे। जिसको लेकर पांच साल पहले हुई पंचायत में हंगामा हुआ था। परन्तु सरपंच सहित कई लोगों पर मामला दर्ज करने की बात कर सब पीछे हट गए थे। मगर गांव की पंचायत ने फिर से इस ठेके को गांव से बाहर करने का बीड़ा उठाते हुए यह प्रस्ताव पास कर डाला। जिस पर सैकड़ाें महिलाओं ने लगभग दो महीने पहले बलियाली में शराब के ठेके को ताला लगा गांव से बाहर करने की मांग की थी। जिस पर शराब ठेकेदारों ने एक सप्ताह का समय मांग ठेका से गांव से बाहर शिफ्ट करने की बात कही थी। मगर दो महीने बीत जाने के बाद शराब का ठेका ज्यो का त्यों बरकरार रहा। इसलिए सोमवार को जनवादी महिला समिति, स्वयं सहायता समूह की महिलाओं को दोबारा यह कदम उठाना पड़ा। इस दौरान अनिल संम्रवाल, संजय चैहान, बिजेन्द्र मेहरा, सरपंच सुरेश रंगा, दीपक लोहिया, पंच राघेश्याम, कुलजीत पंच, कर्ण पंच, मगतुराम ,शिवकुमार आदि ने भी उनका साथ दिया।
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महिलाओं की मांग के आगे ठेकेदारों को झुकना पड़ा और ठेके को गांव से बाहर करवा दिया। महिलाओं को यह कामयाबी चार घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद हाथ लग पाई। अखिल भारतीय जनवादी महिला समिति की ब्लॉक प्रधान शीला रानी, प्रकाशी, पंच कमलेश रानी, पूनम, बिमला रानी, काली रानी आदि ने बताया पिछले पांच साल बलियाली में ओड़ बस्ती तथा प्राईवेट स्कूल के पास शराब को ठेका चल रहा था। जिसके चलते महिलाओं को खासकर परेशानी होती थी और शराबी गांव की महिलाओं पर फब्तियां कसते थे। जिसको लेकर पांच साल पहले हुई पंचायत में हंगामा हुआ था। परन्तु सरपंच सहित कई लोगों पर मामला दर्ज करने की बात कर सब पीछे हट गए थे। मगर गांव की पंचायत ने फिर से इस ठेके को गांव से बाहर करने का बीड़ा उठाते हुए यह प्रस्ताव पास कर डाला। जिस पर सैकड़ाें महिलाओं ने लगभग दो महीने पहले बलियाली में शराब के ठेके को ताला लगा गांव से बाहर करने की मांग की थी। जिस पर शराब ठेकेदारों ने एक सप्ताह का समय मांग ठेका से गांव से बाहर शिफ्ट करने की बात कही थी। मगर दो महीने बीत जाने के बाद शराब का ठेका ज्यो का त्यों बरकरार रहा। इसलिए सोमवार को जनवादी महिला समिति, स्वयं सहायता समूह की महिलाओं को दोबारा यह कदम उठाना पड़ा। इस दौरान अनिल संम्रवाल, संजय चैहान, बिजेन्द्र मेहरा, सरपंच सुरेश रंगा, दीपक लोहिया, पंच राघेश्याम, कुलजीत पंच, कर्ण पंच, मगतुराम ,शिवकुमार आदि ने भी उनका साथ दिया।
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