{"_id":"578bd7824f1c1b6137c4bc4b","slug":"bhiwani-news-heavy-rain-flooded-city","type":"story","status":"publish","title_hn":"68 एमएम बरसात, जलमग्न हुआ शहर ","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
68 एमएम बरसात, जलमग्न हुआ शहर
अमर उजाला ब्यूरो
Updated Mon, 18 Jul 2016 12:37 AM IST
विज्ञापन
जलभराव
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विज्ञापन
भिवानी में शनिवार देर रात व रविवार को दोपहर तक शहर में करीब 68 एमएम बरसात हुई। बरसात के बाद शहर की लगभग सभी सड़कों पर पानी ही पानी नजर आ रहा था। कहीं दो फुट तक पानी भरा था तो कहीं चार। निचले इलाकों में तो पानी घरों और दुकानों में भी घुस गया। जनस्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों, कर्मचारियों ने करीब सात घंटे की मशक्कत व अतिरिक्त पंप चलाकर शहर की सड़कों से बरसाती पानी को निकाला। सीटीएम ने अधिकारियों की टीम के साथ शहर का निरीक्षण भी किया।
पिछले तीन दिन में शहरी क्षेत्र में करीब 133 एमएम बरसात हो चुकी है। शनिवार देर रात करीब एक बजे के बाद तेज बरसात शुरू हुई। कभी रुकती तो कभी तेज होती रही। सुबह-सवेरे कुछ समय रुकने के बाद फिर तेज बरसात हुई। बरसात दोपहर करीब डेढ़ बजे तक चलती रही। उसके बाद भी हल्की बूंदाबांदी हुई। सिर्फ रात-रात में करीब 33 एमएम बरसात दर्ज की गई। वहीं रविवार को भी करीब 35 एमएम बरसात हुई। 68 एमएम बरसात के बाद शहर की सड़कों पर सिर्फ पानी ही पानी नजर आ रहा था। बीटीएम चौक के पास रेस्ट हाउस जाने वाले मार्ग पर चार फुट तक पानी भरा था। ऐसा ही हाल दिनोद गेट से देवसर चुंगी मार्ग का था। रोहतक गेट, बावड़ी गेट, दादरी गेट, जालान अस्पताल के सामने, पुराना बस स्टैंड, शिव नगर कॉलोनी, विकास नगर, कन्हीराम अस्पताल क्षेत्र में भी तीन फुट तक बरसाती पानी जमा था।
सात घंटे, 16 पंप, फिर भी नहीं निकला पूरा पानी
शहर में जलभराव के बार हरकत में आए जनस्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों ने अतिरिक्त पंप चलवाकर करीब सात घंटे से अधिक समय तक मेहनत कर शहर की सड़कों पर जमा बरसाती पानी निकलवाया। बिजली के कट भी परेशानी बने। सायं को टीम ने रोहतक गेट व विकास नगर कॉलोनी में भरे पानी को निकलवाया। देर सायं स्वास्थ्य विभाग के कर्मचारी कन्हीराम अस्पताल, दिनोद गेट क्षेत्र, शिवनगर कॉलोनी, विकास नगर के पिछले हिस्से से बरसाती पानी निकालने के प्रयास में जुटे रहे।
विज्ञापन
अब गंदे पानी की सप्लाई का खतरा, आज से होगी सुपर क्लोरिनेशन
शहर में जलभराव के बाद गंदे पानी की सप्लाई का खतरा मंडरा रहा है। सीटीएम, नायब तहसीलदार ने इस बारे में जनस्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों से भी विचार-विमर्श किया। निर्णय लिया गया कि सोमवार से सुपर क्लोरिनेशन होगी। पहले पानी में जहां दो पीपीएम तक क्लोरिनेशन होता था वहीं अब चार पीपीएम तक क्लोरिनेशन होगा।
पूर्व सीएम के आवास के बाहर ही भरा भारी पानी, एसपी आवास, रेस्ट हाउस भी डूबे
बरसात के कारण न केवल मुख्य सड़कों पर जलभराव देखा गया वहीं पूर्व मुख्यमंत्री बंसीलाल के विजय नगर स्थित आवास के बाहर भी भारी मात्रा में पानी भरा रहा। आवागमन भी लगभग ठप रहा। पूर्व मुख्यमंत्री बनारसी दास गुप्त के हांसी मार्ग स्थित आवास के बाहर मुख्य सड़क पर भी पानी भरा रहा। इन नेताओं के अलावा रेस्ट हाउस के मुख्य गेट पर भी दो से ढाई फुट तक पानी भरा। एसपी आवास के बाहर भी भारी मात्रा में पानी जमा रहा।
शहरवासियों के लिए बरसात बनी आफत : वासुदेव शर्मा
भिवानी। अच्छे दिनों के दावे कर सता में आने वाली भाजपा के कार्यकाल में कैसे अच्छे दिन आ रहे है यह सड़क पर जमा बरसाती पानी बता रहा है। लोग जलभराव से परेशान है और पिछली सरकार को याद कर रहे है। यह बात पूर्व मंत्री व वरिष्ठ कांग्रेसी नेता वासुदेव शर्मा ने कही। उन्होंने कहा कि कांग्रेस सरकार के कार्यकाल में भी तेज बारिश हुई मगर बेहतर व्यवस्था व पूर्व जनस्वास्थ्य मंत्री की कार्यशैली व कर्मचारियों पर पकड़ के कारण लोगों को जलभराव का सामना नहीं करना पड़ा। आज के जनस्वास्थ्य अभियांत्रिकी मंत्री प्रॉपर्टी डिलिंग व अतिरिक्त कमाई में व्यवस्था और अधिकारी, कर्मचारी बेलगाम है। जिस कारण विकास भी ठप है। खामियाजा शहर की जनता को उठाना पड़ रहा है।
पिछले तीन दिन में शहरी क्षेत्र में करीब 133 एमएम बरसात हो चुकी है। शनिवार देर रात करीब एक बजे के बाद तेज बरसात शुरू हुई। कभी रुकती तो कभी तेज होती रही। सुबह-सवेरे कुछ समय रुकने के बाद फिर तेज बरसात हुई। बरसात दोपहर करीब डेढ़ बजे तक चलती रही। उसके बाद भी हल्की बूंदाबांदी हुई। सिर्फ रात-रात में करीब 33 एमएम बरसात दर्ज की गई। वहीं रविवार को भी करीब 35 एमएम बरसात हुई। 68 एमएम बरसात के बाद शहर की सड़कों पर सिर्फ पानी ही पानी नजर आ रहा था। बीटीएम चौक के पास रेस्ट हाउस जाने वाले मार्ग पर चार फुट तक पानी भरा था। ऐसा ही हाल दिनोद गेट से देवसर चुंगी मार्ग का था। रोहतक गेट, बावड़ी गेट, दादरी गेट, जालान अस्पताल के सामने, पुराना बस स्टैंड, शिव नगर कॉलोनी, विकास नगर, कन्हीराम अस्पताल क्षेत्र में भी तीन फुट तक बरसाती पानी जमा था।
विज्ञापन
सात घंटे, 16 पंप, फिर भी नहीं निकला पूरा पानी
शहर में जलभराव के बार हरकत में आए जनस्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों ने अतिरिक्त पंप चलवाकर करीब सात घंटे से अधिक समय तक मेहनत कर शहर की सड़कों पर जमा बरसाती पानी निकलवाया। बिजली के कट भी परेशानी बने। सायं को टीम ने रोहतक गेट व विकास नगर कॉलोनी में भरे पानी को निकलवाया। देर सायं स्वास्थ्य विभाग के कर्मचारी कन्हीराम अस्पताल, दिनोद गेट क्षेत्र, शिवनगर कॉलोनी, विकास नगर के पिछले हिस्से से बरसाती पानी निकालने के प्रयास में जुटे रहे।
विज्ञापन
अब गंदे पानी की सप्लाई का खतरा, आज से होगी सुपर क्लोरिनेशन
शहर में जलभराव के बाद गंदे पानी की सप्लाई का खतरा मंडरा रहा है। सीटीएम, नायब तहसीलदार ने इस बारे में जनस्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों से भी विचार-विमर्श किया। निर्णय लिया गया कि सोमवार से सुपर क्लोरिनेशन होगी। पहले पानी में जहां दो पीपीएम तक क्लोरिनेशन होता था वहीं अब चार पीपीएम तक क्लोरिनेशन होगा।
पूर्व सीएम के आवास के बाहर ही भरा भारी पानी, एसपी आवास, रेस्ट हाउस भी डूबे
बरसात के कारण न केवल मुख्य सड़कों पर जलभराव देखा गया वहीं पूर्व मुख्यमंत्री बंसीलाल के विजय नगर स्थित आवास के बाहर भी भारी मात्रा में पानी भरा रहा। आवागमन भी लगभग ठप रहा। पूर्व मुख्यमंत्री बनारसी दास गुप्त के हांसी मार्ग स्थित आवास के बाहर मुख्य सड़क पर भी पानी भरा रहा। इन नेताओं के अलावा रेस्ट हाउस के मुख्य गेट पर भी दो से ढाई फुट तक पानी भरा। एसपी आवास के बाहर भी भारी मात्रा में पानी जमा रहा।
शहरवासियों के लिए बरसात बनी आफत : वासुदेव शर्मा
भिवानी। अच्छे दिनों के दावे कर सता में आने वाली भाजपा के कार्यकाल में कैसे अच्छे दिन आ रहे है यह सड़क पर जमा बरसाती पानी बता रहा है। लोग जलभराव से परेशान है और पिछली सरकार को याद कर रहे है। यह बात पूर्व मंत्री व वरिष्ठ कांग्रेसी नेता वासुदेव शर्मा ने कही। उन्होंने कहा कि कांग्रेस सरकार के कार्यकाल में भी तेज बारिश हुई मगर बेहतर व्यवस्था व पूर्व जनस्वास्थ्य मंत्री की कार्यशैली व कर्मचारियों पर पकड़ के कारण लोगों को जलभराव का सामना नहीं करना पड़ा। आज के जनस्वास्थ्य अभियांत्रिकी मंत्री प्रॉपर्टी डिलिंग व अतिरिक्त कमाई में व्यवस्था और अधिकारी, कर्मचारी बेलगाम है। जिस कारण विकास भी ठप है। खामियाजा शहर की जनता को उठाना पड़ रहा है।