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Ambala News: ग्लास ब्लोइंग और लेंस मेकिंग कोर्स के साथ ही मिलेगी नौकरी
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अंबाला सिटी। अब जिले में ग्लास ब्लोइंग और लेंस मेकिंग के लिए इंडस्ट्री को कुशल कर्मचारियों की कमी नहीं होगी। उसके लिए शहर के राजकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान में ग्लास ब्लोइंग और लेंस मेकिंग कोर्स शुरू होगा। हर कोर्स में 100 सीट पर दाखिला किया जाएगा।
नए सत्र से यह कोर्स शुरू होंगे। कोर्स में दाखिला देने के लिए आईटीआई में कार्य भी शुरू हो गया है। खास बात यह होगी कि कोर्स के करने के दौरान ही विद्यार्थियों को रोजगार मिलेगा। इसके लिए इंडस्ट्री और सरकार के बीच करार भी हुआ है। कोर्स करने के बाद इंडस्ट्री में विद्यार्थी को नौकरी पर रखना भी जरूरी होगा।
छह महीने का होगा कोर्स, प्रैक्टिकल भी करेंगे ः शहर के राजकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान के प्राचार्य भूपिंद्र सिंह सांगवान ने बताया कि इन कोर्स के लिए राजकीय आईटीआई में दाखिला शुरू हो गया है। कोर्स के लिए थ्योरी यानि पढ़ाई आईटीआई में करवाई जाएगी। साथ ही विद्यार्थी इंडस्ट्री में जाकर प्रैक्टिकल कर सकेंगे और कार्य को सीख सकेंगे। यह कोर्स छह माह का होगा। उन्होंने बताया कि अंबाला साइंटिफिक इंस्ट्रूमेंट मैन्युफैक्चरर्स एसोसिएशन का सरकार के साथ करार हुआ है। सरकार इंडस्ट्री को प्रति विद्यार्थी को ट्रेंड करने के लिए 25 हजार रुपये देगी। यह पैसा सीधा इंडस्ट्री को मिलेगा। इंडस्ट्री को भी यह लिखकर देना होगा कि जिस विद्यार्थी को उन्होंने प्रशिक्षण दिया है, उनको वह नौकरी भी देंगे। अंबाला की विभिन्न इंडस्ट्री में करीब 5 हजार कुशल कर्मचारियों की मांग है।
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असीमा की पहल का नतीजा : अंबाला साइंटिफिक इंस्ट्रूमेंट मैन्युफैक्चरर्स एसोसिएशन के महासचिव गौरव सोनी ने बताया कि शहर की राजकीय आईटीआई में ग्लास ब्लोइंग व लेंस मेकिंग कोर्स शुरू हो रहा है। यह असीमा की पहल का नतीजा है। उन्होंने विभिन्न कार्यक्रम में सरकार के समक्ष मांग रखी थी कि पढ़ाई के दौरान कोर्स भी जिले की इंडस्ट्री के हिसाब से होने चाहिए। अब सरकार की ओर से राजकीय आईटीआई में यह दोनों कोर्स शुरू किए जा रहे हैं। पहले यह कोर्स चेन्नई की आईटीआई में चल रहे थे, मगर अब अपने ही जिले में कोर्स विद्यार्थियों को मिलेंगे। इससे विद्यार्थियों को जिले की ही इंडस्ट्री में ही रोजगार मिल सकेगा। साथ ही इंडस्ट्री में कर्मचारियों की कमी पूरी होगी। जिले की बात करें तो यहां 1 हजार से ऊपर इंडस्ट्री की यूनिट है। इसी तरह छावनी व साहा में 400 से 500 यूनिट हैं। उन्होंने बताया कि नए सत्र से लेंस मेकिंग कोर्स शुरू होगा, जबकि ग्लास ब्लोइंग कोर्स अगले वर्ष से शुरू होने की उम्मीद है।
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नए सत्र से यह कोर्स शुरू होंगे। कोर्स में दाखिला देने के लिए आईटीआई में कार्य भी शुरू हो गया है। खास बात यह होगी कि कोर्स के करने के दौरान ही विद्यार्थियों को रोजगार मिलेगा। इसके लिए इंडस्ट्री और सरकार के बीच करार भी हुआ है। कोर्स करने के बाद इंडस्ट्री में विद्यार्थी को नौकरी पर रखना भी जरूरी होगा।
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छह महीने का होगा कोर्स, प्रैक्टिकल भी करेंगे ः शहर के राजकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान के प्राचार्य भूपिंद्र सिंह सांगवान ने बताया कि इन कोर्स के लिए राजकीय आईटीआई में दाखिला शुरू हो गया है। कोर्स के लिए थ्योरी यानि पढ़ाई आईटीआई में करवाई जाएगी। साथ ही विद्यार्थी इंडस्ट्री में जाकर प्रैक्टिकल कर सकेंगे और कार्य को सीख सकेंगे। यह कोर्स छह माह का होगा। उन्होंने बताया कि अंबाला साइंटिफिक इंस्ट्रूमेंट मैन्युफैक्चरर्स एसोसिएशन का सरकार के साथ करार हुआ है। सरकार इंडस्ट्री को प्रति विद्यार्थी को ट्रेंड करने के लिए 25 हजार रुपये देगी। यह पैसा सीधा इंडस्ट्री को मिलेगा। इंडस्ट्री को भी यह लिखकर देना होगा कि जिस विद्यार्थी को उन्होंने प्रशिक्षण दिया है, उनको वह नौकरी भी देंगे। अंबाला की विभिन्न इंडस्ट्री में करीब 5 हजार कुशल कर्मचारियों की मांग है।
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असीमा की पहल का नतीजा : अंबाला साइंटिफिक इंस्ट्रूमेंट मैन्युफैक्चरर्स एसोसिएशन के महासचिव गौरव सोनी ने बताया कि शहर की राजकीय आईटीआई में ग्लास ब्लोइंग व लेंस मेकिंग कोर्स शुरू हो रहा है। यह असीमा की पहल का नतीजा है। उन्होंने विभिन्न कार्यक्रम में सरकार के समक्ष मांग रखी थी कि पढ़ाई के दौरान कोर्स भी जिले की इंडस्ट्री के हिसाब से होने चाहिए। अब सरकार की ओर से राजकीय आईटीआई में यह दोनों कोर्स शुरू किए जा रहे हैं। पहले यह कोर्स चेन्नई की आईटीआई में चल रहे थे, मगर अब अपने ही जिले में कोर्स विद्यार्थियों को मिलेंगे। इससे विद्यार्थियों को जिले की ही इंडस्ट्री में ही रोजगार मिल सकेगा। साथ ही इंडस्ट्री में कर्मचारियों की कमी पूरी होगी। जिले की बात करें तो यहां 1 हजार से ऊपर इंडस्ट्री की यूनिट है। इसी तरह छावनी व साहा में 400 से 500 यूनिट हैं। उन्होंने बताया कि नए सत्र से लेंस मेकिंग कोर्स शुरू होगा, जबकि ग्लास ब्लोइंग कोर्स अगले वर्ष से शुरू होने की उम्मीद है।