{"_id":"620412b2eed1b75c275aca5c","slug":"were-settled-here-for-better-facilities-trapped-in-the-web-of-problems-ambala-news-knl98482021","type":"story","status":"publish","title_hn":"यहां बसे थे बेहतर सुविधाओं के लिए, फंस गए समस्याओं के मकड़जाल में","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
यहां बसे थे बेहतर सुविधाओं के लिए, फंस गए समस्याओं के मकड़जाल में
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
अंबाला सिटी। अंबाला शहर के सेक्टर दस में मूलभूत सुविधाएं न होने से लोग परेशान हैं। लोगों ने यह सोचकर यहां आशियाना बनाया था कि यहां उन्हें बेहतर सुविधाएं मिलेंगी लेकिन हालात इसके विपरीत हैं। लोगों को यहां मूलभूत सुविधाओं से वंचित होना पड़ रहा है।
सेक्टर में सीवरेज ब्लॉक चल रहे हैं। इससे सेक्टर की कई गलियों में गंदे पानी का रिसाव हो रहा है। लोगों का कहना है कि सीवरेज की समस्या बहुत लंबे समय से चलती आ रही है। इस समस्या के बारे कई बार हुडा विभागीय अधिकारियों को सूचित किया जा चुका है लेकिन समस्या बरकार चल रही है। लोगों का कहना है कि सेक्टर दस की एसोसिएशन की ओर से सीवरेज पर लाखों रुपये खर्च किए जा चुके हैं जबकि जिम्मेदारी हुड्डा विभाग की है। लोगों ने पिछले बरसाती सीजन से पहले एसोसिएशन के माध्यम से करीब 850 फीट लंबी सीवरेज पाईप लाईन डाली गई थी। जिस पर करीब दो लाख रुपये खर्च किए गए थे। इसके बाद भी कुछ एरिया में आज भी सीवरेज लीकेज और ब्लॉक होने की समस्या चल रही है।
धीमी गति से चल रहा है मार्केट कांप्लेक्स का निर्माण कार्य
एसोसिएशन प्रधान कमल सिंगला, नीरू वढेरा, देशबंधु मेहता, विजयधीर, अंजू मित्तल, गोविंद नागपाल आदि ने बताया कि सेक्टर में पिछले करीब दो वर्ष से पार्किंग व मार्केट कांप्लेक्स बनाने का कार्य निर्माणाधीन है। इसका कार्य धीमी गति से चल रहा है। बीते दिसंबर में इसका कार्य पूरा करने की अंतिम तिथि संबंधित विभाग की ओर से दी गई थी, मगर आज भी कार्य निर्माणाधीन है। स्थानीय निवासी नीरू वढेरा ने बताया कि इस निर्माण कार्य में जो सामग्री लगाई जा रही है। उसकी गुणवत्ता ठीक नहीं है। प्रशासन को चाहिए कि इस निर्माण कार्य में लगाई जाने वाली सामग्री की गुणवत्ता की जांच की जाए।
विज्ञापन
अधूरे पड़े मकानों में उगी कई फीट ऊंची घास
सेक्टर में कुछ लोगों ने अपने प्लॉटों में मात्र 25 प्रतिशत का रिहायशी भवन का निर्माण करवाया हुआ है। यह सब हुडा विभाग पॉलिसी के तहत लगने वाले जुर्माने से बचने के लिए किया गया है कि कहीं हुडा विभाग उन पर कोई जुर्माना आदि न लगा सके। आज उन 25 प्रतिशत मकानों की हालत बहुत खराब हो चुकी है। इनमें कई फीट ऊंची घास उगी हुई है। सेक्टर के बीच करीब 35 प्रतिशत प्लॉट ऐसे हैं, जोकि खाली पड़े हुए हैं। वह सभी प्लॉट तालाब का रूप ले चुके हैं। इनमें बरसाती पानी सड़ने से गंदगी का आलम बना हुआ है।
खराब लाइटें ठीक नहीं हुई
सेक्टर दस में लगी लाइटें भी ठीक नहीं हैं। जो लाइट खराब हुई वह दोबारा ठीक नहीं हुई। प्रत्येक गली के बीच लाइटें खराब अवस्था में देखी जा सकती हैं। सेक्टर का बहुत क्षेत्र ऐसा भी है। जहां पर लाइट ही नहीं है। हुडा प्रशासन सेक्टर वासियों की समस्याओं को लेकर गंभीर दिखाई नहीं दे रहा है।
पिछले करीब दो वर्ष से सेक्टर दस में मार्केट कांप्लेक्स व पार्किंग का निर्माण कार्य चल रहा है। इस निर्माण कार्य बहुत धीमी गति से हो रहा है। यह निर्माण कार्य छह महीने में पूरा हो सकता था। कई बार बीच बीच में ठेकेदार की ओर से निर्माण कार्य बंद कर दिया गया। बीते दिसंबर में इस निर्माण कार्य को पूरा करने की अंतिम तारीख तय की गई थी। लेकिन जिस गति से यह कार्य चल रहा है। करीब तीन महीने और लगने की संभावना है।
- देशबंधु मेहता, निवासी, सेक्टर 10
सेक्टर दस की गलियों में स्ट्रीट लाइटों की व्यवस्था कुछ खास नहीं है। ज्यादातर लाइटें खराब पड़ी हैं। जिसको ठीक नहीं किया जा रहा है। शाम होते ही गलियों में अंधेरा पसर जाता है। सेक्टर में सुविधाओं के नाम पर कुछ भी नहीं मिल रहा है। सेक्टर से बेहतर तो निजी कॉलोनियों में सुविधाएं मिल रही हैं। प्रशासन को सेक्टरवासियों की समस्याओं पर संज्ञान जरूर लेना चाहिए।
- अंजू मित्तल, निवासी, सेक्टर 10
सेक्टर दस में करीब 35 से 40 वर्ष पहले सीवरेज डाला गया था। उस दौरान सीवरेज का धरातल लेवल पर कोई काम नहीं किया गया था। जिसका खामियाजा सेक्टरवासी भुगत रहे हैं। हैरानी की बात यह है कि इतने वर्ष बीत गए, लेकिन हुडा विभाग सीवरेज की समस्या को गंभीरता से नहीं ले रहा है। सेक्टर की कई गलियां ऐसी हैं। जहां पर सीवरेज पूरी तरह से ब्लॉक है और सीवरेज से गंदे पानी का रिसाव हो रहा है।
- गोविंद नागपाल, निवासी, सेक्टर 10
सेक्टर दस के बीच करीब 35 प्रतिशत प्लॉट ऐसे हैं। जोकि खाली पड़े हैं। उन प्लॉटों में कई फीट तक लंबी जंगली घास व अन्य प्रकार की बूटी पैदा हो चुकी है। साथ ही उनके बीच बरसाती व सीवरेज आदि का गंदा पानी से जलभराव की स्थिति बनी हुई है। वही गंदा पानी सड़ने के कारण गंदी बदबू आ रही है। हुडा विभाग को चाहिए कि खाली पड़े प्लॉट मालिकों को नोटिस भेजे ताकि सफाई व्यवस्था की दृष्टि से सेक्टर साफ सुथरा हो सके।
- विजय धीर, निवासी, सेक्टर 10
बीते वर्ष बरसाती सीजन से पहले सेक्टर दस की एसोसिएशन की ओर से गंदे पानी की निकासी को सुचारु रूप से चलाने के लिए करीब दो लाख खर्च कर सीवरेज की पाईप लाइन डलवाई गई थी। ताकि लोगों को बरसाती पानी से होने वाली दिक्कतों का सामना न करना पड़े। इन सब समस्याओं के बारे में संबंधित विभाग को भली भांति पता है। कार्रवाई के नाम पर कुछ भी नहीं हो रहा है।
- कमल सिंगला, प्रधान, सेक्टर 10 एसोसिएशन।
सेक्टर में सुविधाओं के नाम पर कुछ भी नहीं है। सेक्टरवासियों को मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध करवाना हुडा विभाग व प्रशासन की जिम्मेदारी बनती है, मगर अधिकारियों की ओर से कुछ भी नहीं किया जा रहा है। आज सेक्टर में सीवरेज व्यवस्था चरमराई हुई है। लाइटें ज्यादातर खराब पड़ी हैं। खाली प्लॉटों में गंदगी का आलम बरकार है। कुछ लोगों की ओर से बनाए गए 25 प्रतिशत मकानों की खस्ता हालत है।
- नीरू वढ़ेरा, निवासी, सेक्टर 10
सेक्टर दस में सीवरेज से संबंधित समस्या अभी तक संज्ञान में नहीं आई है। सेक्टरवासियों को मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध करवाना हुडा विभाग की जिम्मेदारी है। इस मामले पर संबंधित अधिकारियों से बातचीत की जाएगी। यदि सेक्टर में किसी प्रकार की समस्या स्थानीय लोगों को हो रही है। उस पर संज्ञान लेते हुए कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।
हितेश कुमार, एसडीएम, अंबाला, हुडा विभाग सीनियर अधिकारी।
विज्ञापन
सेक्टर में सीवरेज ब्लॉक चल रहे हैं। इससे सेक्टर की कई गलियों में गंदे पानी का रिसाव हो रहा है। लोगों का कहना है कि सीवरेज की समस्या बहुत लंबे समय से चलती आ रही है। इस समस्या के बारे कई बार हुडा विभागीय अधिकारियों को सूचित किया जा चुका है लेकिन समस्या बरकार चल रही है। लोगों का कहना है कि सेक्टर दस की एसोसिएशन की ओर से सीवरेज पर लाखों रुपये खर्च किए जा चुके हैं जबकि जिम्मेदारी हुड्डा विभाग की है। लोगों ने पिछले बरसाती सीजन से पहले एसोसिएशन के माध्यम से करीब 850 फीट लंबी सीवरेज पाईप लाईन डाली गई थी। जिस पर करीब दो लाख रुपये खर्च किए गए थे। इसके बाद भी कुछ एरिया में आज भी सीवरेज लीकेज और ब्लॉक होने की समस्या चल रही है।
विज्ञापन
धीमी गति से चल रहा है मार्केट कांप्लेक्स का निर्माण कार्य
एसोसिएशन प्रधान कमल सिंगला, नीरू वढेरा, देशबंधु मेहता, विजयधीर, अंजू मित्तल, गोविंद नागपाल आदि ने बताया कि सेक्टर में पिछले करीब दो वर्ष से पार्किंग व मार्केट कांप्लेक्स बनाने का कार्य निर्माणाधीन है। इसका कार्य धीमी गति से चल रहा है। बीते दिसंबर में इसका कार्य पूरा करने की अंतिम तिथि संबंधित विभाग की ओर से दी गई थी, मगर आज भी कार्य निर्माणाधीन है। स्थानीय निवासी नीरू वढेरा ने बताया कि इस निर्माण कार्य में जो सामग्री लगाई जा रही है। उसकी गुणवत्ता ठीक नहीं है। प्रशासन को चाहिए कि इस निर्माण कार्य में लगाई जाने वाली सामग्री की गुणवत्ता की जांच की जाए।
विज्ञापन
अधूरे पड़े मकानों में उगी कई फीट ऊंची घास
सेक्टर में कुछ लोगों ने अपने प्लॉटों में मात्र 25 प्रतिशत का रिहायशी भवन का निर्माण करवाया हुआ है। यह सब हुडा विभाग पॉलिसी के तहत लगने वाले जुर्माने से बचने के लिए किया गया है कि कहीं हुडा विभाग उन पर कोई जुर्माना आदि न लगा सके। आज उन 25 प्रतिशत मकानों की हालत बहुत खराब हो चुकी है। इनमें कई फीट ऊंची घास उगी हुई है। सेक्टर के बीच करीब 35 प्रतिशत प्लॉट ऐसे हैं, जोकि खाली पड़े हुए हैं। वह सभी प्लॉट तालाब का रूप ले चुके हैं। इनमें बरसाती पानी सड़ने से गंदगी का आलम बना हुआ है।
खराब लाइटें ठीक नहीं हुई
सेक्टर दस में लगी लाइटें भी ठीक नहीं हैं। जो लाइट खराब हुई वह दोबारा ठीक नहीं हुई। प्रत्येक गली के बीच लाइटें खराब अवस्था में देखी जा सकती हैं। सेक्टर का बहुत क्षेत्र ऐसा भी है। जहां पर लाइट ही नहीं है। हुडा प्रशासन सेक्टर वासियों की समस्याओं को लेकर गंभीर दिखाई नहीं दे रहा है।
पिछले करीब दो वर्ष से सेक्टर दस में मार्केट कांप्लेक्स व पार्किंग का निर्माण कार्य चल रहा है। इस निर्माण कार्य बहुत धीमी गति से हो रहा है। यह निर्माण कार्य छह महीने में पूरा हो सकता था। कई बार बीच बीच में ठेकेदार की ओर से निर्माण कार्य बंद कर दिया गया। बीते दिसंबर में इस निर्माण कार्य को पूरा करने की अंतिम तारीख तय की गई थी। लेकिन जिस गति से यह कार्य चल रहा है। करीब तीन महीने और लगने की संभावना है।
- देशबंधु मेहता, निवासी, सेक्टर 10
सेक्टर दस की गलियों में स्ट्रीट लाइटों की व्यवस्था कुछ खास नहीं है। ज्यादातर लाइटें खराब पड़ी हैं। जिसको ठीक नहीं किया जा रहा है। शाम होते ही गलियों में अंधेरा पसर जाता है। सेक्टर में सुविधाओं के नाम पर कुछ भी नहीं मिल रहा है। सेक्टर से बेहतर तो निजी कॉलोनियों में सुविधाएं मिल रही हैं। प्रशासन को सेक्टरवासियों की समस्याओं पर संज्ञान जरूर लेना चाहिए।
- अंजू मित्तल, निवासी, सेक्टर 10
सेक्टर दस में करीब 35 से 40 वर्ष पहले सीवरेज डाला गया था। उस दौरान सीवरेज का धरातल लेवल पर कोई काम नहीं किया गया था। जिसका खामियाजा सेक्टरवासी भुगत रहे हैं। हैरानी की बात यह है कि इतने वर्ष बीत गए, लेकिन हुडा विभाग सीवरेज की समस्या को गंभीरता से नहीं ले रहा है। सेक्टर की कई गलियां ऐसी हैं। जहां पर सीवरेज पूरी तरह से ब्लॉक है और सीवरेज से गंदे पानी का रिसाव हो रहा है।
- गोविंद नागपाल, निवासी, सेक्टर 10
सेक्टर दस के बीच करीब 35 प्रतिशत प्लॉट ऐसे हैं। जोकि खाली पड़े हैं। उन प्लॉटों में कई फीट तक लंबी जंगली घास व अन्य प्रकार की बूटी पैदा हो चुकी है। साथ ही उनके बीच बरसाती व सीवरेज आदि का गंदा पानी से जलभराव की स्थिति बनी हुई है। वही गंदा पानी सड़ने के कारण गंदी बदबू आ रही है। हुडा विभाग को चाहिए कि खाली पड़े प्लॉट मालिकों को नोटिस भेजे ताकि सफाई व्यवस्था की दृष्टि से सेक्टर साफ सुथरा हो सके।
- विजय धीर, निवासी, सेक्टर 10
बीते वर्ष बरसाती सीजन से पहले सेक्टर दस की एसोसिएशन की ओर से गंदे पानी की निकासी को सुचारु रूप से चलाने के लिए करीब दो लाख खर्च कर सीवरेज की पाईप लाइन डलवाई गई थी। ताकि लोगों को बरसाती पानी से होने वाली दिक्कतों का सामना न करना पड़े। इन सब समस्याओं के बारे में संबंधित विभाग को भली भांति पता है। कार्रवाई के नाम पर कुछ भी नहीं हो रहा है।
- कमल सिंगला, प्रधान, सेक्टर 10 एसोसिएशन।
सेक्टर में सुविधाओं के नाम पर कुछ भी नहीं है। सेक्टरवासियों को मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध करवाना हुडा विभाग व प्रशासन की जिम्मेदारी बनती है, मगर अधिकारियों की ओर से कुछ भी नहीं किया जा रहा है। आज सेक्टर में सीवरेज व्यवस्था चरमराई हुई है। लाइटें ज्यादातर खराब पड़ी हैं। खाली प्लॉटों में गंदगी का आलम बरकार है। कुछ लोगों की ओर से बनाए गए 25 प्रतिशत मकानों की खस्ता हालत है।
- नीरू वढ़ेरा, निवासी, सेक्टर 10
सेक्टर दस में सीवरेज से संबंधित समस्या अभी तक संज्ञान में नहीं आई है। सेक्टरवासियों को मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध करवाना हुडा विभाग की जिम्मेदारी है। इस मामले पर संबंधित अधिकारियों से बातचीत की जाएगी। यदि सेक्टर में किसी प्रकार की समस्या स्थानीय लोगों को हो रही है। उस पर संज्ञान लेते हुए कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।
हितेश कुमार, एसडीएम, अंबाला, हुडा विभाग सीनियर अधिकारी।