{"_id":"57fe80624f1c1b67522903ed","slug":"trifck-kanun-dingher-dirve","type":"story","status":"publish","title_hn":"ट्रैफिक नियमों से लगाव नहीं, हाईवे पर खतरनाक हुई ड्राइविंग ","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
ट्रैफिक नियमों से लगाव नहीं, हाईवे पर खतरनाक हुई ड्राइविंग
अमर उजाला ब्यूरो/अंबाला सिटी
Updated Wed, 12 Oct 2016 11:56 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
अंबाला में ट्रैफिक नियमों की पालना करना लोगों को रास नहीं आ रहा है। यही कारण है कि रोजाना जहां 100 से अधिक चालान हो रहे हैं, वहीं ट्रैफिक पुलिस पोस्टल चालान भी किए गए हैं। इतना ही नहीं अंबाला से मात्र 40 किलोमीटर दूर चंडीगढ़ आते ही सारे ट्रैफिक नियम कानून माने जाते हैं, लेकिन अंबाला में पिछले करीब डेढ़ दशक से सुधार के नाम पर जो भी कुछ किया गया, वह सफल ही नहीं हो पा रहा है।
यह है स्थिति
अंबाला में ट्रैफिक पुलिस की कार्रवाई बता रही है कि जिले में लोगों को ट्रैफिक नियमों की पालना करने में मजा नहीं आ रहा है। हाईवे व भीतरी बाजारों से गुजरने वाले वाहन चालक यातायात नियमों की पालना करने से परहेज कर रहे हैं। इसी कारण बाजारों में ट्रैफिक हालात बदतर हैं, जबकि हाईवे से गुजरने वाले वाहन चालक भी इन नियमों की पालना नहीं कर रहे हैं। इसी कारण हाईवे पर सबसे ज्यादा खतरा है, जबकि पुलिस की सारी प्लानिंग अभी तक फेल होती जा रही है। रोजाना जिलेभर में सौ से अधिक वाहनों के चालान हो रहे हैं, लेकिन फिर भी यह आंकड़ा कम होने का नाम नहीं ले रहा है।
पोस्टल चालान का आंकड़ा भी बढ़ा
ट्रैफिक पुलिस ने बीते माह में यातायात नियमों की पालना करवाने और व्यवस्था दुरुस्त करने के लिए पोस्टल चालान शुरू किए हैं। इसके तहत यातायात नियम तोड़ने वाले वाहनों की फोटो खींचकर उसके घर के पते पर चालान भेजा जाता है। ट्रैफिक पुलिस की मानें तो ट्विन सिटी में अब तक 800 पोस्टल चालान कर चुके हैं।
विज्ञापन
इन योजनाओं से नहीं मिला फायदा
- पुलिस और नगर निगम ने ट्विन सिटी में पार्किंग दी, फिर भी राहत नहीं
- ट्रैफिक नियमों की पालना के लिए आरएसओ साथ लिए, फिर भी वाहन चालक नियम तोड़ रहे हैं
- इंटरसेप्टर गाड़ी से चालान शुरू किए, लेकिन फिर भी हाईवे पर ओवरस्पीड व अन्य नियमों के तहत चालान काटे गए
- पुलिस और प्रशासन ने मिलकर यातायात जागरूकता अभियान चलाया, इसका भी असर नहीं दिख रहा
- यातायात जागरूकता को लेकर स्कूलों और कॉलेजों में सेमिनार हुए, लेकिन यह सिर्फ आयोजन तक सिमट गए
चंडीगढ़ से सीखें सख्ती
कैंट के रहने वाले संजीव आनंद, अजय कुमार, रोहताश, जसबीर सिंह, मनोज शर्मा, सिटी के राजेश कश्यप, मनन वर्मा, सलीम खान, महेंद्र गुप्ता, जगजीत सिंह का कहना है कि यदि नियमित रूप से ट्रैफिक पुलिस कार्रवाई करते तो लोगों को ट्रैफिक नियमों की पालना करने का आदत पड़ेगी। अंबाला से महज 40 किलोमीटर दूर चंडीगढ़ में ट्रैफिक पुलिस यातायात नियमों को लेकर सख्त हैं, जबकि अंबाला में ऐसे हालात नहीं हैं।
---
ट्रैफिक पुलिस लगातार यातायात नियमों की पालना न करने वालों पर कार्रवाई कर रही है। हाईवे पर सबसे ज्यादा ओवरस्पीड के चालान हो रहे हैं, जबकि अन्य क्षेत्रों में भी चालान किए जा रहे हैं। इसके साथ ही पोस्टल चालान भी शुरू किए गए हैं, ताकि लोग अपने वाहन तो कम से कम ठीक तरह से खड़े करें, जो दूसरों के लिए परेशानी पैदा न करें।
- जसबीर सिंह, एसएचओ ट्रैफिक पुलिस, अंबाला
विज्ञापन
यह है स्थिति
अंबाला में ट्रैफिक पुलिस की कार्रवाई बता रही है कि जिले में लोगों को ट्रैफिक नियमों की पालना करने में मजा नहीं आ रहा है। हाईवे व भीतरी बाजारों से गुजरने वाले वाहन चालक यातायात नियमों की पालना करने से परहेज कर रहे हैं। इसी कारण बाजारों में ट्रैफिक हालात बदतर हैं, जबकि हाईवे से गुजरने वाले वाहन चालक भी इन नियमों की पालना नहीं कर रहे हैं। इसी कारण हाईवे पर सबसे ज्यादा खतरा है, जबकि पुलिस की सारी प्लानिंग अभी तक फेल होती जा रही है। रोजाना जिलेभर में सौ से अधिक वाहनों के चालान हो रहे हैं, लेकिन फिर भी यह आंकड़ा कम होने का नाम नहीं ले रहा है।
विज्ञापन
पोस्टल चालान का आंकड़ा भी बढ़ा
ट्रैफिक पुलिस ने बीते माह में यातायात नियमों की पालना करवाने और व्यवस्था दुरुस्त करने के लिए पोस्टल चालान शुरू किए हैं। इसके तहत यातायात नियम तोड़ने वाले वाहनों की फोटो खींचकर उसके घर के पते पर चालान भेजा जाता है। ट्रैफिक पुलिस की मानें तो ट्विन सिटी में अब तक 800 पोस्टल चालान कर चुके हैं।
विज्ञापन
इन योजनाओं से नहीं मिला फायदा
- पुलिस और नगर निगम ने ट्विन सिटी में पार्किंग दी, फिर भी राहत नहीं
- ट्रैफिक नियमों की पालना के लिए आरएसओ साथ लिए, फिर भी वाहन चालक नियम तोड़ रहे हैं
- इंटरसेप्टर गाड़ी से चालान शुरू किए, लेकिन फिर भी हाईवे पर ओवरस्पीड व अन्य नियमों के तहत चालान काटे गए
- पुलिस और प्रशासन ने मिलकर यातायात जागरूकता अभियान चलाया, इसका भी असर नहीं दिख रहा
- यातायात जागरूकता को लेकर स्कूलों और कॉलेजों में सेमिनार हुए, लेकिन यह सिर्फ आयोजन तक सिमट गए
चंडीगढ़ से सीखें सख्ती
कैंट के रहने वाले संजीव आनंद, अजय कुमार, रोहताश, जसबीर सिंह, मनोज शर्मा, सिटी के राजेश कश्यप, मनन वर्मा, सलीम खान, महेंद्र गुप्ता, जगजीत सिंह का कहना है कि यदि नियमित रूप से ट्रैफिक पुलिस कार्रवाई करते तो लोगों को ट्रैफिक नियमों की पालना करने का आदत पड़ेगी। अंबाला से महज 40 किलोमीटर दूर चंडीगढ़ में ट्रैफिक पुलिस यातायात नियमों को लेकर सख्त हैं, जबकि अंबाला में ऐसे हालात नहीं हैं।
---
ट्रैफिक पुलिस लगातार यातायात नियमों की पालना न करने वालों पर कार्रवाई कर रही है। हाईवे पर सबसे ज्यादा ओवरस्पीड के चालान हो रहे हैं, जबकि अन्य क्षेत्रों में भी चालान किए जा रहे हैं। इसके साथ ही पोस्टल चालान भी शुरू किए गए हैं, ताकि लोग अपने वाहन तो कम से कम ठीक तरह से खड़े करें, जो दूसरों के लिए परेशानी पैदा न करें।
- जसबीर सिंह, एसएचओ ट्रैफिक पुलिस, अंबाला