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Ambala News: जफरपुर गांव में पहुंची स्वास्थ्य विभाग की टीम, पानी के नमूने लिए
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मुलाना। जफरपुर गांव में दूषित पेयजल के कारण फैले पीलिया, दस्त और उल्टियों के मामलों में अब धीरे-धीरे राहत मिलने लगी है। पिछले कई दिनों से गांव में गंदे पानी की सप्लाई होने के कारण बड़ी संख्या में ग्रामीण बीमार हो रहे थे। बच्चों, बुजुर्गों और महिलाओं सहित कई लोग उल्टी, दस्त और पीलिया जैसी बीमारियों से प्रभावित हुए थे। प्रारंभिक जांच में बीमारी फैलने का मुख्य कारण पीने के पानी में सीवरेज का पानी मिलना माना जा रहा है।
गांव की स्थिति को नियंत्रित करने के लिए स्वास्थ्य विभाग लगातार गांव की निगरानी कर रहा है। सीएचसी मुलाना द्वारा गांव में विशेष स्वास्थ्य शिविर लगाया गया, जहां 32 मरीजों की जांच की गई। इनमें से 15 मरीजों के ब्लड सैंपल लिए गए, जबकि 45 ओटी टेस्ट भी किए गए। टीम ने ग्रामीणों को जरूरी दवाइयां उपलब्ध कराईं और 500 ओआरएस पैकेट वितरित किए। इसके अलावा पानी शुद्ध करने के लिए लोगों को 1700 क्लोरीन टैबलेट भी बांटी गईं। स्वास्थ्य कैंप में 25 आशा वर्कर, 4 एएनएम और 2 एमपीएचडब्ल्यू मौजूद रहे। एसएमओ डाॅ. कुलदीप सिंह ने कहा कि ओपीडी में मरीजों की आने की संख्या घट रही है, लेकिन आगे भी गांव में स्वास्थ्य कैंप जारी रहेंगे। गांव में हर मरीज को उपचार दिया जा रहा है।
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गांव की स्थिति को नियंत्रित करने के लिए स्वास्थ्य विभाग लगातार गांव की निगरानी कर रहा है। सीएचसी मुलाना द्वारा गांव में विशेष स्वास्थ्य शिविर लगाया गया, जहां 32 मरीजों की जांच की गई। इनमें से 15 मरीजों के ब्लड सैंपल लिए गए, जबकि 45 ओटी टेस्ट भी किए गए। टीम ने ग्रामीणों को जरूरी दवाइयां उपलब्ध कराईं और 500 ओआरएस पैकेट वितरित किए। इसके अलावा पानी शुद्ध करने के लिए लोगों को 1700 क्लोरीन टैबलेट भी बांटी गईं। स्वास्थ्य कैंप में 25 आशा वर्कर, 4 एएनएम और 2 एमपीएचडब्ल्यू मौजूद रहे। एसएमओ डाॅ. कुलदीप सिंह ने कहा कि ओपीडी में मरीजों की आने की संख्या घट रही है, लेकिन आगे भी गांव में स्वास्थ्य कैंप जारी रहेंगे। गांव में हर मरीज को उपचार दिया जा रहा है।
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