फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Ambala News ›   The department will adopt schools that have given poor results for three years

Ambala News: तीन वर्ष खराब परिणाम देने वाले स्कूलों को विभाग लेगा गोद

Amar Ujala Bureau अमर उजाला ब्यूरो
Updated Thu, 04 Jul 2024 06:47 AM IST
विज्ञापन
The department will adopt schools that have given poor results for three years
जिला ​शिक्षा सदन।
सतनाम सिंह
विज्ञापन

अंबाला सिटी। पिछले तीन वर्ष से 10वीं और 12वीं में लगातार कमजोर परीक्षा परिणाम देने वाले स्कूलों पर शिक्षा विभाग ने सुधार की कार्रवाई तेज कर दी है। जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्थान (डाइट) ऐसे स्कूलों के परिणाम को सुधारने के लिए कार्य करेगा।
जिले से विज्ञान संकाय वाले ऐसे 15 स्कूल चिह्नित किए जा रहे हैं। इनका परिणाम लगातार तीन वर्ष से कमजोर आ रहा है। डाइट विज्ञान प्रमोशन थ्रो एक्टिविटी, रिसर्च व नॉलेज (स्पार्क) कार्यक्रम के तहत ऐसे स्कूलों का परिणाम सुधारेगा। शिक्षा विभाग के मार्गदर्शन में ऐसे स्कूलों का चयन करना शुरू कर दिया है।
विज्ञापन

इस कार्यक्रम का उद्देश्य इन स्कूलों को गोद लेकर उनके परिणाम को बढ़ाना है। यह कार्यक्रम राज्य शैक्षिक अनुसंधान एवं प्रशिक्षण परिषद हरियाणा गुरुग्राम की देखरेख में चलाया जाएगा।
विज्ञापन
विज्ञापन

पूरे महीने में 15 निरीक्षण करेंगे अधिकारी
दरअसल, डाइट से भौतिक विज्ञान, रसायन शास्त्र और जीव विज्ञान प्रोफेसर स्कूलों का निरीक्षण करेंगे। एक महीने में 15 बार निरीक्षण करना जरूरी होगा। यह प्रोफेसर विज्ञान विषयों को गतिविधियों, रिसर्च के माध्यम से पढ़ाएंगे। इस स्पार्क कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य स्कूलों के परिणाम को बढ़ाने के लिए शैक्षणिक सहयोग देना है।
निरीक्षण अधिकारी सुबह की सभा से पहले स्कूल पहुंचेंगे
कम बोर्ड परिणाम वाले स्कूलों की सूची डाइट प्राचार्य द्वारा डीईओ के साथ उचित परामर्श के साथ तैयार की जा रही है। इस सूची में उन स्कूलों को रखा गया है, जो स्कूल सीनियर सेकेंडरी हैं और उसमें विज्ञान संकाय है। निरीक्षण करने वाले अधिकारी सुबह की सभा से पहले स्कूल पहुंचेंगे और स्कूल में न्यूनतम तीन घंटे तक रुकना अनिवार्य है। अधिकारी की ओर से शैक्षणिक हस्तक्षेप उस कक्षा के लिए पाठ्यक्रम के मासिक वितरण के अनुसार होना चाहिए। निरीक्षण के दौरान विद्यालय की सामान्य पढ़ाई प्रभावित नहीं होनी चाहिए। यात्रा की रिपोर्ट यात्रा के दौरान या बाद में तुरंत गूगल फॉर्म पर अपलोड की जाएगी।

वर्जन
पिछले तीन वर्षों से कमजोर परीक्षा परिणाम देने वाले 10वीं और 12वीं के स्कूलों का परिणाम सुधारने के लिए स्पार्क कार्यक्रम चलाया जा रहा है। ऐसे विज्ञान संकाय के स्कूलों के परिणाम को सुधारने के लिए कार्य किया जाएगा।

पूजा भारद्वाज, जिला विज्ञान विशेषज्ञ, अंबाला।
वर्जन
स्पार्क प्रोजेक्ट का उद्देश्य आगामी सत्र में विज्ञान के विषयों को विभिन्न गतिविधि, रिसर्च और नवीनतम जानकारी देकर पढ़ाना है, जिससे कमजोर परिणाम वाले स्कूलों का परिणाम बढ़ सके। इसके लिए विभाग ने कार्य शुरू कर दिया है।
सुरेश कुमार, जिला शिक्षा अधिकारी, अंबाला।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed