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श्री राम के बाणों से टूटा रावण का अहंकार, बराड़ा में धूं-धूं कर जल उठा 100 फीट का पुतला
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तीन साल बाद कस्बा में शुक्रवार को दशहरा महोत्सव बड़ी ही धूमधाम से मनाया गया। रावण के सौ फीट ऊंचे व करीब 20 क्विंटल वजनी रावण के पुतले का दहन किया गया। रावण को जलता देखने के लिए भारी भीड़ जुटी हुई थी।
रावण के पुतले का दहन मुख्य अतिथि उप मंडल अधिकारी गिरीश कुमार, नगरपालिका की चेयरपर्सन रिचा पाहवा के पति एवं भाजपा मंडल वरिष्ठ उपाध्यक्ष हनी पाहवा ने रिमोट कंट्रोल से किया। रिमोट दबाते ही कुछ ही पलों में दस लाख की लागत से बना रावण का विशालकाय पुतला राख हो गया। जैसे ही रावण के पुतले में आग लगी तो रामलीला मैदान जय श्री राम के जयकारे से गूंज उठा। दहन से पहले की गई आतिशबाजी भी जबरदस्त रही।
बराड़ा में रावण के इस विशालकाय पुतले को बनाने में एक महीने का समय लगा और इस पर करीब दस लाख रुपये खर्च हुए। यहां मेला स्थल पर दोपहर से ही लोग जुटना शुरू हो गए थे। दहन से पहले जहां लोगों ने रावण के विशाल पुतले के साथ सेल्फी ली, वहीं पुतले के दहन का नजारा भी मोबाइल में कैद किया। उधर, तीन साल बाद रावण के पुतले के दहन को लेकर कस्बावासियों में भारी उत्साह भी देखा गया।
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श्री राम लीला क्लब के प्रधान तेजिंदर चौहान ने कहा कि कस्बा में तीन साल बाद रावण के पुतले का दहन किया गया है। उनके अनुसार कस्बावासियों के बार-बार आग्रह पर ही इस बार बराड़ा में रावण के विशाल पुतले को तैयार कर उसका दहन किया गया है। इसके लिए प्रशासन से अनुमति लेने के लिए भी काफी मशक्कत करनी पड़ी। उनके अनुसार प्रदूषण का खतरा कम रहे इसलिए रावण के पुतले में इको फ्रेंडली पटाखों का प्रयोग किया गया। चौहान ने बताया कि उनकी कमेटी सन 1987 से दशहरा मेला मनाती आ रही है।
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रावण के पुतले का दहन मुख्य अतिथि उप मंडल अधिकारी गिरीश कुमार, नगरपालिका की चेयरपर्सन रिचा पाहवा के पति एवं भाजपा मंडल वरिष्ठ उपाध्यक्ष हनी पाहवा ने रिमोट कंट्रोल से किया। रिमोट दबाते ही कुछ ही पलों में दस लाख की लागत से बना रावण का विशालकाय पुतला राख हो गया। जैसे ही रावण के पुतले में आग लगी तो रामलीला मैदान जय श्री राम के जयकारे से गूंज उठा। दहन से पहले की गई आतिशबाजी भी जबरदस्त रही।
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बराड़ा में रावण के इस विशालकाय पुतले को बनाने में एक महीने का समय लगा और इस पर करीब दस लाख रुपये खर्च हुए। यहां मेला स्थल पर दोपहर से ही लोग जुटना शुरू हो गए थे। दहन से पहले जहां लोगों ने रावण के विशाल पुतले के साथ सेल्फी ली, वहीं पुतले के दहन का नजारा भी मोबाइल में कैद किया। उधर, तीन साल बाद रावण के पुतले के दहन को लेकर कस्बावासियों में भारी उत्साह भी देखा गया।
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श्री राम लीला क्लब के प्रधान तेजिंदर चौहान ने कहा कि कस्बा में तीन साल बाद रावण के पुतले का दहन किया गया है। उनके अनुसार कस्बावासियों के बार-बार आग्रह पर ही इस बार बराड़ा में रावण के विशाल पुतले को तैयार कर उसका दहन किया गया है। इसके लिए प्रशासन से अनुमति लेने के लिए भी काफी मशक्कत करनी पड़ी। उनके अनुसार प्रदूषण का खतरा कम रहे इसलिए रावण के पुतले में इको फ्रेंडली पटाखों का प्रयोग किया गया। चौहान ने बताया कि उनकी कमेटी सन 1987 से दशहरा मेला मनाती आ रही है।