पानी की मार, कॉलोनीवासी और किसान बेजार
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पानी की मार ने कॉलोनीवासियों से लेकर किसानों तक को बेजार कर दिया है। एक ओर जहां गंदे पानी की वजह से शाहपुर इलाके के लोग बहुत ज्यादा परेशान हैं, वहीं बरसाती पानी ने निचले खेतों में मार करना शुरू कर दिया है। इससे किसानों की फसलों को सड़ने का खतरा मंडराने लगा है। रविवार को तो शाहपुर में कॉलोनीवासियों ने जमकर हंगामा और प्रशासन के खिलाफ भड़ास निकाली। लोगों का कहना है कि वे मंत्री के दरबार में भी अपनी इस समस्या का दुखड़ा रो आए हैं, लेकिन कोई सुनवाई नहीं कर रहा है। प्रभावित किसानों ने सरकार से मांग की है कि बारिश के पानी से उनकी फसलों को नुकसान हुआ है, इसलिए उन्हें मुआवजा दिया जाए।
नालियों का पानी सड़कों पर, लोगों में गुस्सा
अंबाला कैंट। शाहपुर में बुधराज कॉलोनी और देसराज कॉलोनी में लोग पिछले छह महीने से गंदे पानी की परेशानी से जूझ रहे हैं। लोगों का कहना है कि जबसे कॉलोनी में ठेकेदार ने इंटरलॉकिंग सड़क बनाई है, तभी से नालियों का लेवल बिगाड़ दिया है। इसका खामियाजा आज तक लोग जूझ रहे हैं। इसी बात को लेकर लामबंद लोगों ने हंगामा किया और स्थानीय प्रशासन के खिलाफ रोष व्यक्त किया।
बुधराज कॉलोनी के लोगों में प्रेम सिंह, नीरज, गुरमीत, विक्रम सिंह, कुलवंत सिंह गुरनाम, बेबी, सुनिता, संदीप कुमार, राजेंद्र, दर्शन लाल, अनिल कुमार, महेेंद्र गुरमीत बलबीर कौर, अमरजीत, कृष्णलाल आदि का कहना है कि कॉलोनी में करीब सैकड़ों घर हैं और सभी इसी समस्या से परेशान हैं। उनके अनुसार नालियों का लेवल खराब होने से चलते नालियों का पानी घरों के बाहर जमा होने लगा सड़कों पर आने लगा। लोग गंदे पानी क बीच से गुजर रहे हैं और इसी बात को लेकर लोगों में भी झगड़े हो जाते हैं।
दूसरी ओर, देसराज कॉलोनी में मोहन लाल, माया रानी, महेंद्र पाल, रंजीत कौर, श्रवण सिंह, शिमला देवी, बलबीर सिंह, गुरदीप कौर, अनिता आदि का कहना है कि हमारी कॉलोनी में तो कोई नाली ही नहीं है। इसके चलते लोगों ने अपने घरों के आगे हौदी खोद रखी है और उसी में घर का गंदा पानी एकत्रित होता है। बाद में किसी बर्तन से इस गंदे पानी को निकालकर सड़क पर फेंकना पड़ता है। लोगों ने बताया वे भी अपना दुखड़ा मंत्री दरबार व नगर निगम में जा चुके हैं, लेकिन कोई नहीं सुनता।
शाहपुर के लोगों की समस्याएं संज्ञान में आई है। वाकई ये बड़ी समस्या है। मंत्री दरबार में समस्या आने के बाद निगम अफसरों को तुरंत संज्ञान लेना चाहिए था। मैं इस बारे में अफसरों से बातचीत कर समस्या के समाधान करवाने का प्रयास करूंगा।
-रमेश लाल मल, मेयर, नगर निगम
बरसाती पानी से बर्बादी के कगार पर फसलें
बराड़ा। उपमंडल बराड़ा के गांव हमीदपुर, ब्राह्मण माजरा सहित संलग्न क्षेत्रों में राष्ट्रीय राज मार्ग-73 के निर्माण कार्य के चलते पानी की निकासी अवरुद्ध हो जाने से खेतों में वर्षा का पानी जमा हो गया है। रबी की प्रमुख फसल गेहूं सहित तिलहन व दलहन की फसलों को काफी नुकसान पहुंचा है। फसल सड़ने लगी है। इसे लेकर किसान खासे चिंतित है।
पिछले दिनों दो दिन हुई बारिश की वजह से बराड़ा के कुछ गांवों के निचले खेतों में पानी एकत्रित हो गया है। इससे गेहूं की फसल का रंग पीला पड़ने लगा है। किसान राजीव सिंह, शेर सिंह, गुरनाम सिंह का कहना है कि खेतों से पानी निकलने की कोई संभावना नहीं है, क्योंकि सड़क के फोरलेनिंग के चलते पानी की निकासी प्रभावित हो रही है और फिलहाल राष्ट्रीय राज मार्ग-73 को फोरलाइन करते समय पानी निकासी की समुचित व्यवस्था नहीं की गई है। उनके अनुसार उत्तर दिशा से पानी हमेशा दक्षिण दिशा की ओर बहता है, लेकिन पानी के रास्ते में सड़क को ऊंचा कर देने और पुलिया आदि की व्यवस्था न किए जाने के कारण पानी खेतों में जमा हो गया है।
उधर, किसानों की परेशानी को ध्यान में रखते हुए रविवार को हरियाणा कांग्रेस के प्रदेश सचिव वरुण चौधरी प्रभावित खेतों में पहुंचे और वहां स्थिति का जायजा लिया। खेतों में जमा पानी देख कर उन्होंने कहा कि बेमौसमी बारिश से क्षेत्र के कई खेतों में गेहूं की अधिकतर फसल बर्बाद होने के कगार पर है। युवा नेता ने सरकार से मांग करते हुए कहा कि वर्षा से प्रभावित इलाके की स्पेशल गिरदावरी करवा कर किसानों को उचित मुआवजा दिलवाया जाए। इस अवसर पर जंगबीर सिंह, पैक्स चेयरमैन राजीव राणा, किसान हुक्म सिंह, पंकज राणा बराड़ा, जसवंत सिंह थंबड़, किरण पाल बिहटा, रिंकू राजोखेड़ी, सुरजीत सिंह, डॉ.हरिश मोदगिल, जीवन सहगल, नरपत सिंह, शंटी दहिया माजरा, रघुबीर सिंह, सुलतान सिंह आदि उपस्थित रहे।