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Ambala News: आईसीएमआर सर्वे के बाद सुधारेंगे स्वास्थ्य सुविधाएं
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अंबाला सिटी। जिले के सब सेंटर और आयुष आरोग्य मंदिर में सर्वे के बाद स्वास्थ्य संबंधी सुविधाओं में सुधार किया जाएगा। सर्वे में स्वास्थ्य सेवाओं को जांचा जाएगा और मरीजों से भी प्रतिक्रिया ली जाएगी। यह सर्वे आईसीएमआर की ओर से किया जा रहा है।
यह पीजीआई एचडब्ल्यूओ का प्रोजेक्ट है। सर्वे में कई स्वास्थ्य सेवाओं और मरीजों की प्रतिक्रिया के बाद एक रिपोर्ट भी बनाई गई है। इस रिपोर्ट को निदेशालय में भेजा गया है। अब रिपोर्ट के बाद निदेशालय के निर्देशों पर स्वास्थ्य सेवाओं में सुधार किए जाएंगे। जहां पर कमी है, उसको एनक्वास के नियमों के तहत सुधारा जाएगा।
दरअसल, आईसीएमआर की तरफ से चल रहे सर्वे में स्वास्थ्य सेवाओं और मरीजों के प्रतिक्रिया के बाद सब सेंटर के प्रभारी व अन्य स्वास्थ्य कर्मचारियों से भी स्वास्थ्य संबंधी जानकारी ली जा रही है। जिसमें यह पता लगाया जा रहा है कि चिकित्सकों को स्वास्थ्य विभाग की योजनाओं के बारे में कितनी जानकारी है। यह टीम अंबाला में स्वास्थ्य विभाग में आई हुई है। टीम की ओर से रोजाना सर्वे किया जा रहा है।
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यह सर्वे स्वास्थ्य सेवाओं को बेहतर बनाने के लिए किया जा रहा है। इसके लिए एनक्वास के तहत स्वास्थ्य केंद्र में नियमों के आधार पर सुधार किए जा रहे हैं। जिला अंबाला की बात करें तो यहां 107 सब सेंटर हैं। इसमें 92 आयुष आरोग्य मंदिर है। जिन पर सर्वे किया जा रहा है।
सर्वे में 20 तरह की सुविधाओं को जांचा जाएगा
इस सर्वे के तहत 20 तरह की सुविधाओं को जांचा जाएगा। इसमें दवाई की उपलब्धता, कर्मचारियों की संख्या, मरीजों के साथ बर्ताव, मरीजों की जांच, केंद्र का रखरखाव सहित करीब 20 तरह की सुविधाएं शामिल हैं। यह सर्वे तीन वर्ष तक चलता रहेगा, जब तक सुधार नहीं किया जाता। वहीं, 92 आयुष मंदिर में 86 सीएचओ हैं, जो इनके प्रभारी हैं, जबकि छह केंद्र में सीएचओ नहीं है।
वर्जन
यह पीजीआई एचडब्ल्यूसी का प्रोजेक्ट है। इससे पहले टीम स्वास्थ्य केंद्र में दी जानी वाली सुविधाओं व मरीजों की प्रतिक्रिया ली जा चुकी है। जिसकी रिपोर्ट भी निदेशालय को भेज दी गई है। अब रिपोर्ट आने के बाद निदेशालय के निर्देशों पर एनक्वास के नियमों के तहत सुधार किए जाएंगे।
डॉ. सुखप्रीत सिंह, नोडल अधिकारी, आईसीएमआर प्रोजेक्ट।
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यह पीजीआई एचडब्ल्यूओ का प्रोजेक्ट है। सर्वे में कई स्वास्थ्य सेवाओं और मरीजों की प्रतिक्रिया के बाद एक रिपोर्ट भी बनाई गई है। इस रिपोर्ट को निदेशालय में भेजा गया है। अब रिपोर्ट के बाद निदेशालय के निर्देशों पर स्वास्थ्य सेवाओं में सुधार किए जाएंगे। जहां पर कमी है, उसको एनक्वास के नियमों के तहत सुधारा जाएगा।
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दरअसल, आईसीएमआर की तरफ से चल रहे सर्वे में स्वास्थ्य सेवाओं और मरीजों के प्रतिक्रिया के बाद सब सेंटर के प्रभारी व अन्य स्वास्थ्य कर्मचारियों से भी स्वास्थ्य संबंधी जानकारी ली जा रही है। जिसमें यह पता लगाया जा रहा है कि चिकित्सकों को स्वास्थ्य विभाग की योजनाओं के बारे में कितनी जानकारी है। यह टीम अंबाला में स्वास्थ्य विभाग में आई हुई है। टीम की ओर से रोजाना सर्वे किया जा रहा है।
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यह सर्वे स्वास्थ्य सेवाओं को बेहतर बनाने के लिए किया जा रहा है। इसके लिए एनक्वास के तहत स्वास्थ्य केंद्र में नियमों के आधार पर सुधार किए जा रहे हैं। जिला अंबाला की बात करें तो यहां 107 सब सेंटर हैं। इसमें 92 आयुष आरोग्य मंदिर है। जिन पर सर्वे किया जा रहा है।
सर्वे में 20 तरह की सुविधाओं को जांचा जाएगा
इस सर्वे के तहत 20 तरह की सुविधाओं को जांचा जाएगा। इसमें दवाई की उपलब्धता, कर्मचारियों की संख्या, मरीजों के साथ बर्ताव, मरीजों की जांच, केंद्र का रखरखाव सहित करीब 20 तरह की सुविधाएं शामिल हैं। यह सर्वे तीन वर्ष तक चलता रहेगा, जब तक सुधार नहीं किया जाता। वहीं, 92 आयुष मंदिर में 86 सीएचओ हैं, जो इनके प्रभारी हैं, जबकि छह केंद्र में सीएचओ नहीं है।
वर्जन
यह पीजीआई एचडब्ल्यूसी का प्रोजेक्ट है। इससे पहले टीम स्वास्थ्य केंद्र में दी जानी वाली सुविधाओं व मरीजों की प्रतिक्रिया ली जा चुकी है। जिसकी रिपोर्ट भी निदेशालय को भेज दी गई है। अब रिपोर्ट आने के बाद निदेशालय के निर्देशों पर एनक्वास के नियमों के तहत सुधार किए जाएंगे।
डॉ. सुखप्रीत सिंह, नोडल अधिकारी, आईसीएमआर प्रोजेक्ट।