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Ambala News: बेसहारा गोवंश को मिलेगा सहारा, नप की प्रक्रिया शुरू

Amar Ujala Bureau अमर उजाला ब्यूरो
Updated Mon, 05 Feb 2024 03:51 AM IST
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Destitute cattle will get support, breeding process started
हिल रोड पर ​स्थित एसडी स्कूल के समक्ष सड़क पर खड़े बेसहारा गोवंश। संवाद
अंबाला। बेसहारा गोवंश को सहारा मिलेगा। इसकी तैयारी नगर परिषद ने शुरु कर दी है ताकि सड़कों पर घूम रहे बेसहारा गोवंश से दुर्घटनाएं न हों और लोगों को भी इस परेशानी से छुटकारा मिल सके।
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नगर परिषद की ओर से चौथी बार लगाई निविदा में दो ठेकेदारों ने अपने दस्तावेज जमा कराए हैं। नप ने इन दस्तावेजों का आंकलन शुरु कर दिया है और जल्द ही एक ठेकेदार को फाइनल करके बेसहारा गोवंश को पकड़ने का कार्य शुरू कर दिया जाएगा। इस संबंध में नप प्रशासक लक्षित सरीन ने भी कार्यकारी अधिकारी जरनैल सिंह को निर्देश दिए हैं कि बेसहारा गोवंश का ठेका जब तक फाइनल नहीं हो जाता, तब तक उनके गले में रिफ्लेक्टर टेप बांधने का कार्य शुरू किया जाए, जिससे कि अंधेरे में सड़क पर बैठे गोवंश वाहन चालकों को आसानी से नजर आ जाएं और वो इनसे टकराने से बच जाएं। नप प्रशासक के निर्देश पर विभागीय कर्मचारियों ने इसकी प्रक्रिया शुरु कर दी है।
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गोशाला में व्यवस्थाओं का आंकलन
बेसहारा गोवंश को सहारा देने के लिए अंबाला कैंट क्षेत्र में एक ही गोशाला है और वो भी सिर्फ रामबाग गोशाला। यहां पहले से ही पशुओं की भरमार है। ऐसे में नप के ठेकेदार द्वारा पकड़े जाने वाले गोवंश को लेकर संशय बरकरार है कि इन्हें कहां रखा जाएगा और इनकी देखभाल किसके जिम्मे होगी। इस समस्या के समाधान के लिए भी नप प्रशासक ने रिपोर्ट मांगी है कि रामबाग गोशाला में कितने पशु हैं और अन्य कितनों को रखने की व्यवस्था हो सकती है।
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अपनी गोशाला पर भी हो रहा मंथन
नप प्रशासक ने अपनी गोशाला के निर्माण के लिए भी विभागीय अधिकारियों को योजना तैयार करने के निर्देश दिए हैं ताकि बेसहारा गोवंश को यहां रखा जा सके। लेकिन संबंधित विभाग इसमें रूचि नहीं दिखा रहा। गोवंश की देखभाल करना जिम्मेदारी का काम है। अगर नप अपनी गोशाला खोलता है तो इससे विभागीय कर्मचारियों पर काम का दबाव बढ़ जाएगा।

वर्जन
बेसहारा गोवंश को सहारा देने के लिए नप की ओर से लगाई निविदा में दो ठेकेदारों ने दस्तावेज जमा करवाए हैं। इनमें से एक को फाइनल कर दिया जाएगा। पशुओं को रखने के लिए भी गोशाला से बात चल रही है। अपनी गोशाला के निर्माण को लेकर भी योजना तैयार की जा रही है।
जरनैल सिंह, कार्यकारी अधिकारी, नप सदर।
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