फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Ambala News ›   Cataract patients increase with cold

Ambala News: ठंड के साथ बढ़े मोतियाबिंद के मरीजों

Amar Ujala Bureau अमर उजाला ब्यूरो
Updated Sat, 28 Dec 2024 01:35 AM IST
विज्ञापन
Cataract patients increase with cold
नेत्र विभाग में उपचार के लिए पहुंचे मरीज। संवाद
अंबाला सिटी। ठंड बढ़ने के साथ-साथ इन दिनों नागरिक अस्पताल में मरीजों की संख्या में भी बढ़ोतरी दिखाई दे रही है। सबसे अधिक मरीज इन दिनों नेत्र विभाग में आ रहे हैं।
विज्ञापन

इन मरीजों में करीब 80 प्रतिशत मरीज सिर्फ मोतियाबिंद के हैं। इन दिनाें नागरिक अस्पताल में मोतियाबिंद के ऑपरेशन की संख्या भी पहले से बढ़ गई है। एक सप्ताह में नागरिक अस्पताल में इन दिनों करीब 25 ऑपरेशन हो रहे हैं। जबकि बीते माह तक यह संख्या 15 ही थी।
विज्ञापन

यदि रोजाना का आंकड़ा देखें तो चार से पांच ऑपरेशन हो रहे हैं। चिकित्सकों का कहना है कि इन दिनों लोग ऑपरेशन करवाना अधिक पसंद करते हैं। इसलिए इन दिनों मरीजों की संख्या अधिक रहती है। रोजाना करीब 30 मरीज ऐसे आ रहे हैं जिनमें मोतियाबिंद के लक्षण देखने को मिल रहे है।
विज्ञापन
विज्ञापन

40 वर्ष से अधिक वालों को खतरा
नेत्र रोग विशेष डॉ. राजेश ने बताया कि सबसे अधिक मोतियाबिंद के मरीज 40 वर्ष से अधिक आयु में ही आते हैं। इसलिए समय पर जांच करवानी चाहिए। जिससे सही उक्त उपचार दिया जा सके। नागरिक अस्पताल में प्रत्येक कार्य दिवस पर दो चिकित्सक आंखों का ऑपरेशन करते हैं। यह ऑपरेशन पूर्ण रूप से निशुल्क करवाया जाता है। अगर किसी मरीज को चेहरे के भाव दिखाई नहीं देते या फिर दूर या पास का देखने में परेशानी होती है तो मोतियाबिंद की समस्या हो सकती है। इसलिए इस प्रकार की समस्या होने पर तुरंत ही उपचार के लिए पहुंचे।
जल्द मिलेगा अलग ओटी रूम
वर्तमान में नेत्र विभाग को नागरिक अस्पताल में शिफ्ट किया गया है। यहां पर ऑपरेशन करने के लिए प्रसव के लिए बनाए गए कमरे का ही इस्तेमाल किया गया है। जल्द ही नागरिक अस्पताल में अलग से ओटी बनाया जाएगा। जिससे मरीजों को भी सहूलियत होगी।

वर्जन
सर्दियों के समय में मोतियाबिंद के मरीज बढ़ रहे हैं। 40 वर्ष से ऊपर के लोगों को अपनी आंखों की जांच जरूर करवानी चाहिए। नागरिक अस्पताल में मोतियाबिंद के ऑपरेशन निशुल्क करवाए जाते हैं। शुगर और बीपी के मरीजों का पहले स्तर नियंत्रित किया जाता है। इसके बाद ही उनके ऑपरेशन होते हैं।
-डॉ. राजेश, नेत्र रोग विशेषज्ञ, नागरिक अस्पताल अंबाला।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed