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Ambala News: वारदात के समय जेब में कारतूस भरकर लाया था आरोपी अभिषेक
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वारदात के समय जेब में कारतूस भरकर लाया था आरोपी अभिषेक
- फोटो : वारदात के समय जेब में कारतूस भरकर लाया था आरोपी अभिषेक
बिचपड़ी का तिहरा हत्याकांड-
- दो घंटे पहले भाई के सामने ही 8 माह के भतीजे को गोद में लेकर खिला रहा था
- वारदात के बाद गांव की सीमा में ही फोन बंद कर हुआ फरार, 3 दिन बाद भी सुराग नहीं
संवाद न्यूज एजेंसी
शहजादपुर। बिचपड़ी गांव में 23 मई को हुए तिहरे हत्याकांड मामले में आरोपी अभिषेक का अब तक सुराग नहीं लग पाया है। अंधाधुंध गोलियां चलाने के बाद आरोपी ने गांव में ही अपना फोन बंद कर दिया था। ऐसे में आरोपी की लोकेशन पता नहीं लग पा रही है। अब तक पुलिस को आरोपी की बाइक भी बरामद नहीं हुई है। पुलिस की जांच में सामने आया है कि अपनों पर ही गोलियां बरसाने वाला डी-फार्मेसी का छात्र अभिषेक पूरी तैयारी के साथ आया था और अपनी जेबों में भारी मात्रा में कारतूस भरकर लाया था। आरोपी ने 12 फायर किए थे जबकि मौके से 3 कारतूस भी बरामद हुए हैं। आरोपी का पुलिस को कोई आपराधिक रिकॉर्ड नहीं मिला है।
अस्थियां चुनने पहुंचे परिजन
शोक संतप्त परिवार के सदस्य सोमवार सुबह श्मशान घाट पहुंचे और रोते-बिलखते हुए मृतकों की अस्थियां एकत्रित कीं। इसके बाद परिजन बेटे संदीप, दादी इसरो देवी और चाचा महिंद्र के फूल लेकर पवित्र गंगा में विसर्जित करने के लिए हरिद्वार रवाना हो गए। बिचपड़ी गांव में तीसरे दिन भी मातम पसरा हुआ है और हर कोई इस बात से स्तब्ध है कि आखिर घर के ही चिराग ने पूरे हंसते-खेलते परिवार को श्मशान में तब्दील कर दिया। उधर, पुलिस की तीनों सीआईए टीम, शहजादपुर थाना व एसटीएफ भी आरोपी की तलाश के लिए दबिश दे रही है। चंडीगढ़ के पुराने दोस्तों के जरिये भी आरोपी तक पहुंचने का प्रयास किया जा रहा है।
2 घंटे पहले भतीजे को गोद में खिलाया
आरोपी अभिषेक के इस आत्मघाती और खूनी कदम ने पुलिस व परिवार दोनों को हैरान कर दिया है। जांच में सामने आया है कि हत्याकांड को अंजाम देने से महज 2 घंटे पहले तक अभिषेक का व्यवहार पूरी तरह सामान्य था। वह अपने भाई के सामने ही अपने 8 महीने के मासूम भतीजे को गोद में लेकर खिला रहा था। कोई सोच भी नहीं सकता था कि जो चाचा दो घंटे पहले बच्चे को दुलार रहा था, उसके दिमाग में पूरे परिवार को खत्म करने की खूनी साजिश चल रही थी।
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आरोपी को पकड़ने के लिए पुलिस की टीमें दबिश दे रही हैं। आरोपी अभिषेक के अलावा पिता व माता पर दर्ज हुई प्राथमिकी मामले में गहनता से जांच की जा रही है। जांच के बाद ही माता-पिता पर आगामी कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।
- सूरज चावला, डीएसपी नारायणगढ़
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- दो घंटे पहले भाई के सामने ही 8 माह के भतीजे को गोद में लेकर खिला रहा था
- वारदात के बाद गांव की सीमा में ही फोन बंद कर हुआ फरार, 3 दिन बाद भी सुराग नहीं
संवाद न्यूज एजेंसी
शहजादपुर। बिचपड़ी गांव में 23 मई को हुए तिहरे हत्याकांड मामले में आरोपी अभिषेक का अब तक सुराग नहीं लग पाया है। अंधाधुंध गोलियां चलाने के बाद आरोपी ने गांव में ही अपना फोन बंद कर दिया था। ऐसे में आरोपी की लोकेशन पता नहीं लग पा रही है। अब तक पुलिस को आरोपी की बाइक भी बरामद नहीं हुई है। पुलिस की जांच में सामने आया है कि अपनों पर ही गोलियां बरसाने वाला डी-फार्मेसी का छात्र अभिषेक पूरी तैयारी के साथ आया था और अपनी जेबों में भारी मात्रा में कारतूस भरकर लाया था। आरोपी ने 12 फायर किए थे जबकि मौके से 3 कारतूस भी बरामद हुए हैं। आरोपी का पुलिस को कोई आपराधिक रिकॉर्ड नहीं मिला है।
अस्थियां चुनने पहुंचे परिजन
शोक संतप्त परिवार के सदस्य सोमवार सुबह श्मशान घाट पहुंचे और रोते-बिलखते हुए मृतकों की अस्थियां एकत्रित कीं। इसके बाद परिजन बेटे संदीप, दादी इसरो देवी और चाचा महिंद्र के फूल लेकर पवित्र गंगा में विसर्जित करने के लिए हरिद्वार रवाना हो गए। बिचपड़ी गांव में तीसरे दिन भी मातम पसरा हुआ है और हर कोई इस बात से स्तब्ध है कि आखिर घर के ही चिराग ने पूरे हंसते-खेलते परिवार को श्मशान में तब्दील कर दिया। उधर, पुलिस की तीनों सीआईए टीम, शहजादपुर थाना व एसटीएफ भी आरोपी की तलाश के लिए दबिश दे रही है। चंडीगढ़ के पुराने दोस्तों के जरिये भी आरोपी तक पहुंचने का प्रयास किया जा रहा है।
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2 घंटे पहले भतीजे को गोद में खिलाया
आरोपी अभिषेक के इस आत्मघाती और खूनी कदम ने पुलिस व परिवार दोनों को हैरान कर दिया है। जांच में सामने आया है कि हत्याकांड को अंजाम देने से महज 2 घंटे पहले तक अभिषेक का व्यवहार पूरी तरह सामान्य था। वह अपने भाई के सामने ही अपने 8 महीने के मासूम भतीजे को गोद में लेकर खिला रहा था। कोई सोच भी नहीं सकता था कि जो चाचा दो घंटे पहले बच्चे को दुलार रहा था, उसके दिमाग में पूरे परिवार को खत्म करने की खूनी साजिश चल रही थी।
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आरोपी को पकड़ने के लिए पुलिस की टीमें दबिश दे रही हैं। आरोपी अभिषेक के अलावा पिता व माता पर दर्ज हुई प्राथमिकी मामले में गहनता से जांच की जा रही है। जांच के बाद ही माता-पिता पर आगामी कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।
- सूरज चावला, डीएसपी नारायणगढ़