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गोरखपुर: वरासत, जाति-निवास प्रमाण पत्र के लिए नहीं लगाने होंगे तहसीलों के चक्कर, यहां चलाया जाएगा विशेष अभियान
Fri, 17 Sep 2021 12:53 PM IST
गोरखपुर ब्यूरो
अमर उजाला नेटवर्क, गोरखपुर।
अमर उजाला नेटवर्क, गोरखपुर।
Published by: गोरखपुर ब्यूरो
Updated Fri, 17 Sep 2021 12:53 PM IST
सार
शुक्रवार और शनिवार को सदर और चौरीचौरा तहसील क्षेत्र में अभियान चलाया जाएगा। सदर के 31 व चौरीचौरा के तीन गांवों से होगी शुरूआत, नोडल अफसर हुए तैनात।
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प्रतीकात्मक तस्वीर।
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
गोरखपुर में ग्रामीणों को अब वरासत या जाति-निवास प्रमाण पत्र के लिए बार-बार तहसीलों के चक्कर नहीं लगाने पड़ेंगे। इन छोटे-छोटे कामों के लिए ग्रामीणों की परेशानी को देखते हुए कमिश्नर रवि कुमार एनजी ने सख्ती की है। उन्होंने अलग-अलग तहसीलों में विशेष अभियान चलाकर वरासत व जाति-आय निवास प्रमाण पत्र से जुड़े मामलों का निस्तारण करने का निर्देश दिया।
डीएम विजय किरन आनंद ने इसे अमल में लाते हुए तत्काल अभियान की तारीख तय करने के साथ ही मॉनीटरिंग के लिए नोडल अफसर भी तैनात कर दिए। शुरुआत सदर तहसील के 31 और चौरीचौरा तहसील के तीन गांवों से होगी। इसके बाद धीरे-धीरे यह सिलसिला आगे बढ़ेगा। दरअसल एक नई पहल के तहत कमिश्नर रवि कुमार एनजी अलग-अलग पंचायतों के प्रधानों से संवाद कर गांवों की समस्या जान रहे हैं। साथ ही उनके निस्तारण की दिशा में भी काम कर रहे हैं। इसी क्रम में कई गांवों के प्रधान उनसे शिकायत कर चुके हैं कि विगत वर्षों में काश्तकारों व ग्रामीणों की मृत्यु के बाद उनके वारिसों के नाम राजस्व अभिलेखों में दर्ज न होने, आय जाति, निवास प्रमाण पत्र जारी होने में देरी से बहुत से ग्रामीण परेशान हैं।
इसी के मद्देनजर 17 एवं 18 सितंबर को सदर तहसील एवं चौरीचौरा तहसील में एक विशेष अभियान संचालित करने का निर्णय किया गया। संबंधित ग्राम के लेखपाल एवं राजस्व निरीक्षक कैं प लगाकर गांव के समस्त वरासत संबंधी प्रकरणों की जांच कर नियमानुसार निर्विवाद वरासत दर्ज कराना सुनिश्चित करेंगे। इसके साथ ही आय/जाति/निवास संबंधी लंबित आवेदनों की जांच कर नियमानुसार ऑनलाइन रिपोर्ट भी दर्ज करेंगे। संबंधित ग्राम पंचायत अधिकारी/ग्राम विकास अधिकारी उक्त तिथियों को ग्राम में उपस्थित रहकर वरासत संबंधी प्रकरणों के मद्देनजर मृत्यु प्रमाण पत्र/परिवार रजिस्टर की नकल निर्गत कराना सुनिश्चित करेंगे।
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डीएम विजय किरन आनंद ने इसे अमल में लाते हुए तत्काल अभियान की तारीख तय करने के साथ ही मॉनीटरिंग के लिए नोडल अफसर भी तैनात कर दिए। शुरुआत सदर तहसील के 31 और चौरीचौरा तहसील के तीन गांवों से होगी। इसके बाद धीरे-धीरे यह सिलसिला आगे बढ़ेगा। दरअसल एक नई पहल के तहत कमिश्नर रवि कुमार एनजी अलग-अलग पंचायतों के प्रधानों से संवाद कर गांवों की समस्या जान रहे हैं। साथ ही उनके निस्तारण की दिशा में भी काम कर रहे हैं। इसी क्रम में कई गांवों के प्रधान उनसे शिकायत कर चुके हैं कि विगत वर्षों में काश्तकारों व ग्रामीणों की मृत्यु के बाद उनके वारिसों के नाम राजस्व अभिलेखों में दर्ज न होने, आय जाति, निवास प्रमाण पत्र जारी होने में देरी से बहुत से ग्रामीण परेशान हैं।
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इसी के मद्देनजर 17 एवं 18 सितंबर को सदर तहसील एवं चौरीचौरा तहसील में एक विशेष अभियान संचालित करने का निर्णय किया गया। संबंधित ग्राम के लेखपाल एवं राजस्व निरीक्षक कैं प लगाकर गांव के समस्त वरासत संबंधी प्रकरणों की जांच कर नियमानुसार निर्विवाद वरासत दर्ज कराना सुनिश्चित करेंगे। इसके साथ ही आय/जाति/निवास संबंधी लंबित आवेदनों की जांच कर नियमानुसार ऑनलाइन रिपोर्ट भी दर्ज करेंगे। संबंधित ग्राम पंचायत अधिकारी/ग्राम विकास अधिकारी उक्त तिथियों को ग्राम में उपस्थित रहकर वरासत संबंधी प्रकरणों के मद्देनजर मृत्यु प्रमाण पत्र/परिवार रजिस्टर की नकल निर्गत कराना सुनिश्चित करेंगे।
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देना होगा प्रमाण पत्र, कोई मामला रिक्त नहीं
अभियान सिर्फ कोरम भर न रह जाए, इसलिए डीएम ने सख्ती की है। उन्होंने सभी लेखपाल व राजस्व निरीक्षक से इस आशय का प्रमाण पत्र देने का निर्देश दिया है कि उनके क्षेत्र में निर्विवाद वरासत से संबंधी कोई भी प्रार्थनापत्र अब लंबित नहीं है। डीएम ने नोडल अफसरों को ये प्रमाण पत्र लेने की जिम्मेदारी सौंपी है।
अभियान की निगरानी के लिए इन्हें बनाया नोडल अधिकारी
अपर आयुक्त न्यायिक, अपर आयुक्त प्रशासन, अपर आयुक्त न्यायिक द्वितीय, सहायक कलेक्टर, उप जिलाधिकारी सदर, डिप्टी कलेक्टर, मुख्य राजस्व अधिकारी, अपर जिलाधिकारी वित्त एवं राजस्व, तहसीलदार न्यायिक सदर, अपर नगर मजिस्ट्रेट प्रथम, अपर नगर मजिस्ट्रेट द्वितीय तथा उप जिलाधिकारी चौरी चौरा को नोडल ऑफिसर नामित किया गया है।
इन गांवों में अभियान के तहत लगेगा कैंप
सदर तहसील के ब्लॉक पिपराइच के महुअवा खुर्द, लखेसरा, रामपुर खुर्द, सोनबरसा खुर्द, रुद्रापुर, रामनगर कड़जहां, केवटली, हरपुर, मठीया, रामूडीहां, भटहट ब्लॉक के भिसवा, बैलो, औरंगाबाद, बूढ़ाडीह, रसूलपुर झुंगिया, इस्लामपुर, रामपुर खुर्द, चरगांवा ब्लॉक का नाहरपुर, जंगल नाकिन, बालापार, खोराबार ब्लॉक का साहूकोल उर्फ मिर्जापुर, सोनवे लहसड़ी, डूहिया, लालपुर टीकर, मोतीराम अड्डा, खिरवनिया, नौवा अव्वल, पोछिया ब्रम्हस्थान, रामपुरा और प्यासी। इसी तरह सरदारनगर ब्लॉक के भटगांवा, बहरामपुर, भैसवा
अभियान की निगरानी के लिए इन्हें बनाया नोडल अधिकारी
अपर आयुक्त न्यायिक, अपर आयुक्त प्रशासन, अपर आयुक्त न्यायिक द्वितीय, सहायक कलेक्टर, उप जिलाधिकारी सदर, डिप्टी कलेक्टर, मुख्य राजस्व अधिकारी, अपर जिलाधिकारी वित्त एवं राजस्व, तहसीलदार न्यायिक सदर, अपर नगर मजिस्ट्रेट प्रथम, अपर नगर मजिस्ट्रेट द्वितीय तथा उप जिलाधिकारी चौरी चौरा को नोडल ऑफिसर नामित किया गया है।
इन गांवों में अभियान के तहत लगेगा कैंप
सदर तहसील के ब्लॉक पिपराइच के महुअवा खुर्द, लखेसरा, रामपुर खुर्द, सोनबरसा खुर्द, रुद्रापुर, रामनगर कड़जहां, केवटली, हरपुर, मठीया, रामूडीहां, भटहट ब्लॉक के भिसवा, बैलो, औरंगाबाद, बूढ़ाडीह, रसूलपुर झुंगिया, इस्लामपुर, रामपुर खुर्द, चरगांवा ब्लॉक का नाहरपुर, जंगल नाकिन, बालापार, खोराबार ब्लॉक का साहूकोल उर्फ मिर्जापुर, सोनवे लहसड़ी, डूहिया, लालपुर टीकर, मोतीराम अड्डा, खिरवनिया, नौवा अव्वल, पोछिया ब्रम्हस्थान, रामपुरा और प्यासी। इसी तरह सरदारनगर ब्लॉक के भटगांवा, बहरामपुर, भैसवा