{"_id":"601576ee467649221524b79e","slug":"two-minor-friends-were-dead-by-poison-in-gorakhpur","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"गोरखपुर: जहर से हुई थी दो नाबालिक दोस्तों की मौत, राज अब भी बरकरार","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
गोरखपुर: जहर से हुई थी दो नाबालिक दोस्तों की मौत, राज अब भी बरकरार
Sat, 30 Jan 2021 08:41 PM IST
vivek shukla
अमर उजाला नेटवर्क, गोरखपुर।
अमर उजाला नेटवर्क, गोरखपुर।
Published by: vivek shukla
Updated Sat, 30 Jan 2021 08:41 PM IST
विज्ञापन
घटनास्थल पर पहुंची पुलिस व रोते बिलखते परिजन। (फाइल फोटो)
- फोटो : अमर उजाला।
गोरखपुर जिले के कैंपियरगंज क्षेत्र के गौरीपुर गांव के बाहर खेत में मृत मिले इंद्रेश (15) और विशाल (14) की मौत जहर से ही हुई है। इसकी पुष्टि शनिवार को पोस्टमार्टम रिपोट से हो गई। किस जहर का इस्तेमाल किया गया इसकी जांच के लिए दोनों का विसरा सुरक्षित रखा गया है। जहर से मौत की पुष्टि के बाद पुलिस अब इस जांच में लगी है कि उन्होंने खुद जहर खाकर खुदकुशी की है या फिर उन्हें धोखे से जहर देकर हत्या की गई है।
विज्ञापन
दोनों की मौत का राज फिलहाल बरकरार है। दोनों ही किशोरों के घरवालों का कहना है कि वे खुदकुशी नहीं कर सकते हैं। हालांकि घरवाले यह भी नहीं बता पा रहे हैं कि अगर कोई जहर देकर उनकी जान लेगा तो क्यों? पुलिस दोनों के मोबाइल फोन की कॉल डिटेल व अन्य साक्ष्यों की मदद से गुत्थी सुलझाने में जुटी है। पुलिस मौत को खुदकुशी मान रही है, पर हत्या से भी इंकार नहीं कर रही है।
विज्ञापन
जानकारी के मुताबिक, गौरीपुर गांव निवासी इंद्रेश साहनी व गांव का ही विशाल साहनी जिगरी दोस्त थे। शुक्रवार की सुबह दोनों का शव गांव के बाहर खेत में पुआल में मिले थे। सूचना पर आई पुलिस ने दोनों के शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा था। जांच में पता चला कि दोनों बृहस्पतिवार की शाम घर से निकले थे।
विज्ञापन
शव घर पर पहुंचते ही मची चीख-पुकार
इंद्रेश के घरवालों ने रात में काफी खोजबीन भी की थी जबकि विशाल के घरवालों को लगा कि वह अपने नाना के पास रुक गया है। घर से आठ सौ मीटर की दूरी पर विशाल की ननिहाल है। इंद्रेश की जेब से पुलिस ने एक सुसाइड नोट बरामद किया है। उसमें उसने खुदकुशी की बात लिखी है और यह भी लिखा है कि उसके माता-पिता इसके लिए जिम्मेदार नहीं हैं। घरवालों को यह सब देखकर कुछ समझ में ही नहीं आया।
वह हैंडराइटिंग पर सवाल उठा रहे हैं। शनिवार को पोस्टमार्टम के बाद एक बात तो साफ हो गई है कि मौत जहर से हुई है अब पुलिस को यह पता लगाना है कि खुदकुशी या फिर हत्या और अगर खुदकुशी है तो इसकी वजह क्या है?
दोनों दोस्तों का शव पोस्टमार्टम के बाद शनिवार को घर पहुंचते ही एक बार फिर से चीख पुकार मच गई। इंद्रेश की मां माधुरी और विशाल की मां बिंदा रोते-रोते बेहोश हो जा रही हैं। इंद्रेश तीन भाई बहनों में सबसे छोटा था। बड़े भाई ब्रजेश और बड़ी बहन रोशनी का भी रो-रोकर बुरा हाल है।
विशाल तीन भाइयों में सबसे बड़ा था। दो छोटे भाई विकास और आकाश हैं। उन्हें भी समझ में नहीं आ रहा है कि आखिर बड़े भाई के साथ क्या हो गया है। शनिवार की शाम दोनों का एक साथ करमैनी घाट पर अंतिम संस्कार कर दिया गया।
वह हैंडराइटिंग पर सवाल उठा रहे हैं। शनिवार को पोस्टमार्टम के बाद एक बात तो साफ हो गई है कि मौत जहर से हुई है अब पुलिस को यह पता लगाना है कि खुदकुशी या फिर हत्या और अगर खुदकुशी है तो इसकी वजह क्या है?
दोनों दोस्तों का शव पोस्टमार्टम के बाद शनिवार को घर पहुंचते ही एक बार फिर से चीख पुकार मच गई। इंद्रेश की मां माधुरी और विशाल की मां बिंदा रोते-रोते बेहोश हो जा रही हैं। इंद्रेश तीन भाई बहनों में सबसे छोटा था। बड़े भाई ब्रजेश और बड़ी बहन रोशनी का भी रो-रोकर बुरा हाल है।
विशाल तीन भाइयों में सबसे बड़ा था। दो छोटे भाई विकास और आकाश हैं। उन्हें भी समझ में नहीं आ रहा है कि आखिर बड़े भाई के साथ क्या हो गया है। शनिवार की शाम दोनों का एक साथ करमैनी घाट पर अंतिम संस्कार कर दिया गया।