{"_id":"69ec0c0219af6732720b8b06","slug":"the-farmhouse-is-located-in-the-kusmhi-forest-of-the-aiims-police-station-area-ambareesh-left-his-home-in-civil-lines-at-8-am-gorakhpur-news-c-7-1-gkp1039-1300767-2026-04-25","type":"story","status":"publish","title_hn":"Gorakhpur News: गोरखपुर क्लब के संचालक की फार्म हाउस में गोली लगने से मौत","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Gorakhpur News: गोरखपुर क्लब के संचालक की फार्म हाउस में गोली लगने से मौत
विज्ञापन
- एम्स थाना क्षेत्र के कुसम्ही जंगल स्थित है फार्म हाउस, सुबह आठ बजे सिविल लाइंस स्थित घर से निकले थे अंबरीश
- पुलिस का दावा, पिस्टल साफ करने के दौरान मुंह में लगी गोली
गोरखपुर। एम्स थाना क्षेत्र के कुसम्ही स्थित फार्म हाउस के गोदाम में शुक्रवार सुबह गोरखपुर क्लब के संचालक अंबरीश श्रीवास्तव (40) की संदिग्ध हालात में मुंह में गोली लगने से मौत हो गई। घटना से इलाके में सनसनी फैल गई। पुलिस आत्महत्या और हादसे दोनों पहलुओं पर जांच कर रही है। परिवार के लोग भी स्तब्ध हैं और अंबरीश की मौत की वजह के संबंध में कुछ बता नहीं पा रहे हैं। हालांकि, पुलिस का दावा है कि लाइसेंसी पिस्टल साफ करते वक्त मुंह में गोली लगने से उनकी मौत हो गई।
जानकारी के अनुसार, पार्क रोड निवासी शहर के प्रतिष्ठित व्यवसायी अजय श्रीवास्तव उर्फ अतुल के बड़े बेटे अंबरीश शुक्रवार की सुबह करीब आठ बजे अपनी लग्जरी कार से कुसम्ही स्थित फार्म हाउस पहुंचे थे। फार्म हाउस पर डेयरी का काम भी होता है और वहां से दूध की आपूर्ति की जाती है। ड्राइवर के न आने पर अंबरीश खुद दूध लेने के लिए वहां गए थे। कर्मचारियों के मुताबिक, फार्म हाउस पहुंचने के बाद वह कुछ देर तक उनसे बातचीत करते रहे। इसी दौरान उनके मोबाइल पर एक कॉल आई, जिसके बाद वह बात करते हुए मकान की ऊपरी मंजिल पर चले गए।
करीब सवा नौ बजे गोली चलने की आवाज सुनकर एक कर्मचारी ऊपर गया। वहां अंबरीश खून से लथपथ फर्श पर पड़े मिले। पास ही उनकी लाइसेंसी पिस्टल भी पड़ी थी। मौके पर ही उनकी मौत हो चुकी थी। कर्मचारियों ने तुरंत परिजनों को सूचना दी और पुलिस को भी जानकारी दी गई जिसके बाद एसएसपी डॉ. कौस्तुभ और एसपी सिटी निमिष पाटिल पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। फॉरेंसिक टीम और डॉग स्क्वाड को भी बुलाकर साक्ष्य जुटाए गए। अंबरीश श्रीवास्तव गोरखपुर क्लब के संचालन के साथ ही टेंट हाउस संचालन और ठेकेदारी भी करते थे। गोरखपुर के अलावा मुरादाबाद और लखीमपुरी में भी वह काम करते थे।
विज्ञापन
उनकी कंपनी “एके टेंट हाउस” शहर के बड़े आयोजनों में सेवाएं देती है। घटना की खबर मिलते ही उनके आवास और पोस्टमार्टम हाउस पर लोगों की भीड़ जुट गई, जहां लोग शोक संतप्त परिवार को ढांढस बंधाते नजर आए।
वर्जन
प्रथम दृष्टया पिस्टल साफ करने के दौरान गोली चलने से मौत की बात सामने आ रही है, हालांकि सभी पहलुओं की जांच की जा रही है। सीसीटीवी कैमरों का फुटेज चेक किया गया, जिसमें उनके अलावा कोई और आता-जाता नहीं दिखा है।
- निमिष पाटिल, एसपी सिटी
विज्ञापन
- पुलिस का दावा, पिस्टल साफ करने के दौरान मुंह में लगी गोली
गोरखपुर। एम्स थाना क्षेत्र के कुसम्ही स्थित फार्म हाउस के गोदाम में शुक्रवार सुबह गोरखपुर क्लब के संचालक अंबरीश श्रीवास्तव (40) की संदिग्ध हालात में मुंह में गोली लगने से मौत हो गई। घटना से इलाके में सनसनी फैल गई। पुलिस आत्महत्या और हादसे दोनों पहलुओं पर जांच कर रही है। परिवार के लोग भी स्तब्ध हैं और अंबरीश की मौत की वजह के संबंध में कुछ बता नहीं पा रहे हैं। हालांकि, पुलिस का दावा है कि लाइसेंसी पिस्टल साफ करते वक्त मुंह में गोली लगने से उनकी मौत हो गई।
जानकारी के अनुसार, पार्क रोड निवासी शहर के प्रतिष्ठित व्यवसायी अजय श्रीवास्तव उर्फ अतुल के बड़े बेटे अंबरीश शुक्रवार की सुबह करीब आठ बजे अपनी लग्जरी कार से कुसम्ही स्थित फार्म हाउस पहुंचे थे। फार्म हाउस पर डेयरी का काम भी होता है और वहां से दूध की आपूर्ति की जाती है। ड्राइवर के न आने पर अंबरीश खुद दूध लेने के लिए वहां गए थे। कर्मचारियों के मुताबिक, फार्म हाउस पहुंचने के बाद वह कुछ देर तक उनसे बातचीत करते रहे। इसी दौरान उनके मोबाइल पर एक कॉल आई, जिसके बाद वह बात करते हुए मकान की ऊपरी मंजिल पर चले गए।
विज्ञापन
करीब सवा नौ बजे गोली चलने की आवाज सुनकर एक कर्मचारी ऊपर गया। वहां अंबरीश खून से लथपथ फर्श पर पड़े मिले। पास ही उनकी लाइसेंसी पिस्टल भी पड़ी थी। मौके पर ही उनकी मौत हो चुकी थी। कर्मचारियों ने तुरंत परिजनों को सूचना दी और पुलिस को भी जानकारी दी गई जिसके बाद एसएसपी डॉ. कौस्तुभ और एसपी सिटी निमिष पाटिल पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। फॉरेंसिक टीम और डॉग स्क्वाड को भी बुलाकर साक्ष्य जुटाए गए। अंबरीश श्रीवास्तव गोरखपुर क्लब के संचालन के साथ ही टेंट हाउस संचालन और ठेकेदारी भी करते थे। गोरखपुर के अलावा मुरादाबाद और लखीमपुरी में भी वह काम करते थे।
विज्ञापन
उनकी कंपनी “एके टेंट हाउस” शहर के बड़े आयोजनों में सेवाएं देती है। घटना की खबर मिलते ही उनके आवास और पोस्टमार्टम हाउस पर लोगों की भीड़ जुट गई, जहां लोग शोक संतप्त परिवार को ढांढस बंधाते नजर आए।
वर्जन
प्रथम दृष्टया पिस्टल साफ करने के दौरान गोली चलने से मौत की बात सामने आ रही है, हालांकि सभी पहलुओं की जांच की जा रही है। सीसीटीवी कैमरों का फुटेज चेक किया गया, जिसमें उनके अलावा कोई और आता-जाता नहीं दिखा है।
- निमिष पाटिल, एसपी सिटी