{"_id":"61c2d1fa61aa204516039708","slug":"senior-mahamandaleshwar-swami-yatindranand-giri-of-juna-akhara-spoke-press-conference-in-gorakhpur","type":"story","status":"publish","title_hn":"प्रेस कॉन्फ्रेंस: गोरखपुर में बोले जून अखाड़ा के वरिष्ठ महामंडलेश्वर, 'परिवर्तन का दौर चला, अब बन रहे टूटे मंदिर'","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
प्रेस कॉन्फ्रेंस: गोरखपुर में बोले जून अखाड़ा के वरिष्ठ महामंडलेश्वर, 'परिवर्तन का दौर चला, अब बन रहे टूटे मंदिर'
Wed, 22 Dec 2021 12:51 PM IST
vivek shukla
अमर उजाला ब्यूरो, गोरखपुर।
अमर उजाला ब्यूरो, गोरखपुर।
Published by: vivek shukla
Updated Wed, 22 Dec 2021 12:51 PM IST
सार
जून अखाड़ा के वरिष्ठ महामंडलेश्वर स्वामी यतीन्द्रानंद गिरी ने गोरखपुर में प्रेस कांफ्रेंस करके पत्रकारों के सामने अपनी बात रखी। इस दौरान उन्होंने कहा कि तब्लीगी जमात को प्रतिबंधित करके उनकी संपत्ति जब्त करें।
विज्ञापन
जूना अखाड़ा के वरिष्ठ महामंडलेश्वर स्वामी यतीन्द्रानंद गिरी
- फोटो : अमर उजाला।
विस्तार
जून अखाड़ा के वरिष्ठ महामंडलेश्वर स्वामी यतीन्द्रानंद गिरी गोरखपुर में एक कार्यक्रम में हिस्सा लेने आए हैं। ऐसे में मंगलवार की देर शाम उन्होंने प्रेस कांफ्रेंस करके पत्रकारों के सामने अपनी बात रखी। इस दौरान उन्होंने कहा कि तब्लीगी जमात को प्रतिबंधित करके उनकी संपत्ति जब्त करें।
जूना अखाड़ा के वरिष्ठ महामंडलेश्वर स्वामी यतीन्द्रानंद गिरी ने कहा कि देश में परिवर्तन का दौर चल रहा है। जो मंदिर तोड़े गए थे, वे दोबारा बनवाए जा रहे हैं। अयोध्या में भव्य व दिव्य राम मंदिर का निर्माण हो रहा है। अब हनुमानगढ़ी का भी कायाकल्प किया जाना चाहिए। काशी विश्वनाथ धाम का कायाकल्प हो गया है।
जूना अखाड़ा के वरिष्ठ महामंडलेश्वर एक कार्यक्रम में हिस्सा लेने मंगलवार को गोरखपुर आए हैं। देर शाम रेलवे स्टेशन रोड के एक होटल में पत्रकारों से बात की। उन्होंने कहा कि अब जरूरत काशी विश्वनाथ महाराज को अपने मूल स्थान पर लाने की है। ज्ञानवापी मस्जिद के बाहर नंदी इंतजार कर रहे हैं। मुसलमानों को चाहिए कि ज्ञानवापी मस्जिद की जिद छोड़ दें, ताकि काशी विश्वनाथ महाराज अपने मूल गर्भगृह में विराजमान हो सकें। काशी का कायाकल्प करने के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की तारीफ की जानी चाहिए।
विज्ञापन
उन्होंने तल्खी से कहा कि मदसरों में कट्टरता व जिहाद का पाठ पढ़ाया जाता है। मदरसों को तत्काल बंद करने की जरूरत है। सरकार को चाहिए कि अनुदान बंद करके मदरसों को सरकारी स्कूलों में तब्दील कर दे। असम सरकार ने अनुदान बंद करके एतिहासिक काम किया है। इस दिशा में यूपी व उत्तराखंड सहित अन्य राज्य सरकारों को भी कदम आगे बढ़ाना चाहिए। उन्होंने कहा कि सऊदी अरब में मदरसे नहीं हैं। तब्लीगी जमात को प्रतिबंधित कर दिया गया है। भारत में भी तब्लीगी जमात को प्रतिबंधित किया जाना चाहिए। जमात की सारी संपत्ति जब्त की जानी चाहिए।
वरिष्ठ महामंडलेश्वर ने कहा कि देश का विभाजन धर्म के आधार पर हुआ था। हिंदुस्तान की धन, संपदा पर पहला अधिकार हिंदुओं का है। लिहाजा, भारत की शासन व संवैधानिक व्यवस्था सनातन हिंदू मूल्यों के अनुसार होनी चाहिए। हिंदुओं को विभाजित करने के लिए बनी जातीय व्यवस्था खत्म की जानी चाहिए। संत समाज इसका प्रबल समर्थक है। अल्पसंख्यक व बहुसंख्यक का भाव अंग्रेजों का है। अंग्रेजों ने फूट डालो और राजनीति करो, के लिए इसे बनाया था। अब इसे खत्म करना पड़ेगा।
विज्ञापन
जूना अखाड़ा के वरिष्ठ महामंडलेश्वर स्वामी यतीन्द्रानंद गिरी ने कहा कि देश में परिवर्तन का दौर चल रहा है। जो मंदिर तोड़े गए थे, वे दोबारा बनवाए जा रहे हैं। अयोध्या में भव्य व दिव्य राम मंदिर का निर्माण हो रहा है। अब हनुमानगढ़ी का भी कायाकल्प किया जाना चाहिए। काशी विश्वनाथ धाम का कायाकल्प हो गया है।
विज्ञापन
जूना अखाड़ा के वरिष्ठ महामंडलेश्वर एक कार्यक्रम में हिस्सा लेने मंगलवार को गोरखपुर आए हैं। देर शाम रेलवे स्टेशन रोड के एक होटल में पत्रकारों से बात की। उन्होंने कहा कि अब जरूरत काशी विश्वनाथ महाराज को अपने मूल स्थान पर लाने की है। ज्ञानवापी मस्जिद के बाहर नंदी इंतजार कर रहे हैं। मुसलमानों को चाहिए कि ज्ञानवापी मस्जिद की जिद छोड़ दें, ताकि काशी विश्वनाथ महाराज अपने मूल गर्भगृह में विराजमान हो सकें। काशी का कायाकल्प करने के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की तारीफ की जानी चाहिए।
विज्ञापन
उन्होंने तल्खी से कहा कि मदसरों में कट्टरता व जिहाद का पाठ पढ़ाया जाता है। मदरसों को तत्काल बंद करने की जरूरत है। सरकार को चाहिए कि अनुदान बंद करके मदरसों को सरकारी स्कूलों में तब्दील कर दे। असम सरकार ने अनुदान बंद करके एतिहासिक काम किया है। इस दिशा में यूपी व उत्तराखंड सहित अन्य राज्य सरकारों को भी कदम आगे बढ़ाना चाहिए। उन्होंने कहा कि सऊदी अरब में मदरसे नहीं हैं। तब्लीगी जमात को प्रतिबंधित कर दिया गया है। भारत में भी तब्लीगी जमात को प्रतिबंधित किया जाना चाहिए। जमात की सारी संपत्ति जब्त की जानी चाहिए।
वरिष्ठ महामंडलेश्वर ने कहा कि देश का विभाजन धर्म के आधार पर हुआ था। हिंदुस्तान की धन, संपदा पर पहला अधिकार हिंदुओं का है। लिहाजा, भारत की शासन व संवैधानिक व्यवस्था सनातन हिंदू मूल्यों के अनुसार होनी चाहिए। हिंदुओं को विभाजित करने के लिए बनी जातीय व्यवस्था खत्म की जानी चाहिए। संत समाज इसका प्रबल समर्थक है। अल्पसंख्यक व बहुसंख्यक का भाव अंग्रेजों का है। अंग्रेजों ने फूट डालो और राजनीति करो, के लिए इसे बनाया था। अब इसे खत्म करना पड़ेगा।