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UP News: नशे में दुर्व्यवहार के आरोपों की जांच करेंगी एसडीओ निचलौल, रिपोर्ट के आधार पर होगी कार्रवाई
Fri, 19 Aug 2022 07:15 AM IST
vivek shukla
संवाद न्यूज एजेंसी, गोरखपुर।
संवाद न्यूज एजेंसी, गोरखपुर।
Published by: vivek shukla
Updated Fri, 19 Aug 2022 07:15 AM IST
सार
निदेशक राजामोहन से शिकायत करते हुए आरोप लगाया था कि डिप्टी रेंजर चंद्रभाम पासवान आवासीय क्षेत्र में आए। सभी कमरों में जाकर सो रहे लोगों को जगाने लगे। पूछने या उठने से मना करने पर उनसे दुर्व्यवहार किया।
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डिप्टी रेंजर चंद्रभूषण पासवान।
- फोटो : अमर उजाला।
विस्तार
चिड़ियाघर के डिप्टी रेंजर चंद्रभान पासवान पर पीसीसीएफ वाइल्ड लाइफ के कर्मचारियों से नशे में दुर्व्यवहार करने के आरोपों की जांच निचलौल एसडीओ आरुषि मलिक करेंगी। उनकी रिपोर्ट के आधार पर डिप्टी रेंजर पर कार्रवाई तय होगी। एक दिन पहले ही जांच का आदेश निदेशक के पास आया है।
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दरअसल, 29 जुलाई को अंतरराष्ट्रीय बाघ दिवस के मौके पर लखनऊ, कानपुर, दुधवा के अलावा पीसीसीएफ वाइल्ड लाइफ के प्रदेश स्तरीय बड़े अधिकारी आए थे। अधिकारियों के रुकने का इंतजाम सर्किट हाउस, चिड़ियाघर अतिथि घर और होटल में किया गया था। अधिकारियों संग आए स्टाफ जैसे ड्राइवर, अर्दली व अन्य सहयोगियों के रुकने के लिए चिड़ियाघर आवासीय क्षेत्र में टाइप सी ब्लाक के दस आवासों को सुरक्षित कर उसी में इंतजाम किया गया था।
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इन कर्मियों ने निदेशक राजामोहन से शिकायत करते हुए आरोप लगाया था कि डिप्टी रेंजर चंद्रभाम पासवान आवासीय क्षेत्र में आए। सभी कमरों में जाकर सो रहे लोगों को जगाने लगे। पूछने या उठने से मना करने पर उनसे दुर्व्यवहार किया।
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कर्मियों ने आरोप लगाते हुए बताया कि चंद्रभान नशे में थे और समझाने के बाद मानने की जगह उनके संग झगड़े पर उतारू हो गए। सबसे अधिक गलत व्यवहार कर्तिनायघाट से आई टीम के सहयोगियों संग किया था। इस शिकायत पर जांच के लिए निदेशक एच राजामोहन ने पीसीसीएफ वाइल्ड लाइफ को पत्र लिखा था। निदेशक ने बताया कि जांच का जिम्मा निचलौल एसडीओ आरुषि मलिक को दिया गया है। रिपोर्ट के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।