{"_id":"6a651f1b5f9aeb1ebe09f870","slug":"rhino-attacking-people-in-the-video-gorakhpur-news-c-7-gkp1062-1397326-2026-07-26","type":"story","status":"publish","title_hn":"Gorakhpur News: चिड़ियाघर से गैंडा भागने का फर्जी वीडियो वायरल","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Gorakhpur News: चिड़ियाघर से गैंडा भागने का फर्जी वीडियो वायरल
विज्ञापन
- वीडियो में लोगों पर हमला कर रहा गैंडा
गोरखपुर। सोशल मीडिया पर चिड़ियाघर से गैंडा भागने का दावा करने वाला वीडियो शनिवार को तेजी से वायरल हुआ तो शहर में अफरा-तफरी का माहौल बन गया। वीडियो में लोगों पर गैंडे के हमले में कई के घायल होने का दावा किया गया था। जांच के बाद पुलिस ने इसे फर्जी पाया है।
फेसबुक पर ‘मनीष भाई’ नाम की आईडी से एक पोस्ट प्रसारित की गई। इसमें दावा किया गया कि 23 जुलाई की शाम 4:10 बजे गोरखपुर चिड़ियाघर से गैंडा बाहर निकल गया और उसके हमले में आठ लोग घायल हो गए। पोस्ट के साथ साझा किए गए वीडियो में एक गैंडा लोगों को दौड़ाता और बाइक को नुकसान पहुंचाता दिखाई दे रहा था। वीडियो में कुछ लोग और महिलाएं जान बचाकर भागते नजर आ रहे थे। वीडियो वायरल होते ही खासकर तारामंडल क्षेत्र और आसपास के इलाकों में लोगों में डर फैल गया। कई लोगों ने एक-दूसरे को वीडियो भेजकर इसकी पुष्टि करनी शुरू कर दी। कुछ लोगों ने पुलिस और परिचितों से भी मामले की जानकारी ली।
इसपर पुलिस ने चिड़ियाघर प्रशासन से संपर्क कर वीडियो की सत्यता की जांच कराई। जांच में सामने आया कि वायरल वीडियो गोरखपुर चिड़ियाघर का नहीं है और यहां से किसी गैंडे के भागने की कोई घटना नहीं हुई है। एसपी सिटी निमिष पाटील ने बताया कि पुलिस कंट्रोल रूम को गैंडा भागने जैसी कोई सूचना नहीं मिली थी। जांच में वीडियो फर्जी पाया गया है। उन्होंने बताया कि अफवाह फैलाने वाले व्यक्ति की पहचान कर उसके खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। पुलिस ने लोगों से अपील की है कि सोशल मीडिया पर किसी भी सूचना को सत्यापित किए बिना साझा न करें।
विज्ञापन
विज्ञापन
गोरखपुर। सोशल मीडिया पर चिड़ियाघर से गैंडा भागने का दावा करने वाला वीडियो शनिवार को तेजी से वायरल हुआ तो शहर में अफरा-तफरी का माहौल बन गया। वीडियो में लोगों पर गैंडे के हमले में कई के घायल होने का दावा किया गया था। जांच के बाद पुलिस ने इसे फर्जी पाया है।
फेसबुक पर ‘मनीष भाई’ नाम की आईडी से एक पोस्ट प्रसारित की गई। इसमें दावा किया गया कि 23 जुलाई की शाम 4:10 बजे गोरखपुर चिड़ियाघर से गैंडा बाहर निकल गया और उसके हमले में आठ लोग घायल हो गए। पोस्ट के साथ साझा किए गए वीडियो में एक गैंडा लोगों को दौड़ाता और बाइक को नुकसान पहुंचाता दिखाई दे रहा था। वीडियो में कुछ लोग और महिलाएं जान बचाकर भागते नजर आ रहे थे। वीडियो वायरल होते ही खासकर तारामंडल क्षेत्र और आसपास के इलाकों में लोगों में डर फैल गया। कई लोगों ने एक-दूसरे को वीडियो भेजकर इसकी पुष्टि करनी शुरू कर दी। कुछ लोगों ने पुलिस और परिचितों से भी मामले की जानकारी ली।
विज्ञापन
इसपर पुलिस ने चिड़ियाघर प्रशासन से संपर्क कर वीडियो की सत्यता की जांच कराई। जांच में सामने आया कि वायरल वीडियो गोरखपुर चिड़ियाघर का नहीं है और यहां से किसी गैंडे के भागने की कोई घटना नहीं हुई है। एसपी सिटी निमिष पाटील ने बताया कि पुलिस कंट्रोल रूम को गैंडा भागने जैसी कोई सूचना नहीं मिली थी। जांच में वीडियो फर्जी पाया गया है। उन्होंने बताया कि अफवाह फैलाने वाले व्यक्ति की पहचान कर उसके खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। पुलिस ने लोगों से अपील की है कि सोशल मीडिया पर किसी भी सूचना को सत्यापित किए बिना साझा न करें।
विज्ञापन