{"_id":"69e3f7866e934c8dc40c7455","slug":"relief-for-cancer-patients-in-brd-radiotherapy-service-to-start-soon-gorakhpur-news-c-7-gkp1038-1294218-2026-04-19","type":"story","status":"publish","title_hn":"Gorakhpur News: बीआरडी में कैंसर मरीजों को राहत, जल्द शुरू होगी रेडियोथेरेपी सेवा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Gorakhpur News: बीआरडी में कैंसर मरीजों को राहत, जल्द शुरू होगी रेडियोथेरेपी सेवा
विज्ञापन
- कोबाल्ट मशीन की मरम्मत के लिए बकाया भुगतान, सोमवार तक ठीक होने की उम्मीद
गोरखपुर। बीआरडी मेडिकल कॉलेज में इलाज कराने वाले कैंसर मरीजों के लिए राहत भरी खबर है। रेडियोथेरेपी विभाग की कोबाल्ट मशीन की मरम्मत जल्द पूरी होने की उम्मीद है, जिसके बाद मरीजों की सेंकाई फिर से शुरू हो सकेगी।
मामले की जानकारी मिलते ही चिकित्सा शिक्षा विभाग के अपर मुख्य सचिव अमित घोष ने हस्तक्षेप किया। उनके निर्देश पर लंबित अनुरक्षण भुगतान तत्काल जारी कर दिया गया। बताया जा रहा है कि शनिवार को ही मरम्मत करने वाली कंपनी के खाते में बकाया रकम भेज दी गई। इसके बाद कंपनी से संपर्क कर मशीन को प्राथमिकता पर ठीक करने का अनुरोध किया गया है।
दरअसल, मुंबई की पैनेशिया टेक्नोलॉजी कंपनी को मशीन के रखरखाव की जिम्मेदारी दी गई थी। वर्ष 2025 से भुगतान न होने के कारण करीब 14 लाख रुपये बकाया हो गए थे। इसी बीच मार्च के अंत में मशीन खराब हो गई, जिससे मरीजों की रेडियोथेरेपी सेवा ठप हो गई थी।
विज्ञापन
प्राचार्य डॉ. रामकुमार जायसवाल के अनुसार, रविवार या सोमवार तक इंजीनियर पहुंच सकते हैं और मरम्मत कार्य पूरा कर लिया जाएगा। इसके बाद मरीजों का उपचार फिर शुरू हो जाएगा। वहीं, मेडिकल कॉलेज में अन्य मशीनों के अनुरक्षण के लिए भी करीब एक करोड़ रुपये की जरूरत बताई जा रही है, जिसके लिए शासन से बजट की मांग की गई है।
विज्ञापन
गोरखपुर। बीआरडी मेडिकल कॉलेज में इलाज कराने वाले कैंसर मरीजों के लिए राहत भरी खबर है। रेडियोथेरेपी विभाग की कोबाल्ट मशीन की मरम्मत जल्द पूरी होने की उम्मीद है, जिसके बाद मरीजों की सेंकाई फिर से शुरू हो सकेगी।
मामले की जानकारी मिलते ही चिकित्सा शिक्षा विभाग के अपर मुख्य सचिव अमित घोष ने हस्तक्षेप किया। उनके निर्देश पर लंबित अनुरक्षण भुगतान तत्काल जारी कर दिया गया। बताया जा रहा है कि शनिवार को ही मरम्मत करने वाली कंपनी के खाते में बकाया रकम भेज दी गई। इसके बाद कंपनी से संपर्क कर मशीन को प्राथमिकता पर ठीक करने का अनुरोध किया गया है।
विज्ञापन
दरअसल, मुंबई की पैनेशिया टेक्नोलॉजी कंपनी को मशीन के रखरखाव की जिम्मेदारी दी गई थी। वर्ष 2025 से भुगतान न होने के कारण करीब 14 लाख रुपये बकाया हो गए थे। इसी बीच मार्च के अंत में मशीन खराब हो गई, जिससे मरीजों की रेडियोथेरेपी सेवा ठप हो गई थी।
विज्ञापन
प्राचार्य डॉ. रामकुमार जायसवाल के अनुसार, रविवार या सोमवार तक इंजीनियर पहुंच सकते हैं और मरम्मत कार्य पूरा कर लिया जाएगा। इसके बाद मरीजों का उपचार फिर शुरू हो जाएगा। वहीं, मेडिकल कॉलेज में अन्य मशीनों के अनुरक्षण के लिए भी करीब एक करोड़ रुपये की जरूरत बताई जा रही है, जिसके लिए शासन से बजट की मांग की गई है।