UP News: एक क्लिक में आरएसी व वेटिंग टिकट हो रहा कंफर्म, गोरखपुर से इन ट्रेनों में सुविधा शुरू
एचएचटी में टीटीई खाली बर्थ की सूचना भरेंगे। जिसके बाद तत्काल आरएसी-वेटिंग टिकट संख्या के आधार पर मेरिट के अनुसार कन्फर्म हो जाएगा। इससे यात्रियों को खासा लाभ मिलेगा और टीटीई की मनमर्जी से अनधिकृत सीट आवंटन पर ब्रेक लग जाएगा।
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अब ट्रेन में सफर करने वाले आरएसी या वेटिंग टिकट वाले यात्रियों को अपने सीट की जानकारी के लिए चिंता करने की जरूरत नहीं है। यात्रा के दौरान भी अगर कोई सीट खाली होती है तो इसकी जानकारी सफर के दौरान ही मिल जा रही है।
यह हैंड हेल्ड टर्मिनल (एचएचटी) मशीन से संभव हुआ है। पूर्वोत्तर रेलवे की 17 ट्रेनों में टीटीई को अब एचएचटी दे दी गई है, इसमें गोरखपुर या यहां से गुजरने वाली नौ ट्रेनें शामिल हैं।
वाणिज्य विभाग मुख्यालय, गोरखपुर को 316 हैंड हेल्ड टर्मिनल मशीनें मिली हैं। विभाग ने इज्जतनगर मंडल को 29, लखनऊ को 191 और वाराणसी को 96 मशीनें आवंटित की हैं। सेंटर फॉर रेलवे इन्फार्मेशन सिस्टम (क्रिस) दिल्ली से टिकट जांच कर्मियों को प्रशिक्षित किया जा चुका है।
अब ट्रायल पर कुछ प्रमुख ट्रेनों में टीटीई द्वारा हैंड हेल्ड टर्मिनल मशीन से टिकट की जांच शुरू करा दी गई है। धीरे-धीरे सभी ट्रेनों में यह सुविधा शुरू होगी। हालांकि, टीटीई को अभी प्रिंट चार्ट भी दिया जा रहा है कि कहीं कोई तकनीकी दिक्कत आए तो यात्रियों को मुसीबत न झेलनी पड़े। लेकिन, जब वे एक्सपर्ट हो जाएंगे तो जांच को पेपरलेस कर दिया जाएगा।
गोरखपुर से इन ट्रेनों में सुविधा शुरू
गोरखधाम एक्सप्रेस, अमरनाथ एक्सप्रेस, वैशाली एक्सप्रेस, बाघ एक्सप्रेस, बिहार संपर्क क्रांति एक्सप्रेस, कोचीन एक्सप्रेस, लखनऊ इंटरसिटी, कृषक एक्सप्रेस, गोरखपुर-आनंद विहार हमसफर एक्सप्रेस।
मनमर्जी पर लगेगा ब्रेक
एचएचटी में टीटीई खाली बर्थ की सूचना भरेंगे। जिसके बाद तत्काल आरएसी-वेटिंग टिकट संख्या के आधार पर मेरिट के अनुसार कन्फर्म हो जाएगा। इससे यात्रियों को खासा लाभ मिलेगा और टीटीई की मनमर्जी से अनधिकृत सीट आवंटन पर ब्रेक लग जाएगा।
क्या है हैंड हेल्ड टर्मिनल मशीन
हैंड हेल्ड टर्मिनल मशीन आई पैड साइज की डिजिटल डिवाइस है। इसमें यात्रा करने वाले यात्रियों का रिजर्वेशन चार्ट उपलब्ध रहेगा। मशीन जीपीआरएस के जरिये यात्री आरक्षण प्रणाली के केंद्रीय सर्वर से जुड़ी रहती है। इसलिए, जहां भी स्टेशन पर ट्रेन रुकती है, टिकटों की बुकिंग का विवरण अपडेट हो जाता है। इसके जरिये टीटीई सीट कन्फर्मेशन, कैंसिलेशन, पेनाल्टी, अतिरिक्त किराया आदि का काम भी कर सकते हैं।
पूर्वोत्तर रेलवे मुख्य जनसंपर्क अधिकारी पंकज कुमार सिंह ने कहा कि रेल यात्रियों को बेहतर एवं पारदर्शी सुविधा प्रदान करने के क्रम में ट्रेनों में हैंड हेल्ड टर्मिनल डिवाइस कंडक्टरों को दिया जाने लगा है। जिन ट्रेनों में यह सुविधा शुरू हो गई है, उनमें कोच कंडक्टर को पेपर आरक्षण चार्ट ले जाने की आवश्यकता नहीं पड़ेगी। आरक्षण चार्ट इस डिवाइस में डिजिटल फॉर्म में उपलब्ध रहता है। यदि कोई यात्री नहीं आता है तो खाली सीट को इस डिवाइस में फीड कर दिया जाता है, जिससे आरएसी, वेटिंग टिकट ऑटोमैटिक कंफर्म हो जाता है। संबंधित यात्री को मैसेज चला जाता है। इससे सीट आवंटन में पारदर्शिता बढ़ी है।