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हिस्ट्रीशीटरों के नाम के आगे 'लापता' लिखकर काम चला रही थी पुलिस, एसएसपी की सख्ती पर शुरू हुई तलाश

Sat, 19 Sep 2020 12:51 PM IST
vivek shukla शिवम सिंह, गोरखपुर।
शिवम सिंह, गोरखपुर। Published by: vivek shukla Updated Sat, 19 Sep 2020 12:51 PM IST
सार

  • पुलिस से बच नहीं पाएंगे बदमाश, नए-पुराने सबका सत्यापन करेगी पुलिस
  • लापता हिस्ट्रीशीटरों की तलाश में पुलिस की विशेष टीमें भी लगाई गईं
  • पुलिस के रिकॉर्ड में जिले में 1447 हिस्ट्रीशीटर, 207 का पता नहीं

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Police will verify history sheeters file after SSP jogendra kumar instructions
थानेदारों से बातचीत करते एसएसपी जोगेंद्र कुमार।(file) - फोटो : अमर उजाला।

विस्तार

उत्तर प्रदेश के गोरखपुर जिले में बदमाशों पर शिकंजा कसने के लिए पुलिस ने बंद फाइलें खोल दी है। एक भी बदमाश बचने ना पाए, इसके लिए नए-पुराने सभी बदमाशों की वर्तमान गतिविधि का सत्यापन शुरू कर दिया गया है। साथ ही हिस्ट्रीशीटरों पर सख्ती भी बढ़ा दी गई है।

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जांच में पाया गया कि जिले में करीब 207 हिस्ट्रीशीटर ऐसे हैं, जिनके बारे में लंबे समय से पुलिस को भी कोई जानकारी नहीं मिली है। पुलिस उनके नाम के आगे लापता लिखकर काम चला रही थी। एसएसपी जोगेंद्र कुमार ने सख्ती की तो थानेदारों ने अपने स्तर पर ही पुलिस की टीमें गठित कर इनकी तलाश शुरू कर दी है।
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जानकारी के मुताबिक, जिला पुलिस को दस साल पुराने रिकॉर्ड को ना सिर्फ दुरुस्त करना है, बल्कि उसका सत्यापन भी करना है। जिला पुलिस के रिकॉर्ड में 1447 हिस्ट्रीशीटर के नाम दर्ज हैं। नियमानुसार पुलिस को इन सभी का सत्यापन करना होता है कि कौन अपराध में सक्रिय है और कौन नहीं।
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इतना ही नहीं, जो अपराध में सक्रिय नहीं हैं, वे अभी क्या कर रहे हैं, यह जानकारी भी पुलिस को जुटानी होती है। इसके बावजूद जिले में करीब 207 हिस्ट्रीशीटर ऐसे हैं, जिनके बारे में पुलिस को ही लंबे समय से जानकारी नहीं मिली है।

इन हिस्ट्रीशीटरों में से कई की मौत हो चुकी है, लेकिन इसकी औपचारिक पुष्टि नहीं है। तकनीकी रूप से पुलिस हिस्ट्रीशीट को खत्म भी नहीं कर सकती है। ऐसे में पुलिस इनके नाम के सामने लापता लिखकर मामले को दबा देती थी, लेकिन एसएसपी की सख्ती के बाद पुलिस सक्रिय हो गई है।
 
अब लापता हिस्ट्रीशीटरों का सत्यापन शुरू कराया गया है। जो फरार हैं, उन्हें जल्द ही दबोचा जाएगा। इसी तरह दस साल के पुलिस रिकॉर्ड को दुरुस्त किया जा रहा है। पुराने मुकदमों में जेल गए या वांछित रहे बदमाशों का सत्यापन करने का आदेश भी हुआ है।

नए गैंग करें पंजीकृत, खोलें हिस्ट्रीशीट: एसएसपी

एसएसपी ने पुलिस को नए गैंग पंजीकृत करने और हिस्ट्रीशीट खोलने का भी आदेश दिया है। उन्होंने निर्देशित किया है कि वे बदमाशों की सक्रियता के आधार पर उनके खिलाफ कार्रवाई करें। अगर कोई भी अपराध में संलिप्त है, तो उस पर कार्रवाई सुनिश्चित होनी चाहिए। इसमें लापरवाही नहीं होनी चाहिए। एसएसपी बदमाशों पर की जा रही कार्रवाई की खुद समीक्षा भी कर रहे हैं।
 
फैक्ट फाइल (इस साल की गई कार्रवाई)
जिला बदर:14
गुंडा एक्ट की कार्रवाई: 313
गैंगस्टर के केस: 33
संपत्ति जब्त: 33
शस्त्र लाइसेंस निरस्तीकरण: 42
 
एसएसपी जोगेंद्र कुमार ने बताया कि बदमाशों के खिलाफ सख्त कार्रवाई के आदेश सभी थानेदारों को दिए हैं। इसमें किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। एसपी, सीओ स्तर पर निगरानी की जा रही है। हर महीने प्रगति की समीक्षा मैं खुद करूंगा।

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