Exclusive: अवैध सोने में पंडित का नाम ही हॉलमार्क, घंटे भर में खपा देता है पांच किलो सोना
सराफा बाजार के सूत्रों की माने, कुछ वर्ष पहले डीआरआई की टीम ने गोरखपुर से बाहर एक बड़े कारोबारी को गिरफ्तार किया था। उसके पास से भारी मात्रा में अवैध सोना बरामद किया गया था। उस दौरान पंडित का नाम सामने आया था। व्यापारी के जेल जाने पर पंडित ने अवैध सोने को खपाने के लिए अपना नेटवर्क तैयार कर लिया। कुछ ही समय में पंडित का सिक्का चलने लगा।
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गोरखपुर के सराफा बाजार में एक चर्चित नाम है पंडितजी। सोने के कारोबारियों के बीच उसका नाम ही काफी है। अवैध सोने को बाजार में खपाने में पंडित काे महारत हासिल है। एक तरह से उसका नाम ही हॉलमार्क है। जानकार बताते हैं कि पंडित का नेटवर्क ऐसा है कि कुछ ही घंटों में तीन से पांच किलो तक अवैध सोना खपा देता है। पहले, पंडित खुद दूसरे अवैध कारोबारियों से सोना लेता था, लेकिन, अब उसका नेटवर्क इतना बड़ा हो गया है कि दूसरे कारोबारियों को सोने की खेप पहुंचा देता है।
सराफा बाजार के सूत्रों की माने, कुछ वर्ष पहले डीआरआई की टीम ने गोरखपुर से बाहर एक बड़े कारोबारी को गिरफ्तार किया था। उसके पास से भारी मात्रा में अवैध सोना बरामद किया गया था। उस दौरान पंडित का नाम सामने आया था। व्यापारी के जेल जाने पर पंडित ने अवैध सोने को खपाने के लिए अपना नेटवर्क तैयार कर लिया। कुछ ही समय में पंडित का सिक्का चलने लगा।
जानकार बताते हैं कि इन दिनों पंडित के पास बाहर से पांच से सात किलो सोना आ जाए तो तस्कर को तत्काल नकद भुगतान करने में सक्षम है। पंडित अपने नेटवर्क से छोटे दुकानदारों तक अवैध सोना पहुंचा देता है। छाेटे दुकानदार सोने को गलाकर आभूषण बनाते हैं और उस पर हाॅलमार्क लगाकर बाजार में आसानी से बेच देते हैं।
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छोटे दुकानदार पंडित के हालमार्क वाला लेते हैं सोना
सूत्र बताते हैं कि पंडित बाजार में अवैध सोना मंगाता है। वहां से हिंदी बाजार में कच्चा सोना बेचने वाले छोटे व्यापारियों के यहां भेज देता। फिलहाल अभी 10 ऐसे सराफा व्यापारी हैं, जो सीधे पंडित से जुड़े हैं। जबकि, इनसे दूसरे छोटे व्यापारी जुड़े हैं। इस नेटवर्क की भी बाजार में खूब चर्चा है।
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यहां उठी उंगलियां तो चले गए बाहर
सराफा बाजार में एक और अवैध सोने को खपाने वाजा व्यापारी है। जिसका हिंदी बाजार के साथ ही दूसरे जिले में भी नेटवर्क है। पिछले दिनों बाजार में जिस वक्त अवैध सोने को खपाने में एक सराफा कारोबारी पर कार्रवाई की गई थी, उस वक्त वह बाजार में एक और दुकान खोलने की तैयारी में था। मामला तूल पकड़ने लगा तो उसने दूसरे जिले में दुकान खोली।
पहले कारोबार में थे अनाड़ी, खिलाड़ी बने तो खटकने लगे
पंडित के अलावा इन दिनों एक और बड़ा नाम अवैध सोने की खरीद फरोख्त में सामने आया है। इस व्यापारी के बढ़ते नेटवर्क ने दूसरे बड़े कारोबारियों की चिंता बढ़ा दी है। सूत्र बताते हैं व्यापारी का नेटवर्क इतना बढ़ गया है कि जिससे सोना खरीदता था, अब उसे ही बेचता है। उसके बढ़ते नेटवर्क से दूसरे खार खाने लगे हैं। डीआरआई ने कुछ दिनों पहले बाजार में एक कार्रवाई भी की थी।
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बताया जाता है कि इस दौरान सराफा व्यापारी के एक साथी को डीआरआई ने गिरफ्तार भी किया था। सराफा व्यापारी के नाम भी सामने आया था। पुष्टि करने और जांच करने डीआरआई की टीम भी व्यापारी के दुकान पर पहुंची थी। इधर, नाम आने के बाद सराफा व्यापारी अचानक इस दुकान से गायब हो गया। बाजार में इसकी चर्चा खूब है।