{"_id":"63eb2e066ef3bdfd4f02c375","slug":"more-than-50-indians-hostage-in-tajikistan-appeal-for-release-2023-02-14","type":"story","status":"publish","title_hn":"Gorakhpur News: 50 से अधिक भारतीय तजाकिस्तान में बंधक, भारत सरकार से की छुड़ाने की अपील","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Gorakhpur News: 50 से अधिक भारतीय तजाकिस्तान में बंधक, भारत सरकार से की छुड़ाने की अपील
Tue, 14 Feb 2023 12:18 PM IST
vivek shukla
अमर उजाला ब्यूरो, गोरखपुर।
अमर उजाला ब्यूरो, गोरखपुर।
Published by: vivek shukla
Updated Tue, 14 Feb 2023 12:18 PM IST
सार
राजधानी दुशानबे से 100 किलोमीटर दूर एक कंपनी बर्फीले पहाड़ों में डैम बनवा रही है। डैम पर सुरंग खोदने का काम किया जा रहा है। कंपनी ने धोखाधड़ी कर कमियों को बुला लिया। माइनस तापमान में कर्मचारी काम कर रहे हैं। लेकिन, कंपनी न खाने की व्यवस्था की है और न ही पानी की। यहां तक की रहने की व्यवस्था भी ठीक नहीं है।
विज्ञापन
वीडियो शेयर कर मांगी भारत सरकार से मदद।
- फोटो : अमर उजाला।
विस्तार
50 से अधिक भारतीय तजाकिस्तान की राजधानी दुशानबे से 100 किलोमीटर दूर एक स्थान पर बंधक बना लिए गए हैं। सोशल मीडिया पर वीडियो शेयर कर भारत सरकार और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से मदद की अपील करते हुए भारत बुलाने की मांग की है। बताया जा रहा है कि 28 लोग अकेले गोरखपुर और उसके आसपास जिलों के रहने वाले हैं। ये लोग गोरखपुर से एक ऑफिस के माध्यम से काम करने गए है। इसके एवज में किसी ने एक लाख तो किसी ने डेढ़ लाख रुपये दिए हैं।
विज्ञापन
वायरल वीडियो में देवी प्रसाद ने बताया है कि राजधानी दुशानबे से 100 किलोमीटर दूर एक कंपनी बर्फीले पहाड़ों में डैम बनवा रही है। डैम पर सुरंग खोदने का काम किया जा रहा है। कंपनी ने धोखाधड़ी कर कमियों को बुला लिया। माइनस तापमान में कर्मचारी काम कर रहे हैं। लेकिन, कंपनी न खाने की व्यवस्था की है और न ही पानी की। यहां तक की रहने की व्यवस्था भी ठीक नहीं है। काम के लिए कोई लाइसें भी नहीं बना है न ही इंश्योरेंस किया गया है।
विज्ञापन
कंपनी के गाड़ी का नुकसान हो रहा है कि तो उसका पैसा भी हम लोगों से ही काटा जा रहा है। इसे लेकर भारतीय दूतावात से अधिकारियों से वार्ता की गई थी। अधिकारी आए थे और जल्द से जल्द भारत भेजने की बात कहे थे। दूतावास के अधिकारियों के सामने कंपनी का एचआर भी भारत भेजने की बात कहा था। लेकिन, 10 दिन से अधिक का समय बीत गया अब तक कोई पहल नहीं की गई है। कंपनी केवल बंधक बनाए गए कर्मियों की लिस्ट मांगती है, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं करती है। जबकि, कंपनी में उत्तर प्रदेश, बिहार और झारखंड के 50 से अधिक लोग फंसे हैं।
विज्ञापन
10 से अधिक वीडियो कर चुके हैं शेयर
वीडियो के जरिए बताया कि इसे लेकर 10 से अधिक वीडियो शेयर किया जा चुका है। साथ ही ट्वीट भी किया गया है, लेकिन कोई पहल यहां से निकालने की नहीं हुई है। जबकि, अलग-अलग भारतीय अलग-अलग एजेंटों के माध्यम से आए हैं। सभी एजेंटों ने इसके लिए अच्छी खासी रकम भी वसूली है। दूसरी तरफ कंपनी का कहना है कि वीजा निशुल्क था, कोई रुपये नहीं लिए गए हैं। ऐसे में एजेंटों ने धोखाधड़ी करके इतने खराब जगह भेजकर फंसा दिया है।