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Gorakhpur News: हैंडबॉल के खिलाड़ियों को मिलेगी टेराफ्लैक्स कोर्ट की सौगात
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बढ़ेगी खिलाड़ियों की रफ्तार, कम होगी चोटिल होने की संभावना
संवाद न्यूज एजेंसी
वाराणसी। अक्तूबर तक हैंडबॉल के खिलाड़ियों को अंतरराष्ट्रीय स्तर की सुविधाएं मिलने वाली हैं। यूपी हैंडबॉल संघ की पहल पर गोरखपुर, वाराणसी सहित प्रदेश के चार जिलों में टेराफ्लैक्स कोर्ट की सुविधा मिलेगी। टेराफ्लैक्स कोर्ट पर अभ्यास करने वाले खिलाड़ियों की दौड़ने की क्षमता दो से पांच किमी तक बढ़ जाएगी।
सिगरा स्टेडियम में हैंडबॉल के पूर्व अंशकालिक प्रशिक्षक बृजेश खरवार ने बताया कि हैंडबाल के तीन से चार प्रकार के कोर्ट होते हैं। इनमें घास, सीमेंट, वूडेन के अलावा टेराफ्लैक्स कोर्ट मुख्य है। घास, सीमेंट और वूडेन कोर्ट पर खिलाड़ी 10 से 12 किलोमीटर तक ही दौड़ पाते हैं। खेल के दौरान गिरने पर चोटिल होने की संभावना भी रहती है। टेराफ्लैक्स कोर्ट वह 15 से 20 किलोमीटर तक दौड़ सकते हैं। गिरने पर चोट की भी संभावना भी कम रहती है। पैरों की पकड़ अन्य कोर्ट के मुकाबले मजबूत होती है। फैजाबाद में टेराफ्लैक्स कोर्ट है जहां राष्ट्रीय शिविर के दौरान खिलाड़ी अभ्यास करते हैं।
क्षेत्रीय क्रीड़ा अधिकारी आरपी सिंह ने बताया कि प्रदेश के सभी स्पोर्ट्स कॉलेजों में हैंडबॉल को शामिल करने के साथ ही वाराणसी सहित गोरखपुर, लखनऊ और अयोध्या में टेराफ्लैक्स कोर्ट की सुविधा शुरू करने की योजना है। निदेशालय ने जवाब मांगा है।
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संवाद न्यूज एजेंसी
वाराणसी। अक्तूबर तक हैंडबॉल के खिलाड़ियों को अंतरराष्ट्रीय स्तर की सुविधाएं मिलने वाली हैं। यूपी हैंडबॉल संघ की पहल पर गोरखपुर, वाराणसी सहित प्रदेश के चार जिलों में टेराफ्लैक्स कोर्ट की सुविधा मिलेगी। टेराफ्लैक्स कोर्ट पर अभ्यास करने वाले खिलाड़ियों की दौड़ने की क्षमता दो से पांच किमी तक बढ़ जाएगी।
सिगरा स्टेडियम में हैंडबॉल के पूर्व अंशकालिक प्रशिक्षक बृजेश खरवार ने बताया कि हैंडबाल के तीन से चार प्रकार के कोर्ट होते हैं। इनमें घास, सीमेंट, वूडेन के अलावा टेराफ्लैक्स कोर्ट मुख्य है। घास, सीमेंट और वूडेन कोर्ट पर खिलाड़ी 10 से 12 किलोमीटर तक ही दौड़ पाते हैं। खेल के दौरान गिरने पर चोटिल होने की संभावना भी रहती है। टेराफ्लैक्स कोर्ट वह 15 से 20 किलोमीटर तक दौड़ सकते हैं। गिरने पर चोट की भी संभावना भी कम रहती है। पैरों की पकड़ अन्य कोर्ट के मुकाबले मजबूत होती है। फैजाबाद में टेराफ्लैक्स कोर्ट है जहां राष्ट्रीय शिविर के दौरान खिलाड़ी अभ्यास करते हैं।
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क्षेत्रीय क्रीड़ा अधिकारी आरपी सिंह ने बताया कि प्रदेश के सभी स्पोर्ट्स कॉलेजों में हैंडबॉल को शामिल करने के साथ ही वाराणसी सहित गोरखपुर, लखनऊ और अयोध्या में टेराफ्लैक्स कोर्ट की सुविधा शुरू करने की योजना है। निदेशालय ने जवाब मांगा है।
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