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गोरखपुर विश्वविद्यालय : वाणिज्य विभाग में आरोप-प्रत्यारोप बढ़ा, विवाद और गहराया
Fri, 04 Sep 2026 02:56 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, गोरखपुर
संवाद न्यूज एजेंसी, गोरखपुर
Updated Fri, 04 Sep 2026 02:56 AM IST
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गोरखपुर। गोरखपुर विश्वविद्यालय के वाणिज्य विभाग में विवाद थमने का नाम नहीं ले रहा है। वाणिज्य संकाय के डीन व हेड प्रो. आरपी सिंह पर शिक्षिका डॉ. प्रतिमा जायसवाल ने उत्पीड़न के आरोप लगाए हैं। वरिष्ठ आचार्य प्रो. अजेय कुमार गुप्ता ने भी उत्पीड़न के विरोध में पांच सितंबर से सत्याग्रह की अनुमति मांगी है। वहीं उत्पीड़न, साहित्यिक चोरी समेत अन्य आरोपों पर प्रो. आरपी सिंह ने सफाई देते हुए जांच में दोषी साबित होने पर कार्रवाई स्वीकार करने की बात कही है।
संवाद से निकालेंगे समाधान, प्रो. अजेय नहीं करेंगे सत्याग्रह : कुलपति : गोरखपुर विश्वविद्यालय की कुलपति प्रो. पूनम टंडन ने कहा कि प्रो.आरपी सिंह और प्रो. अजेय गुप्ता से बात कर समाधान का रास्ता निकाला जाएगा। यह कोई बड़ा मामला नहीं है। कहा कि प्रो. गुप्ता से बात हुई है, वह अब सत्याग्रह नहीं करेंगे। सहायक आचार्य डॉ. प्रतिमा जायसवाल से भी कई बार बात हुई है। विभाग में उनको कक्ष भी उपलब्ध करा दिया गया है। उन्होंने कहा कि विश्वविद्यालय एक परिवार की तरह है। सभी को एक दूसरे की भावनाओं का सम्मान करना चाहिए।
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संवाद से निकालेंगे समाधान, प्रो. अजेय नहीं करेंगे सत्याग्रह : कुलपति : गोरखपुर विश्वविद्यालय की कुलपति प्रो. पूनम टंडन ने कहा कि प्रो.आरपी सिंह और प्रो. अजेय गुप्ता से बात कर समाधान का रास्ता निकाला जाएगा। यह कोई बड़ा मामला नहीं है। कहा कि प्रो. गुप्ता से बात हुई है, वह अब सत्याग्रह नहीं करेंगे। सहायक आचार्य डॉ. प्रतिमा जायसवाल से भी कई बार बात हुई है। विभाग में उनको कक्ष भी उपलब्ध करा दिया गया है। उन्होंने कहा कि विश्वविद्यालय एक परिवार की तरह है। सभी को एक दूसरे की भावनाओं का सम्मान करना चाहिए।
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