फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Gorakhpur News ›   Gorakhpur News: Search for mastermind Nata...revenue personnel also on the radar

Gorakhpur News: मास्टरमाइंड नाटा की तलाश...राजस्वकर्मी भी रडार पर

Mon, 04 Aug 2025 12:22 AM IST
Gorakhpur Bureau गोरखपुर ब्यूरो
Updated Mon, 04 Aug 2025 12:22 AM IST
विज्ञापन
Gorakhpur News: Search for mastermind Nata...revenue personnel also on the radar
फर्जी परवाना : कुशीनगर के खड्डा तहसील के कुछ राजस्वकर्मियों से पूछताछ की तैयारी में पुलिस
विज्ञापन

महराजगंज के सोहगीबरवा इलाके में है नाटा का मकान, ठिकाने बदलकर रहने लगा

गोरखपुर। नदी के किनारे की जमीन पर फर्जी परवाना आदेश (नामांतरण) से नाम दर्ज कराने के मामले में पुलिस को मास्टरमाइंड कुशीनगर के तुर्कपट्टी क्षेत्र के सुखदेव पाल उर्फ नाटा की तलाश है। इस मामले में खड्डा तहसील के कुछ राजस्वकर्मी भी पुलिस की रडार पर हैं। पुलिस जल्द उनसे पूछताछ कर सकती है।

छोटे कद के नाटा के हाथ इतने लंबे हैं कि तहसील में उसने बहुत सारे लोगों को साधकर जमीनों की हेराफेरी कर दी। यही वजह है कि तहसील प्रशासन ने जब जांच शुरू की तो नाटा का नाम सामने आने पर बिना कार्रवाई किए फाइल बंद कर दी गई। अब जांच में जुटी गोरखपुर पुलिस नाटा के जरिये जमीनों के नामांतरण में हुए पूरे खेल को सामने लाना चाहती है। सूत्रों की मानें तो जांच की भनक लगने के बाद नाटा ने महराजगंज में भी अपना ठिकाना बदल दिया है।
विज्ञापन


दरअसल, यूपी और बिहार की सीमा पर गंडक नदी के दूसरे छोर पर शिवपुर, विंध्याचलपुर, महदेवा, सालिकपुर, महदेवा सहित 16 गांव हैं। ये गांव मदनपुर जंगल के पास हैं और यहां करीब 35 सौ एकड़ जमीन है। वर्ष 2010-11 में दोनों प्रदेशों की सीमा पर जमीन को आए दिन लेकर विवाद होने लगा। इसके बाद प्रशासन ने पत्थर लगाकर सीमांकन करा दिया। बाद में बाढ़ में पत्थर बह गए।
विज्ञापन
विज्ञापन

आरोप यह भी है कि कुछ भू-माफिया ने जानबूझकर पत्थर हटवा दिए। वर्ष 2016 में जब खड्डा तहसील बना तो पडरौना से लाए गए अभिलेखों में खेल शुरू हो गया। इसी समय सुखदेव पाल उर्फ नाटा सक्रिय हुआ और उसने नदी किनारे की जमीनों में हेराफेरी कर नामांतरण कराना शुरू किया। इसी दौरान उसने महराजगंज के सोहगीबरवा में नदी के किनारे मकान बनवा लिया और रहने लगा।

सूत्रों की मानें तो अब वह सोहगीबरवा इलाके में कम ही दिखता है। जल्द ही पुलिस उसके बारे में जानकारी हासिल करने खड्डा तहसील जा सकती है।
14 आरोपियों के खिलाफ कैंट थाने में दर्ज है केस
फर्जी परवाना के आधार पर जमीन अपने नाम करवाने वाले धंधेबाजों का खुलासा फरवरी में हुआ था। रुद्रपुर, देवरिया के 11 और खड्डा, कुशीनगर के तीन मामले पकड़े गए थे। इनमें लोगों ने फर्जी परवाना के आधार पर दूसरे की जमीन अपने नाम करा ली। सहायक अभिलेख अधिकारी (एआरओ) के पेशकार अंकुर श्रीवास्तव की तहरीर पर कैंट पुलिस ने 19 फरवरी 2025 को सभी के खिलाफ धोखाधड़ी और कूटरचित दस्तावेज तैयार करने का केस दर्ज किया गया था।

वर्जनफर्जी परवाना प्रकरण में शामिल कुछ नए लोगों की जानकारी हुई है। उनके बारे में भी जानकारी जुटाई जा रही है। इन लोगों से पूछताछ की जाएगी।
- योगेंद्र सिंह, सीओ कैंट
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed