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मरीज माफिया पर शिकंजा: बीआरडी चौकी पर बना रोगी रजिस्टर... मरीज की खरीद-फरोख्त पर पकड़े जाएंगे
Tue, 18 Mar 2025 12:37 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो
अमर उजाला ब्यूरो
अमर उजाला ब्यूरो
Published by: गोरखपुर ब्यूरो
Updated Tue, 18 Mar 2025 12:37 AM IST
सार
कुशीनगर से आए बृजेश अपने साले धर्मवीर पाल को मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया था। आराम नहीं मिलने पर उन्होंने मरीज दूसरे अस्पताल में लेकर गए। इससे पहले उन्होंने रोगी रजिस्टर में पूरा ब्योरा दर्ज कराया। इसी तरह प्रक्रिया पूरी कर खजनी के लक्की निषाद, सिद्धार्थनगर की नारायणी, देवरिया गौरीबाजार की अनीता, सलेमपुर के योगेश प्रसाद, बिहार के बगहा की चंद्रावती देवी को रेफर कराकर तीमारदार दूसरे हॉस्पिटल लेकर गए।
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बीआरडी मेडिकल कॉलेज
- फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
विस्तार
बीआरडी मेडिकल कॉलेज चौकी पर रोगी रजिस्टर बनाया गया है। अगर कोई मरीज की खरीद-फरोख्त करता है तो वह आसानी से पकड़ लिया जाएगा। डॉक्टर के रेफर करने या फिर तीमारदार खुद से मरीज दूसरे अस्पताल में ले जाते हैं तो उन्हें पहले सारा ब्योरा चौकी पर नोट कराना होगा। साथ ही जिस एंबुलेंस से लेकर जा रहे हैं, उसकी भी जानकारी देनी होगी। मरीज माफिया से निपटने के लिए यह पहल की गई है।
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दरअसल, बीते दिनों लगातार ऐसे मामले आए हैं, जिसमे बिचौलियों की मदद से बीआरडी मेडिकल कॉलेज से मरीजों को बेचने का मामला सामने आया। इसपर रोकथाम के लिए पुलिस चौकी पर रोगी रजिस्टर बनाया गया है।
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रोगी रजिस्टर में रेफर मरीज का नाम, पता, तीमारदार का मोबाइल नंबर, जिस हॉस्पिटल में ले जा रहे हैं उसका नाम, एंबुलेंस का नंबर, चालक का नाम पता व मोबाइल नंबर लिखा जा रहा है। इसके बाद तीमारदार एंबुलेंस या अन्य निजी वाहन से मरीज को लेकर दूसरे हॉस्पिटलों में जा रहे हैं।
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तीमारदार ब्योरा बताकर ले गए मरीज
कुशीनगर से आए बृजेश अपने साले धर्मवीर पाल को मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया था। आराम नहीं मिलने पर उन्होंने मरीज दूसरे अस्पताल में लेकर गए। इससे पहले उन्होंने रोगी रजिस्टर में पूरा ब्योरा दर्ज कराया।
इसी तरह प्रक्रिया पूरी कर खजनी के लक्की निषाद, सिद्धार्थनगर की नारायणी, देवरिया गौरीबाजार की अनीता, सलेमपुर के योगेश प्रसाद, बिहार के बगहा की चंद्रावती देवी को रेफर कराकर तीमारदार दूसरे हॉस्पिटल लेकर गए।
ट्रामा सेंटर पर भी पुलिस की निगरानी
बीआरडी मेडिकल कॉलेज के ट्रामा सेंटर पर अधिकतर मरीज दूर दराज से गंभीर हालत में आते हैं। पुलिस को सूचना मिली है कि यहां पर बिचौलिया भी सक्रिय रहते हैं। इसको देखते हुए पुलिस कर्मी थोड़ी-थोड़ी देर पर ट्रामा सेंटर का भी चक्कर लगाते रहते हैं।
कहीं कोई संदिग्ध दिखने पर उससे पूछताछ भी की जा रही है। मेडिकल कॉलेज के अंदर और बाहर दोनों ही जगहाें पर बिचौलिया को पकड़ने के लिए पुलिस ने सक्रियता बढ़ा दी है।
शिकायत मिलने पर मरीजों की खरीद फरोख्त करने वालों पर कार्रवाई की जा रही है। मेडिकल कॉलेज के बाहर और अंदर बिचौलिया सक्रिय न हों, इसके लिए पुलिस सक्रियता बरत रही है:रवि कुमार सिंह, सीओ गोरखनाथ