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एमएमएमयूटी : 57.51 करोड़ की परियोजनाओं को मिली मंजूरी
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गोरखपुर। मदन मोहन मालवीय प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय (एमएमएमयूटी) में सोमवार को वित्त समिति और प्रबंध बोर्ड की बैठक में 57.51 करोड़ की परियोजना को मंजूरी प्रदान की गई। इसमें कई पुराने भवनों के जीर्णोद्धार और कई के नवनिर्माण के प्रस्ताव को भी समिति और बोर्ड की स्वीकृति प्राप्त हुई। इनमें प्रयोगशालाओं के उच्चीकरण, जर्जर हाॅस्टल के जीर्णोद्धार, परीक्षा भवन व एलुमिनाई कन्वेंशन सेंटर का निर्माण, विश्वविद्यालय के स्टेडियम में सिंथेटिक ट्रैक का निर्माण और 512 छात्रों की क्षमता वाले एसी हास्टल का निर्माण जैसे प्रस्ताव शामिल हैं।
कुलपति प्रो. जेपी सैनी की अध्यक्षता में बारी-बारी से हुई वित्त समिति और प्रबंध बोर्ड में इसके साथ ही कई अन्य महत्वपूर्ण प्रस्तावों पर स्वीकृति की मुहर लगी। सभी प्रस्तावों को बोर्ड के सामने विश्वविद्यालय के कुलसचिव दुर्गेश मिश्रा ने रखा। वित्त समिति और प्रबंध बोर्ड ने गुणवत्तायुक्त शोध, शोध प्रकाशन व पेटेंट को बढ़ावा देने के लिए पुरस्कार के प्रारूप और इसकी राशि को भी अनुमोदन प्रदान किया। इस योजना में शोध छात्रों को सम्मेलन में प्रतिभाग करने के लिए वित्तीय सहायता प्रदान की व्यवस्था भी की गई है।
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संविदा शिक्षकों को भी मिलेगा विशेष आकस्मिक अवकाश
एमएमएमयूटी में नियमित शिक्षकों के साथ-साथ संविदा शिक्षकों को अकादमिक गतिविधियों में हिस्सा लेने के लिए 14 दिन का विशेष आकस्मिक अवकाश मिलेगा। साथ ही सक्षम स्तर से अनुमोदित होने पर ड्यूटी अवकाश भी स्वीकृत होगा। अब तक संविदा शिक्षकों के लिए 14 दिन का आकस्मिक अवकाश और 10 दिन का चिकित्सा अवकाश ही मान्य था। नई व्यवस्था में संविदा पर कार्यरत महिला शिक्षकों को प्रसूति अवकाश मिलने की व्यवस्था भी बन गई है। इसे लेकर विश्वविद्यालय के प्रस्ताव को प्रबंध बोर्ड ने मंजूर कर लिया है।
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बोर्ड से मंजूर कुछ महत्वपूर्ण प्रस्ताव
- रसायन अभियंत्रण, भौतिकी, सूचना प्रौद्योगिकी, इलेक्ट्रानिक्स इंजीनियरिंग व कंप्यूटर साइंस विभागों में प्रयोगशालाओं के उच्चीकरण के लिए पांच करोड़ 72 लाख रुपये की मंजूरी।
- उच्च स्तरीय शोध, शोध प्रकाशनों, एवं पेटेंट को बढ़ावा देने हेतु प्रोत्साहन योजना को मंजूरी।
- सह शैक्षणिक गतिविधियों को बढ़ावा देने के लिए खेल उपकरण, वाद्य यंत्र आदि अन्य सामग्री क्रय के लिए 67.75 लाख रुपये को मंजूरी।
- शहीद बंधु सिंह स्टेडियम में 400 मीटर सिंथेटिक ट्रैक का निर्माण के लिए 9 करोड़ 60 लाख रुपये की मंजूरी।
- विश्वविद्यालय के 18 व्याख्यान कक्षों को स्मार्ट क्लास के रूप में स्थापित किए जाने के लिए दो करोड़ 20 लाख रुपये की मंजूरी।
- विश्वविद्यालय के चार पुराने हास्टल के जीर्णोद्धार के लिए 23 करोड़ 64 लाख रुपये के बजट की मंजूरी।
- 512 छात्रों की क्षमता वाले एसी हास्टल के निर्माण के 44 करोड़ 46 लाख के प्रस्ताव को मंजूरी।
- कर्मचारियों के लिए 30 टाइप-3 आवास के निर्माण को मंजूरी।
- चार करोड़ 41 लाख की लागत से एलुमनी कन्वेंशन सेंटर के निर्माण को मंजूरी।
- परीक्षा भवन के निर्माण की 10 करोड़ 67 लाख रुपये की योजना को मंजूरी।
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शोध प्रोत्साहन के क्रम में मिलने वाली धनराशि
अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन के लिए अधिकतम धनराशि : 50 हजार
राष्ट्रीय सम्मेलन के लिए अधिकतम धनराशि : 10 हजार
उत्कृष्ट अनुसंधान पुरस्कार : दो लाख रुपये प्रति शोधपत्र
प्रीमियम अनुसंधान पुरस्कार :. 50 हजार रुपये प्रति शोध पत्र
सराहनीय अनुसंधान पुरस्कार : 20 हजार प्रति शोध पत्र
अंतरराष्ट्रीय पेटेंट (यूएस व यूके ) के लिए : 500 हजार रुपये
राष्ट्रीय पेटेंट : 20 हजार रुपये
बाह्य सहायता प्राप्त अनुसंधान परियोजना प्राप्त होने पर ओवरहेड धनराशि : अधिकतम 10 हजार रुपये
परियोजना की धनराशि 10 लाख से 99 लाख होने की दशा में पुरस्कार की राशि : 10 हजार रुपये
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कुलपति प्रो. जेपी सैनी की अध्यक्षता में बारी-बारी से हुई वित्त समिति और प्रबंध बोर्ड में इसके साथ ही कई अन्य महत्वपूर्ण प्रस्तावों पर स्वीकृति की मुहर लगी। सभी प्रस्तावों को बोर्ड के सामने विश्वविद्यालय के कुलसचिव दुर्गेश मिश्रा ने रखा। वित्त समिति और प्रबंध बोर्ड ने गुणवत्तायुक्त शोध, शोध प्रकाशन व पेटेंट को बढ़ावा देने के लिए पुरस्कार के प्रारूप और इसकी राशि को भी अनुमोदन प्रदान किया। इस योजना में शोध छात्रों को सम्मेलन में प्रतिभाग करने के लिए वित्तीय सहायता प्रदान की व्यवस्था भी की गई है।
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संविदा शिक्षकों को भी मिलेगा विशेष आकस्मिक अवकाश
एमएमएमयूटी में नियमित शिक्षकों के साथ-साथ संविदा शिक्षकों को अकादमिक गतिविधियों में हिस्सा लेने के लिए 14 दिन का विशेष आकस्मिक अवकाश मिलेगा। साथ ही सक्षम स्तर से अनुमोदित होने पर ड्यूटी अवकाश भी स्वीकृत होगा। अब तक संविदा शिक्षकों के लिए 14 दिन का आकस्मिक अवकाश और 10 दिन का चिकित्सा अवकाश ही मान्य था। नई व्यवस्था में संविदा पर कार्यरत महिला शिक्षकों को प्रसूति अवकाश मिलने की व्यवस्था भी बन गई है। इसे लेकर विश्वविद्यालय के प्रस्ताव को प्रबंध बोर्ड ने मंजूर कर लिया है।
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बोर्ड से मंजूर कुछ महत्वपूर्ण प्रस्ताव
- रसायन अभियंत्रण, भौतिकी, सूचना प्रौद्योगिकी, इलेक्ट्रानिक्स इंजीनियरिंग व कंप्यूटर साइंस विभागों में प्रयोगशालाओं के उच्चीकरण के लिए पांच करोड़ 72 लाख रुपये की मंजूरी।
- उच्च स्तरीय शोध, शोध प्रकाशनों, एवं पेटेंट को बढ़ावा देने हेतु प्रोत्साहन योजना को मंजूरी।
- सह शैक्षणिक गतिविधियों को बढ़ावा देने के लिए खेल उपकरण, वाद्य यंत्र आदि अन्य सामग्री क्रय के लिए 67.75 लाख रुपये को मंजूरी।
- शहीद बंधु सिंह स्टेडियम में 400 मीटर सिंथेटिक ट्रैक का निर्माण के लिए 9 करोड़ 60 लाख रुपये की मंजूरी।
- विश्वविद्यालय के 18 व्याख्यान कक्षों को स्मार्ट क्लास के रूप में स्थापित किए जाने के लिए दो करोड़ 20 लाख रुपये की मंजूरी।
- विश्वविद्यालय के चार पुराने हास्टल के जीर्णोद्धार के लिए 23 करोड़ 64 लाख रुपये के बजट की मंजूरी।
- 512 छात्रों की क्षमता वाले एसी हास्टल के निर्माण के 44 करोड़ 46 लाख के प्रस्ताव को मंजूरी।
- कर्मचारियों के लिए 30 टाइप-3 आवास के निर्माण को मंजूरी।
- चार करोड़ 41 लाख की लागत से एलुमनी कन्वेंशन सेंटर के निर्माण को मंजूरी।
- परीक्षा भवन के निर्माण की 10 करोड़ 67 लाख रुपये की योजना को मंजूरी।
शोध प्रोत्साहन के क्रम में मिलने वाली धनराशि
अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन के लिए अधिकतम धनराशि : 50 हजार
राष्ट्रीय सम्मेलन के लिए अधिकतम धनराशि : 10 हजार
उत्कृष्ट अनुसंधान पुरस्कार : दो लाख रुपये प्रति शोधपत्र
प्रीमियम अनुसंधान पुरस्कार :. 50 हजार रुपये प्रति शोध पत्र
सराहनीय अनुसंधान पुरस्कार : 20 हजार प्रति शोध पत्र
अंतरराष्ट्रीय पेटेंट (यूएस व यूके ) के लिए : 500 हजार रुपये
राष्ट्रीय पेटेंट : 20 हजार रुपये
बाह्य सहायता प्राप्त अनुसंधान परियोजना प्राप्त होने पर ओवरहेड धनराशि : अधिकतम 10 हजार रुपये
परियोजना की धनराशि 10 लाख से 99 लाख होने की दशा में पुरस्कार की राशि : 10 हजार रुपये