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Gorakhpur News: गोला में अवैध रूप से संचालित अस्पताल सील
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गोरखपुर। गोला कस्बे के अस्पताल रोड स्थित श्री बालाजी हॉस्पिटल एंड मैटरनिटी होम को सील कर दिया गया है। यह अस्पताल आयुर्वेदिक और यूनानी विधि से संचालन के लिए पंजीकृत था, लेकिन यहां एलोपैथिक विधि से इलाज के अलावा पोर्टेबल अल्ट्रासाउंड मशीन से मरीजों की जांच भी होती थी। स्वास्थ्य विभाग और प्रशासन की टीम ने इस मशीन को कब्जे में ले लिया है।
स्वास्थ्य विभाग से मिली जानकारी के अनुसार श्री बालाजी हॉस्पिटल एवं मैटरनिटी होम का पंजीकरण डॉ. बबिता गुप्ता और डॉ. संजय गुप्ता ने जिला आयुर्वेदिक एवं यूनानी अधिकारी गोरखपुर के यहां करा रखा है। इसकी आड़ में आठ बेड का एलोपैथ अस्पताल संचालित किया जा रहा था। यहां मरीजों को भर्ती कर इलाज किया जाता था। इसके अलावा पोर्टेबल अल्ट्रासाउंड मशीन से मरीजों का अल्ट्रासाउंड भी चल रहा था।
इसी परिसर में एलोपैथिक मेडिकल स्टोर भी चलाया जा रहा था। टीम ने छापा मारा और पोर्टेबल अल्ट्रासाउंड मशीन को कब्जे में लेकर अस्पताल को सील कर दिया गया। हालांकि मेडिकल स्टोर पंजीकृत है। इस कार्रवाई से हड़कंप मच गया।
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बता दें कि बीते फरवरी में एक अवैध अस्पताल में मरीज की मौत के बाद जिले भर में जांच शुरू हुई थी। उस दौरान कई अवैध अस्पतालों को सील भी किया गया था, लेकिन यह अवैध अस्पताल संचालित हो रहा था।
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स्वास्थ्य विभाग से मिली जानकारी के अनुसार श्री बालाजी हॉस्पिटल एवं मैटरनिटी होम का पंजीकरण डॉ. बबिता गुप्ता और डॉ. संजय गुप्ता ने जिला आयुर्वेदिक एवं यूनानी अधिकारी गोरखपुर के यहां करा रखा है। इसकी आड़ में आठ बेड का एलोपैथ अस्पताल संचालित किया जा रहा था। यहां मरीजों को भर्ती कर इलाज किया जाता था। इसके अलावा पोर्टेबल अल्ट्रासाउंड मशीन से मरीजों का अल्ट्रासाउंड भी चल रहा था।
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इसी परिसर में एलोपैथिक मेडिकल स्टोर भी चलाया जा रहा था। टीम ने छापा मारा और पोर्टेबल अल्ट्रासाउंड मशीन को कब्जे में लेकर अस्पताल को सील कर दिया गया। हालांकि मेडिकल स्टोर पंजीकृत है। इस कार्रवाई से हड़कंप मच गया।
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बता दें कि बीते फरवरी में एक अवैध अस्पताल में मरीज की मौत के बाद जिले भर में जांच शुरू हुई थी। उस दौरान कई अवैध अस्पतालों को सील भी किया गया था, लेकिन यह अवैध अस्पताल संचालित हो रहा था।