फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Gorakhpur News ›   In Gorakhpur, Girls went missing in a dramatic manner, a false kidnapping story was fabricated

गोरखपर में लापता बच्चियां! नाटकीय ढंग से लापता हो गईं बच्चियां...खुद गढ़ी अपहरण की कहानी- जानिए क्यों

Wed, 19 Mar 2025 01:04 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो अमर उजाला ब्यूरो
अमर उजाला ब्यूरो Published by: गोरखपुर ब्यूरो Updated Wed, 19 Mar 2025 01:04 AM IST
सार

तीनों बच्चियों ने बताया कि आपस में बातकर घूमने निकली थीं। चाउमीन और मोमोज खाने का प्लान बनाया था। घर पर ये भी बताया गया था कि स्कूल से मुजौली में चल रहे यज्ञ में जाएंगे। एक साथ घूमने निकले तो गोरखपुर शहर में भी जाने के बारे में सोचा, लेकिन पैदल चलकर इतना थक गए थे कि आगे जाने की हिम्मत नहीं हुई और देर भी हो गई थी।

विज्ञापन
In Gorakhpur, Girls went missing in a dramatic manner, a false kidnapping story was fabricated
पिता की गोद में अराध्या, कुर्सी पर बैठी साक्षी और प्रियांशी - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी

विस्तार

गोरखपुर। सहजनवां में सोमवार दोपहर के समय स्कूल से निकलीं तीन बच्चियां लापता हो गईं। इसमें मांट गांव की साक्षी (08) व प्रियांशी (08) आदर्श पब्लिक स्कूल में कक्षा चार और जालेपार की आराध्या (05) एलकेजी में पढ़ती हैं। नाटकीय ढंग से ये बच्चियां घर से सात किमी दूर मिलीं।

विज्ञापन


जानकारी पर परिजन पहुंचे तो बच्चियों ने बताया कि उनका एक कार वाले ने अपहरण कर लिया था। शोर मचाने पर लुचई में छोड़कर भाग गए। इसके बाद सूचना पर पहुंची सहजनवां पुलिस ने बयान लिया।
विज्ञापन


बयान के आधार पर पुलिस सीसीटीवी कैमरे और अन्य माध्यमों से दो घंटे तक जांच पड़ताल की। जब अपहरण के कहीं कोई साक्ष्य नहीं मिले, तब पुलिस फिर बच्चियों के घर पहुंची और उनसे पूछताछ शुरू की। परिजनों ने भी कहा कि सही बताओ, कोई कुछ नहीं कहेगा। तब उन्होंने बताया कि वे घूमने निकल गई थीं।
विज्ञापन
विज्ञापन


ज्यादा आगे बढ़ने पर रास्ता भटक गईं। देर होने पर एक आइसक्रीम वाले के मोबाइल से कॉल कर घरवालों को सूचना दी। इससे पहले मार खाने से बचने के लिए अपहरण की झूठी कहानी गढ़ दी।

मार खाने से डरकर रची झूठी कहानी
सहजनवां पुलिस ने बताया कि एक जनप्रतिनिधि के माध्यम से सूचना मिली थी कि तीन बच्चियां लापता हो गई हैं। अभी खोजबीन शुरू की गई थी, तभी पता चला कि बच्चियां मिल गई हैं। तीनों बच्चियों ने बताया कि आपस में बातकर घूमने निकली थीं।

चाउमीन और मोमोज खाने का प्लान बनाया था। घर पर ये भी बताया गया था कि स्कूल से मुजौली में चल रहे यज्ञ में जाएंगे। एक साथ घूमने निकले तो गोरखपुर शहर में भी जाने के बारे में सोचा, लेकिन पैदल चलकर इतना थक गए थे कि आगे जाने की हिम्मत नहीं हुई और देर भी हो गई थी।

तभी एक आइसक्रीम वाला दिखा और उसके मोबाइल से कॉल कर आराध्या ने अपने परिजनों को बताया। बच्चियों ने कहा कि हमलोग बहुत डरे हुए थे, इसलिए घर पर झूठी कहानी बताई।

बोले परिजन- भक्सा कांड याद कर कांप गई रूह
मांट के अवधराज ने बताया कि बेटी प्रियांशी रोज की तरह सुबह स्कूल गई थी। शाम होने के बाद भी जब वापस नहीं आई तो हमलोग डर गए। यहां बगल के ही भक्सा गांव में दो बच्चों की निर्मम हत्या कर दी गई थी। इस घटना को याद कर रूह कांप कई और बार-बार किसी अनहोनी का डर सता रहा था।

जाल्हेपार के अजय कुमार ने बताया-बेटी आराध्या एलकेजी में पढ़ती है, उसके झूठ बोलने से हमलोग हैरान हैं। आगे से उसका दोस्त बनकर बात करूंगा, ताकि वो बिना डरे हर बात बताए। मांंट के हरिकेश सिंह ने बताया-बेटी साक्षी बहुत डरी हुई है, उसको घर पर किसी ने भी नहीं डांटा।

उसे समझाया गया है कि झूठ कभी मत बोलना। सही बोलने पर हर भूल माफ है। वहीं परिजन बच्चों के अपहरण की कहानी सुनकर हैरान हैं। उनके दिमाग में कहां से ये बात आई, यह परिजन यह जानना चाह रहे हैं।

वर्जन
बच्चियों के अपहरण की सूचना पर पुलिस घंटों परेशान रही। जांच पड़ताल में कुछ भी नहीं मिलने पर बच्चियों से पूछताछ शुरू हुई तो सारी सचाई सामने आ गई: जितेंद्र कुमार श्रीवास्तव, एसपी उत्तरी

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed